Telangiectasia: स्किन से जुड़ी समस्या 'टेलंगीक्टेसिया' क्या है?
शरीर पर या त्वचा कुछ ऐसे निशान होते हैं, जो आपको परेशान तो नहीं करते हैं, लेकिन जैसे ही आप इन निशानों को देखते हैं आपकी परेशानी शुरू हो जाती है और देखने पर डरावने भी लग सकते हैं। त्वचा से जुड़ी ऐसी ही एक समस्या है टेलंगीक्टेसिया (Telangiectasia)। टेलंगीक्टेसिया की समस्या क्यों होती है और इससे जुड़े कई सवालों का जवाब आज इस आर्टिकल में आपके साथ शेयर करेंगे।
टेलंगीक्टेसिया क्या है?
टेलंगीक्टेसिया के कारण क्या हैं?
टेलंगीक्टेसिया के लक्षण क्या हैं?
टेलंगीक्टेसिया का निदान कैसे किया जाता है?
टेलंगीक्टेसिया का इलाज कैसे किया जाता है?
किन लोगों में टेलंगीक्टेसिया का खतरा ज्यादा रहता है?
चलिए अब टेलंगीक्टेसिया से जुड़े इन सवालों का जवाब जानेंगे।
टेलंगीक्टेसिया एक स्किन कंडिशन है, जिसे स्पाइडर वेन (Spider Veins) के नाम से भी जाना जाता है। अब अगर इसे आसान शब्दों में समझें, तो त्वचा पर पतली-पतली धागे जैसी रचना बनने लगती है या मकड़े की जाले जैसी रचना बनने लगती है। टेलंगीक्टेसिया की वजह से शरीर पर कोई नुकसान नहीं पहुंचता है और ना ही इसके लिए इलाज की जरूरत पड़ती है, लेकिन कुछ केसेस में ब्लीडिंग की समस्या शुरू हो जाती है और ऐसी स्थिति में इलाज की जरूरत पड़ सकती है। अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी एसोसिएशन (American Academy of Dermatology Association) में पब्लिश्ड रिसर्च रिपोर्ट के अनुसार स्पाइडर वेन (Spider veins) की समस्या 3 से 6 हफ्तों में अपने आप ठीक हो जाती है, लेकिन कभी-कभी इलाज की भी जरूरत पड़ सकती है। अब ऐसी स्थिति में टेलंगीक्टेसिया के कारण को समझना जरूरी है, जिससे इस परेशानी से बचने में मदद मिल सके।
टेलंगीक्टेसिया के लक्षण क्या हैं? (Symptoms of Telangiectasia)
टेलंगीक्टेसिया के लक्षण शुरुआती दिनों में सिर्फ त्वचा स्पाइडर वेन जैसा नजर आता है, लेकिन कई बार यह स्किन प्रॉब्लेम (Skin problem) अपने आप ठीक भी हो सकती है। हालांकि कुछ केसेस में ऐसा नहीं होता है और टेलंगीक्टेसिया के लक्षण (Telangiectasia symptoms) निम्नलिखित तरह से समझे जा सकते हैं। जैसे:
खुजली (Itching) होना।
टेलंगीक्टेसिया वाले जगह पर प्रेशर डालने से दर्द (Pain) महसूस होना।
धागे (Thread) की तरह लाल या गुलाबी लाइन नजर आना।
पैरों में तेज दर्द (Pain) और सूजन (Swelling) आना ।
टेलंगीक्टेसिया के लक्षण के सामान्य लक्षण हैं, लेकिन कुछ लक्षण और तकलीफ गंभीर भी हो सकते हैं। जैसे:
नाक से बार-बार ब्लीडिंग (Frequent nosebleeds) होना।
स्टूल में ब्लड आना और स्टूल (Stool) का रंग रेड या डार्क ब्लैक होना।
सांस लेने में परेशानी (Shortness of breath) महसूस होना।
ये लक्षण टेलंगीक्टेसिया के लक्षण की ओर इशारा कर सकते हैं। इसलिए इन लक्षणों को इग्नोर ना करें और डॉक्टर से सलाह लें। डॉक्टर पेशेंट की हेल्थ कंडिशन (Health condition) और बीमारी की गंभीरता को ध्यान में रखकर जल्द से जल्द इलाज शुरू करते हैं।
टेलंगीक्टेसिया का निदान कैसे किया जाता है? (Diagnosis of Telangiectasia)
टेलंगीक्टेसिया के निदान के लिए डॉक्टर सबसे पहले लक्षणों के बारे में पूछते हैं और त्वचा (Skin) पर दिखने वाले स्पाइडर वेन (Spider Veins) को मॉनिटर करते हैं। फिजिकल चेकअप के बाद आवश्यकता पड़ने पर डर्मेटोलॉजिस्ट निम्नलिखित टेस्ट करवाने की सलाह देते हैं। जैसे:
ब्लड टेस्ट (Blood tests)
सीटी स्कैन (CT scans)
लिवर फंक्शन स्टडीज (Liver function studies)
एमआरआई स्कैन (MRI scans)
एक्स-रे (X-rays)
इन टेस्ट के अलावा अगर पेशेंट में कोई और हेल्थ कंडिशन (Health condition) है, तो ऐसी स्थिति में अन्य टेस्ट (Other test) करवाने की सलाह दी जा सकती है।
टेलंगीक्टेसिया का इलाज कैसे किया जाता है? (Treatment of Telangiectasia)
टेलंगीक्टेसिया का इलाज किसी विशेष तरह से नहीं किया जाता है, बल्कि इसके इलाज में-
एंटीबायोटिक (Antibiotic) प्रिस्क्राइब की जा सकती है।
लेजर थेरिपी (Laser therapy) की मदद ली जा सकती है।
स्क्लेरोथेरिपी (Sclerotherapy) की मदद ली जा सकती है।
इन तीन तरीकों के अलावा कुछ केसेस में निम्नलिखित तरह से भी इलाज की जा सकती है। जैसे:
ब्लड वेसेल्स (Blood vessel) को एम्बोलिजेशन (Embolization) या ब्लॉक (Block) कर।
ब्लीडिंग रोकने के लिए लेजर थेरिपी (Laser therapy) की मदद ली जा सकती है।
कुछ केसेस में सर्जरी (Surgery) भी की जा सकती है।
इन ऊपर बताये तरीकों से टेलंगीक्टेसिया का इलाज (Telangiectasia treatment ) किया जा सकता है।
नोट: यू.एस. डिपार्टमेंट ऑफ हेल्थ एंड ह्यूमन सर्विसेस (U.S. Department of Health and Human Services) में पब्लिश्ड रिपोर्ट के अनुसार टेलंगीक्टेसिया की समस्या मस्तिष्क (Brain) या आंतों (Intestines) में भी हो सकती है। अगर ऐसी स्थिति होती है, तो यह चिंता का कारण बन सकती है। इसलिए टेलंगीक्टेसिया की समस्या (Telangiectasia problem) नजर आने पर या इसके लक्षण महसूस होने पर इसे इग्नोर नहीं करना चाहिए और इसका इलाज करवाना चाहिए।
टेलंगीक्टेसिया यानी स्पाइडर वेन से कैसे बचें? (Tips to prevent spider veins)
स्पाइडर वेन से बचाव के लिए निम्नलिखित बातों का ध्यान रखें। जैसे:
सूर्य की तेज किरणों (Ultraviolet radiation) से बचें।
एल्कोहॉल (Alcohol) का सेवन ना करें।
स्मोकिंग (Smoking) ना करें।
हेल्दी फूड हेबिट्स (Healthy food) फॉलो करें।
इन बातों को ध्यान में रखकर और इन्हें फॉलो कर स्पाइडर वेन से बचा जा सकता है।
उम्मीद करते हैं कि आपको टेलंगीक्टेसिया (Telangiectasia) से संबंधित जरूरी जानकारियां मिल गई होंगी। अधिक जानकारी के लिए एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें। अगर आपके मन में टेलंगीक्टेसिया (Telangiectasia) से जुड़े कोई अन्य कोई सवाल हैं, तो आप हमारे फेसबुक पेज पर पूछ सकते हैं। हैलो स्वास्थ्य के हेल्थ एक्स्पर्ट आपके सभी सवालों के जवाब आपको कमेंट बॉक्स में देने की पूरी कोशिश करेंगे। वहीं आप अपने करीबियों को इस जानकारी से अवगत कराने के लिए आप ये आर्टिकल जरूर शेयर करें।
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डिस्क्लेमर
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