Fennel Seed : सौंफ क्या है?

By Medically reviewed by Dr. Pooja Bhardwaj

मूल बातें जानिए (Uses of Fennel Seed In Hindi)

सौंफ का इस्तेमाल किस लिए किया जाता है?

सौंफ पाचन संबंधी समस्याओं जैसे पेट में जलन, गैस, पेट का फूलना और बच्चों के पेट में होने वाले दर्द में इस्तेमाल होता है। इसके अलावा इसका इस्तेमाल सांस संबंधी समस्याओं, खांसी सर्दी, पीठ के दर्द और बिस्तर पर पेशाब करने जैसी समस्याओं में भी किया जाता है।

कुछ महिलायें सौंफ का इस्तेमाल स्तनों में दूध के प्रवाह को बढाने, मासिक धर्म को ठीक से होने, जन्म देने की प्रक्रिया को आसान करने और सम्भोग क्षमता को बढाने के लिए भी करती हैं। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इस पाउडर का इस्तेमाल सांप काटने के इलाज में पुल्टिस के रूप में भी किया जाता है।

सौंफ कैसे काम करता है?

यह कैसे औषधि के रूप में काम करता है इसके लिए अभी कोई अध्ययन मौजूद नहीं है। इससे जुडी अधिक जानकारी के लिए आप किसी अच्छे आयुर्वेदिक डॉक्टर से सम्पर्क करें। हालांकि कुछ अध्ययन में यह स्पष्ट है कि सौंफ कई सारे खतरनाक बैक्टीरिया को मारने का काम करता है जैसे ऐरोबैक्टर ऐरोजेन्स, बैसिलस सबटिलीस, ई.कोली, प्रोटियास वुल्गार्ली, स्यूडोमोनास ऐरूजिनोसा, स्टैफ्लोकोकस एलबियास और स्टैफ्लोकोकस औरियास आदि। इसके अलावा सौंफ में एंटीमाइक्रोबियल गुण होता है और यह यह महिलाओं में एस्ट्रोजन हॉर्मोन को भी बढाता है।

सावधानियां और चेतावनी (Precautions And Warnings Using Fennel Seed In Hindi)

सौंफ इस्तेमाल करने से पहले मुझे क्या जानकारी होनी चाहिए?

सौंफ को बंद कंटेनर में रखना चाहिए। नमी और गर्मी से इसे दूर रखना चाहिए।

अगर किसी को अति-संवेदनशीलता यानी हाइपर-सेंस्टिविटी की समस्या है तो तुरंत सौंफ का इस्तेमाल बंद कर देना चाहिए और एंटी-हिस्टामिन लेना चाहिए या फिर इसका इलाज करवाना चाहिए।

हर्बल सप्लीमेंट के उपयोग से जुड़े नियम, दवाओं के नियमों जितने सख्त नहीं होते हैं। इनकी उपयोगिता और सुरक्षा से जुड़े नियमों के लिए अभी और शोध की ज़रुरत है। इस हर्बल सप्लीमेंट के इस्तेमाल से पहले इसके फायदे और नुकसान की तुलना करना ज़रुरी है। इस बारे में और अधिक जानकारी के लिए किसी हर्बल विशेषज्ञ या आयुर्वेदिक डॉक्टर से संपर्क करें।

सौंफ का इस्तेमाल करना कितना सुरक्षित है?

गर्भवती महिलाओं के लिए यह कितना फायदेमंद है इसके बारे अभी ज्यादा जानकारी मौजूद नहीं है, इसलिए गर्भवती महिलाओं को इसके सेवन से परहेज करना चाहिए।

स्तनपान कराने वाले महिला के लिए इसका इस्तेमाल खतरनाक हो सकता है। अगर कोई स्तनपान कराने वाली महिला कोई ऐसा हर्बल पेय पदार्थ इस्तेमाल करती है जिसमे सौंफ मौजूद हो तो उसके बच्चे के नर्वस सिस्टम में समस्या हो सकती है।

इससे बने तेल का भी इस्तेमाल नवजात शिशु या फिर छोटे बच्चे पर नहीं करना चाहिए। अगर किसी को सौंफ से एलर्जी है तो उसे इसका सेवन नहीं करना चाहिए और कुछ समय के लिए इसका इस्तेमाल बंद कर देना चाहिए।

अगर किसी को नीचे बताई गई समस्या है तो उसे सौंफ का सेवन नहीं करना चाहिए।

  • ब्लीडिंग की समस्या
  • हॉर्मोन संबंधी समस्या जैसे ब्रेस्ट कैंसर, गर्भाशय का कैंसर, ओवेरियन कैंसर, ऐंडोमेट्रीओसिस या फिर युटेरिन फाइब्रोइड्स आदि।

सौंफ के साइड इफ़ेक्ट (Side effect of Using Fennel Seed In Hindi)

सौंफ का सेवन करने से मुझे क्या साइड इफेक्ट हो सकते हैं?

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इसके सेवन से कई सारे साइड इफेक्ट्स भी होते हैं, उनमे से कुछ जानलेवा भी हो सकते हैं जैसे,

  • दौरा पड़ना, दिमाग का शांत होना
  • उल्टी, मिचली आना, चिडचिडाहट
  • हाइपरसेंस्टिविटी यानी अति-संवेदनशीलता, त्वचा संबंधी एलर्जी, फोटोसेंस्टिविटी
  • फेफड़ों में पानी भर जाना (पल्मोनरी एडिमा), हॉर्मोन से जुड़े कैंसर

हालांकि हर किसी को ये साइड इफ़ेक्ट यह हों ऐसा ज़रुरी नहीं है। कुछ ऐसे भी साइड इफ़ेक्ट हो सकते हैं जो ऊपर बताए नहीं गए हैं। अगर आपको इनमें से कोई भी साइड इफ़ेक्ट महसूस हो या आप इनके बारे में और जानना चाहते हैं तो नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें।

सौंफ से पड़ने वाले प्रभाव (Interaction of Using Fennel Seed In Hindi)

सौंफ के सेवन से अन्य किन-किन चीजों पर प्रभाव पड़ सकता है?

यह आपके द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली दवा के प्रभाव को कम कर सकता है इसलिए इसके सेवन से पहले आप किसी आयुर्वेदिक डॉक्टर से सलाह जरुर लें।

यह निम्नलिखित दवाओं के असर को प्रभावित कर सकता है

  • गर्भनिरोधक दवाएं
  • सिप्रोफ्लाक्सासिन
  • एस्ट्रोजेन पिल्स
  • टेमॉक्सीफेन (Tamoxifen)
  • एंटी-कनवलसेंट्स (Anticonvoulsants)

सौंफ की खुराक (Fennel Seed Doses In Hindi)

यहाँ पर दी गई जानकारी को डॉक्टर की सलाह का विकल्प ना मानें। किसी भी हर्बल सप्लीमेंट का सेवन करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरुर लें।

आमतौर पर सौंफ की कितनी मात्रा खानी चाहिए?

आमतौर पर इसे पांच से सात ग्राम लेना चाहिए और सौंफ से बने तेल को 0. 1 से 0. 6 एमएल ही इस्तेमाल करना चाहिए।

इसकी खुराक हर मरीज के लिए अलग हो सकती है। आपके द्वारा ली जाने वाली खुराक आपकी उम्र, स्वास्थ्य और कई चीजों पर निर्भर करती है। हर्बल सप्लीमेंट हमेशा सुरक्षित नहीं होते हैं। इसलिए सही खुराक की जानकारी के लिए हर्बलिस्ट या डॉक्टर से चर्चा करें।

सौंफ किन रूपों में उपलब्ध है?

यह हर्बल सप्लीमेंट कई रूपों में उपलब्ध है: ड्राई फ्रूट्स, इसेंसियल ऑयल, एक्सट्रेक्ट, टैबलेट, टिंचर और काढ़ा। डॉक्टर की सलाह पर आप इसे किसी भी रूप में इस्तेमाल कर सकते हैं।

सूत्र

रिव्यू की तारीख जुलाई 9, 2019 | आखिरी बार संशोधित किया गया सितम्बर 20, 2019

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