प्रेग्नेंसी के दौरान मास्टरबेशन (Masturbation) कितना सही है? जानिए यहां

By Medically reviewed by Dr. Radhika apte

प्रेग्नेंसी के दौरान मास्टरबेशन कितना सही है? जानिए यहां

जानिए, क्या प्रेग्नेंसी मास्टरबेशन कर सकते हैं या नहीं?

मास्टरबेशन Masturbation को लेकर लोगों में कई तरह के मिथक फैले हुए हैं। जबकि, मास्टरबेशन प्राकृतिक क्रिया होती है, जो महिला और पुरूष दोनों के लिए पूरी तरह से सुरक्षित होता है। कई मामलों में, प्रेग्नेंसी के दौरान सेक्स करना मां और गर्भ में पल रहे भ्रूण दोनों के लिए खतरा बन सकता है। लेकिन, मास्टरबेशन करना कितना सही है? मास्टरबेशन कितना सुरक्षित या खतरनाक हो सकता है मां या बच्चे के लिए? आज हम इसी के बारे में बात करने वाले हैं।

प्रेग्नेंसी में मास्टरबेशन करने का प्रभाव

कुछ प्रेग्नेंट महिलाओं में सेक्स को लेकर इच्छा खत्म हो जाती है, तो कुछ महिलाओं में सेक्स के प्रति इच्छा बढ़ भी जाती है। ऐसे में मास्टरबेशन सही तरीका हो सकता है। लो रिस्क प्रेग्नेंसी में मास्टरबेशन करना किसी भी महिला या उसके भ्रूण पर कोई विपरीत प्रभाव नहीं डालता है। वहीं, अगर किसी गर्भवती को हाई रिस्क प्रेग्नेंसी है, तो ऑर्गेज्म के कारण लेबर में जाने की संभावना बढ़ सकती है। आमतौर पर महिलाओं में, मास्टरबेशन की आदत किशोरावस्‍था से शुरू होती है और वो शादी के बाद पति के साथ रहते हुए इस आदत को जारी रखती हैं। जो बेहद आम होता है।

प्रेग्नेंसी के दौरान मास्टरबेशन कब नहीं करना चाहिए?

  • अगर प्रेंग्नेंसी के दौरान योनि से किसी भी प्रकार की ब्लीडिंग होती है तो मास्टरबेशन नहीं करना चाहिए।
  • अगर आप मास्टरबेशन के लिए किसी तरह के उपकरण या खिलौने का उपयोग करती हैं, तो प्रेग्नेंसी के दौरान इनका उपयोग न करें।
  • डिलिवरी का समय करीब हो, तो इससे बचे रहें।
  • इसके अलावा, प्रेग्नेंसी में मास्टरबेशन बहुत ही सावधानी से करना चाहिए, ताकि इससे पानी की थैली पर कोई दबाव न पड़े।

प्रेगनेंसी के दौरान मास्टरबेशन करने के फायदे

आपको प्रेग्नेंसी के दौरान मास्टरबेशन करने के नीचे बताए गए फायदे हो सकते हैं :

  • बार-बार उल्टी आना कम हो सकता है।
  • कमर दर्द में राहत मिलती है।
  • पैर में आई हुई सूजन कम करने में मददगार होता है।
  • तनाव दूर करता है।
  • चिड़चिड़ेपन से बचा सकता है।
  • नींद न आने की समस्या दूर हो सकती है।
  • बिना किसी सेक्स पोजीशन के बगैर इसे काफी आसानी से किया जा सकता है।
  • मास्टरबेशन से गर्भवती के पेट पर दबाव पड़ने की संभावना भी नहीं रहती।

 

कुछ महिलाएं सेक्स या मास्टरबेशन के दौरान आर्गेज्‍म तक पहुंचने के बाद पेट में हल्की ऐंठन महसूस करती हैं। इसकी वजह से उन्हें दर्द का एहसास हो सकता है। यह मांसपेशियों के संकुचन के कारण होता है, जो कि प्राकृतिक है। इसके दौरान गर्भाशय की नली थोड़ी खुल जाती है, जो कुछ समय बाद अपने आप ही बंद भी हो जाती है।

हालांकि, प्रेंग्नेंसी के आठवें या नौवें महीने में इस तरह की स्थिति से बच्चे का प्रसव समय से पहले हो सकता है। क्योंकि, योनि में वीर्य गर्भाशय ग्रीवा (uterine cervix) को नरम कर देता है, जिससे उसकी नली खुल सकती है। लेकिन, जिन महिलाओं को मास्टरबेशन से आर्गेज्‍म के प्राप्ति नहीं होती, उनके लिए यह बेहद ही सुरक्षित तरीका हो सकता है अपनी यौन इच्छा की पूर्ति करने के लिए। हालांकि, इस दौरान साफ-सफाई का बेहद ध्यान रखें।

जैसा कि, हर महिला की शारिरिक स्थित अलग होती है, तो इस बारे में एक बार डॉक्टर से सलाह करना बेहतर हो सकता है।

 

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रिव्यू की तारीख जुलाई 5, 2019 | आखिरी बार संशोधित किया गया जुलाई 5, 2019