हाई ब्लड प्रेशर से क्यों होता है हार्ट अटैक?

By Medically reviewed by Dr. Radhika apte

हाई ब्लड प्रेशर कई तरह के दिल के रोगों का प्रुमख कारण है। कार्डियोवेस्क्युलर बीमारी जैसे हार्ट फेल होना, स्ट्रोक और हार्ट अटैक की वजह से मौत के मामले हाई ब्लड प्रेशन वाले लोगों में ज्यादा देखे गए हैं। बात करें हार्ट अटैक की तो सिस्टॉलिक या डायस्टॉलिक दोनों तरह के ब्लड प्रेशर का बढ़ना एक खतरा है। जितना ज्यादा प्रेशर बढ़ता है खतरा उतना ज्यादा होता है भले ही व्यक्ति को दूसरे खतरे जैसे डायबिटीज ,स्मोकिंग की आदत, बढ़ा हुआ कोलेस्ट्रॉल न हो।

क्यों आता है हार्ट अटैक ?

जब किसी ब्लॉकेज खासकर कोलेस्ट्रॉल के कारण दिल को खून नहीं मिल पाता है तब हार्ट अटैक आता है।। जब दिल की रक्त वाहिकाओं में किसी तरह के अवरोध के कारण उसे खून नहीं मिल पाता या पर्याप्त मात्रा में नहीं मिल पाता तो वो मर जाती हैं। धमनियां चूंकि तीन होती हैं इसलिए दिल के जितने हिस्से को प्रभावित धमनी से खून मिल रहा था, दिल का उतना हिस्सा भी मर जाता है जबकि शेष दो धमनियों में मिलने वाले खून के सहारे दिल का बाकी हिस्सा चलता रहता है।

इस कारण अगर कार्डियक अरेस्ट हो गया तो मरीज की मौत कुछ ही मिनटों में हो जाती है जबकि दिल पूरी तरह से नहीं रूका तो जान बच भी सकती है। हार्ट अटैक कई तरह से आता है। सामान्य तौर पर सीने में दबाव, दर्द, जकड़न, सनसनाहट जो सीने से हाथ तक जाने के अहसास होते हैं। हालांकि, हर व्यक्ति को अलग-अलग तरह के अहसास होते हैंhigh bp

हाई ब्लड प्रेशर और हार्ट अटैक का संबंध 

हाई ब्लड प्रेशर दिल से जुड़ी धमनियों पर अत्यधिक दबाव बनाता है। वक्त के साथ इस अत्यधिक दबाव की वजह से धमनियों की दीवारें क्षतिग्रस्त होने लगती हैं। क्षतिग्रस्त या खाली जगह पर कोलेस्ट्रॉल  जैसी कई तरह की रुकावट और जैदा जमने लगती है जिससे धमनियों के अंदर का हिस्सा सकरा हो जाता है। इसके अलावा ब्लड क्लॉट्स या अन्य तरह के जमाव खून को रोकते हैं, जिससे दिल तक जरूरी पोषक तत्व और ऑक्सिजन पहुंचना रूक जाती है। इसकी वजह से व्यक्ति की मौत हो जाती है।

सीने में दर्द के अलावा हार्ट अटैक में हाथ में दर्द होता है। वहीं ये दर्द पीठ, गर्दन और जबड़े तक भी पहुंच जाता है। ऐसी स्थिति में घबराहट, सांस अटकना, पेट में दर्द जैसे लक्षण भी एकसाथ दिखाई देते हैं। कई हार्ट अटैक ऐसे भी होते हैं कि व्यक्ति में कोई लक्षण नजर नहीं आते। लेकिन अच्छी बात ये है कि ज्यादातर लोगों में हार्ट आने के कुछ दिन, हफ्ते या महीने पहले ही इसके लक्ष्रण दिखाई देने लगते हैं।

अगर आपको अपनी समस्या को लेकर कोई सवाल है, तो कृपया अपने डॉक्टर से परामर्श लेना ना भूलें। हैलो हेल्थ ग्रुप Hello Health Group किसी भी तरह के चिकित्सा परामर्श और इलाज नहीं देता है।

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रिव्यू की तारीख जुलाई 8, 2019 | आखिरी बार संशोधित किया गया जुलाई 8, 2019

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