Levofloxacin: लिवोफ्लॉक्सासिन क्या है? जानिए इसके उपयोग, साइड इफेक्ट्स और सावधानियां

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Update Date जुलाई 2, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें
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उपयोग

लिवोफ्लॉक्सासिन (Levofloxacin) का इस्तेमाल किस लिए होता है?

लिवोफ्लॉक्सासिन का इस्तेमाल कई प्रकार के बैक्टीरियल इंफेक्शन के उपचार में होता है। लिवोफ्लॉक्सासिन क्युनोलोन (Quinolone antibiotics) एंटीबायोटिक्स ड्रग क्लास से संबंधित है। यह दवा सिर्फ बैक्टीरियल इंफेक्शन में कारगर है। यह वायरल इंफेक्शन (खांसी-जुकाम सर्दी) में काम नहीं करती है। आवश्यकता ना रहने पर किसी भी एंटीबायोटिक दवा का इस्तेमाल करने से भविष्य में यह कारगर साबित नहीं होती हैं।

मैं लिवोफ्लॉक्सासिन (Levofloxacin) का इस्तेमाल कैसे करूं?

लिवोफ्लॉक्सासिन का इस्तेमाल करने से पहले फार्मासिस्ट द्वारा दी गई मेडिसिन गाइड को सावधानी पूर्वक पढ़ें। हर बार आपको एक रीफिल मिलेगा। यदि आपको दिमाग में इस संबंध में कोई सवाल है तो अपने फार्मासिस्ट या डॉक्टर से पूछें। डॉक्टर की सलाह के अनुसार इस दवा को सीधे मुंह से लें। आमतौर पर लिवोफ्लॉक्सासिन का सेवन खाली पेट या खाने के साथ किया जाता है। इस दवा के सेवन के दौरान पर्याप्त मात्रा में फ्लूइड लें। ऐसा आपको जब तक करना है तब तक कि डॉक्टर आपको इसके लिए मना नहीं करता।

दूसरी दवाइयों का सेवन करने के दौरान दो घंटा पहले या बाद में लिवोफ्लॉक्सासिन का सेवन करें। अन्य प्रोडक्ट के साथ इस दवा को लेने से इसकी प्रभाविकता कम हो सकती है। उदाहरण के लिए क्युनाप्रिल (quinapril), सुक्रफ्लेट (sucralfate), विटामिन्स/ मिनरल्स (आयरन, जिंक को मिलाकर) और अन्य प्रोडक्ट्स जिनमें मैग्नीशियम, एल्युमीनियम या कैल्शियम (जैसे एंटासिड (antacids), डिडानोसाइन सॉल्युशन (didanosine solution), कैल्शियम से भरपूर जूस) और अन्य दवाइयों के साथ इसे ना लें। आप जिन प्रोडक्ट्स का सेवन कर रहे हैं उनकी जानकारी अपने डॉक्टर को दें।

लिवोफ्लॉक्सासिन का डोज और इसकी स्ट्रेंथ आपकी मेडिकल कंडिशन और इलाज के प्रति बॉडी की प्रतिक्रिया पर निर्भर करेगी। बच्चों में इसका डोज उनके वजन पर निर्भर होता है। इस दवा का अधिकतम लाभ उठाने के लिए अंतराल में इसका सेवन करें। अपने आपको याद दिलाने के लिए प्रतिदिन एक ही समय पर लिवोफ्लॉक्सासिन का सेवन करें। यहां तक कि कुछ दिनों में समस्या के लक्षण गायब होने पर भी डॉक्टर की सुझाई गई खुराक और अवधि तक लिवोफ्लॉक्सासिन का सेवन जारी रखें। तय समय से पहले इस दवा का सेवन बंद करने से इंफेक्शन वापस आ सकता है। यदि आपकी स्थिति में सुधार नहीं होता है या बदतर होती है तो अपने डॉक्टर को सूचित करें।

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साइड इफेक्ट्स

लिवोफ्लॉक्सासिन (Levofloxacin) के क्या साइड इफेक्ट्स हैं?

उबकाई आना, डायरिया, सिर दर्द, चक्कर आना, सिर हल्का होना या सोने में परेशानी आना। यदि यह साइड इफेक्ट्स लंबे वक्त तक रहते हैं या स्थिति बदतर होती है तो तुरंत ही अपने डॉक्टर या फार्मासिस्ट को इसकी जानकारी दें। इस बात का ध्यान रहे कि आपका डॉक्टर लिवोफ्लॉक्सासिन के नुकसान से ज्यादा इसके फायदों का आंकलन करके इसका सेवन करने की सलाह देगा। ऐसे कई लोग हैं, जो लिवोफ्लॉक्सासिन का इस्तेमाल कर रहे हैं और उन्हें गंभीर साइड इफेक्ट्स नहीं हुए हैं। असमान्य खरोंच/ब्लीडिंग, किडनी की समस्या के लक्षण (यूरिन की मात्रा में बदलाव), लिवर की समस्या के संकेत (उबकाई/ उल्टी का बंद ना होना, ऐप्टेटाइट में कमी, पेट दर्द, त्वचा/आंख का पीला पड़ना, गाढ़ा यूरिन आना) जैसे गंभीर साइड इफेक्ट्स नजर आते हैं, तो तत्काल ही डॉक्टर से संपर्क करें।

सीने में दर्द, गंभीर चक्कर आना, बेहोशी, दिल की धड़कन का तेज/अनियमित होना, एरोटा में टीयरिंग के लक्षण (अचानक से पेट, सीने, पीठ में दर्दखांसी, सांसों का छोटा होना) जैसे बेहद ही गंभीर साइड इफेक्ट्स सामने आने पर तुरंत आपत चिकित्सा मदद लें। इस दवा से शायद ही आंत की एक समस्या (डायरिया से जुड़ी हुई क्लोस्ट्रिडिअम डिफिसाइल समस्या) हो। यह एक प्रकार के रेसिस्टेंट बैक्टीरिया की वजह से होती है। यह स्थिति इलाज के दौरान या इलाज के कुछ हफ्तों से लेकर महीनों बाद सामने आ सकती है। यदि आपको डायरिया, पेट दर्द/ ऐंठन, स्टूल में ब्लड या म्युकस आना, जैसी परेशानियां आती हैं तो तुरंत डॉक्टर को सूचित करें।

यदि आपकी बॉडी में उपरोक्त में से कोई भी लक्षण सामने आता है तो एंटी डायरिया या नशीली दवाइयों का सेवन बिल्कुल भी न करें। यह आपकी हालत को और खराब कर सकते हैं। लंबे वक्त या बार-बार लिवोफ्लॉक्सासिन का इस्तेमाल करने से आपको मुंह के छाले या यीस्ट इंफेक्शन हो सकता है। यदि आपको अपने मुंह पर पैचेस नजर आते हैं तो इसकी सूचना डॉक्टर को दें। इसके साथ ही वजायनल डिस्चार्ज में बदलाव या नई लक्षण नजर आने पर डॉक्टर को सूचित करें।

हालांकि, इस दवा के गंभीर एलर्जिक रिएक्शन बेहद ही दुर्लभ मामलों में सामने आते हैं। गंभीर एलर्जिक रिएक्शन जैसे लालिमा पड़ना, खुजली/ सूजन (विशेषकर चेहरे, जुबान, गले की सूजन), गंभीर रूप से चक्कर आना, सांस लेनें में दिक्कत होने जैसे लक्षण सामने आने पर अपने डॉक्टर से संपर्क करें। लिवोफ्लॉक्सासिन के उपरोक्त साइड इफेक्ट्स के अलावा भी कुछ दुष्प्रभाव हो सकते हैं। यदि आपको इसके गंभीर साइड इफेक्ट्स होते हैं तो डॉक्टर से संपर्क करें।

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सावधनियां और चेतावनी

लिवोफ्लॉक्सासिन (Levofloxacin) का इस्तेमाल करने से पहले मुझे क्या पता होना चाहिए?

यदि आपको निम्नलिखित दिक्कतें हैं तो लिवोफ्लॉक्सासिन का इस्तेमाल करने से पहले इसकी सूचना अपने डॉक्टर या फार्मासिस्ट को दें:

  • यदि आपको लिवोफ्लॉक्सासिन या अन्य क्युनोलोन एंटीबायोटिक्स (quinolone antibiotics) (सिप्रोफ्लॉक्सासिन (ciprofloxacin), मोक्सीफ्लॉक्सासिन (moxifloxacin), ओफलोक्सासिन (moxifloxacin)) पदार्थ से एलर्जी हो। इसके अतिरिक्त यदि आपको अन्य प्रकार की एलर्जी हो, जिससे रिएक्शन या परेशानी होने की संभावना हो। अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से संपर्क करें।
  • यदि विगत समय में आपको डायबिटीज, जॉइंट्स की समस्या (टेंडोनाइटिस, बुरसिटिस), किडनी से जुड़ी समस्या, दिमागी समस्या (डिप्रैशन), कुछ मासपेशियों समस्या (मायस्थेनिया ग्रेविस (myasthenia gravis)), नर्व की समस्याएं (पेरिफेरियल न्यूरोपैथी), दौरा पड़ना, रक्त वाहिकाओं की समस्या (एन्युरस्म या एरोटा का ब्लॉक होना या अन्य ब्लड वेसेल्स की समस्या, आर्ट्रीज का कड़ा होना), हाई ब्लड प्रेशर, चुनिंदा जेनेटिक समस्याएं (मारफेन सिंड्रोम, एहलर्स-डानलोस सिंड्रोम) जैसे समस्याएं रही हैं तो लिवोफ्लॉक्सासिन का इस्तेमाल करने से पहले डॉक्टर को इसकी जानकारी दें।
  • लिवोफ्लॉक्सासिन से दिल की रिदम (क्यूटी प्रोलोनगेशन) प्रभावित हो सकती है। हालांकि, इससे दुर्लभ मामलों में दिल की धड़कन में तेजी/ अनियमित्ता के मामले सामने आते हैं। गंभीर रूप से चक्कर और बेहोशी के लक्षण सामने आने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
  • इस दवा को लेने के बाद सूर्य की रोशनी में कम रहें।

रिएक्शन

लिवोफ्लॉक्सासिन (Levofloxacin) किन दवाइयों के साथ मिलकर रिएक्शन कर सकती है?

लिवोफ्लॉक्सासिन आपकी मौजूदा दवाइयों के साथ रिएक्शन कर सकती है, जिन्हें आप ले रहे हैं। यह इनके कार्य करने के तरीके को बदल सकती है या गंभीर दुष्परिणाम की संभावना बढ़ा सकती है। लिवोफ्लॉक्सासिन के साइड इफेक्ट्स से बचने के लिए आपको उन सभी दवाइयों की लिस्ट बनानी हैं, जिनका सेवन आप कर रहे हैं। इनमें डॉक्टर की लिखी हुई, गैर लिखी हुई और मार्केट में खरीद के लिए बिना डॉक्टर की सलाह के उपलब्ध हर्बल प्रोडक्ट को भी शामिल करिए। इस लिस्ट को अपने डॉक्टर और फार्मासिस्ट के साथ साझा कीजिए। अपनी सुरक्षा के लिए बिना डॉक्टर की सलाह के किसी भी दवा को शुरू, बंद और डोज में परिवर्तन न करें जब तक कि डॉक्टर इसकी सलाह न दे।

निम्नलिखित दवा लिवोफ्लॉक्सासिन के साथ रिएक्शन कर सकती है:

  • स्ट्रोन्टियम (strontium)

हालांकि, ज्यादातर एंटीबायोटिक्स हार्मोनल बर्थ कंट्रोल जैसे गोलियां, पैचेस या रिंग को प्रभावित करती हैं। लेकिन, कुछ एंटीबायोटिक्स (रिफेम्पिन (rifampin), रिफाब्युटिन (rifabutin)) इनकी प्रभाविकता को कम कर सकती हैं। इसके नतीजतन आप प्रेग्नेंट हो सकती हैं। यदि आप गर्भ निरोधक का इस्तेमाल करती हैं तो ज्यादा जानकारी के लिए डॉक्टर या फार्मासिस्ट से संपर्क करें।

लिवोफ्लॉक्सासिन, ओफलॉक्सासिन (ofloxacin) के समान है। इस स्थिति में लिवोफ्लॉक्सासिन के साथ ओफलॉक्सासिन वाली दवाइयों का इस्तेमाल न करें। ऐसा करने से यह प्रयोगशाल में होने वाली आपकी जांच को प्रभावित कर सकता है। इससे गलत परिणाम आ सकते हैं। लेब में मौजूद लोगों और डॉक्टर को यह जानकारी दें कि आप इस दवा का इस्तेमाल कर रहे हैं।

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क्या प्रेग्नेंसी या ब्रेस्टफीडिंग में लिवोफ्लॉक्सासिन (Levofloxacin) सुरक्षित है?

प्रेग्नेंसी के दौरान सिर्फ डॉक्टर की लिखी हुई दवा का सेवन करना चाहिए। लिवोफ्लॉक्सासिन के खतरों और फायदों के बारे में अपने डॉक्टर से सलाह लें। वहीं, ब्रेस्टफीडिंग के दौरान यह दवा ब्रेस्ट मिल्क के जरिए शिशु की बॉडी में प्रवेश कर सकती है लेकिन, शायद नवजात शिशु को इससे नुकसान ना पहुंचे। ब्रेस्टफीडिंग से पहले अपने डॉक्टर से संपर्क करें।

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खुराक

लिवोफ्लॉक्सासिन (Levofloxacin) की कितनी डोज लेनी चाहिए?

नोसोकोमियल निमोनिया और स्किन इंफेक्शन में वयस्क (अडल्ट) को 750 mg ओरली रोजाना सात से 14 दिन तक लेना चाहिए।

आपात स्थिति या ओवरडोज होने पर मुझे क्या करना चाहिए?

आपात स्थिति या ओवरडोज होने पर अपनी स्थानीय आपातकीलन सेवा या नजदीकी अस्पताल से संपर्क करें।

लिवोफ्लॉक्सासिन (Levofloxacin) का डोज मिस हो जाए तो क्या करूं?

लिवोफ्लॉक्सासिन का डोज मिस हो जाता है तो जल्द से जल्द इसे लें। हालांकि, यदि आपका अगली खुराक का समय नजदीक आ गया है तो भूले हुए डोज को न खाएं। पहले से तय नियमित डोज को लें। एक बार में दो खुराक न खाएं।

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