हैलो स्वास्थ्य किसी भी तरह की कोई भी मेडिकल सलाह नहीं दे रहा है, अधिक जानकारी के लिए आप डॉक्टर से संपर्क कर सकते हैं।
जैबोरेंडी एक जड़ी बूटी है, जिसकी पत्तियां दवाओं के रूप में प्रयोग होती है। इसका वैज्ञानिक नाम पाइलोकार्पस माइक्रोफाइलस (Pilocarpus Microphyllus) है। यह डायरिया के इलाज के लिए मददगार साबित होता है। इसका उपयोग उनके लिए भी किया जाता है, जिन्हें कम पसीना होता है। यह एक होमियोपैथिक औषधि के रूप में इस्तेमाल किया जाता है, जो ग्लॉकोमा के इलाज के लिए आंखों में डाला जाता है।

इसका कोई वैज्ञानिक तथ्य नहीं है कि ये काम कैसे करता है। लेकिन, ये एक उत्तेजक औषधि है। ये पेट और आंतों की मांसपेशियों के संकुचन को प्रेरित करता है। इसके अलावा, लार और पसीने को बनाने में मदद करता है।
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इसका उपयोग कई तरह के रोगों को ठीक करने में होता है :
अगर मोतियाबिंद होने के कारण आंखों से कम दिखाई देने लगा है, आंखों से हर समय आंसू की तरह पानी बहता है, आंखों के ऑपरेशन के कारण आंखों की पुतलियों में सिकुड़न आ गया है या पलकों से जुड़ी कोई समस्या हो रही है, तो उसके उपचार में जैबोरेंडी का उपयोग करना लाभकारी हो सकता है।
अगर बार-बार या बहुत जल्दी मुंह सूख जाता है, या बहुत जल्दी प्यास लगने की समस्या हो रही है, तो इसकी समस्या के उपचार में भी जैबोरेंडी का उपयोग करना लाभकारी हो सकता है।
टीनएजर में आने के बाद लड़कियों में शारीरिक और मानसिक बदलाव होने शुरू हो जाते हैं। इस दौरान सेक्स की इच्छा भी काफी बढ़ जाती है, साथ ही हाथ-पैरों के ठंडे होने की स्थिति या बहुत ज्यादा पसीना आने की स्थिति में भी जैबोरेंडी का इस्तेमाल किया जा सकता है।
इसके अलावा निम्न स्थितियों में भी इसका इस्तेमाल किया जा सकता हैः
किसी भी जड़ी बूटी के इस्तेमाल के पहले आपको उसके फायदे और नुकसान जान लेने चाहिए। जैबोरेंडी का इस्तेमाल गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाएं न करें। इसमें ऐसे रसायन पाए जाते हैं जो गर्भपात के लिए जिम्मेदार होते हैं। इसके अलावा, गर्भावस्था के दौरान इसका उपयोग मुंह या आंखों के द्वारा कतई न करें। ये जच्चा और बच्चा दोनों के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
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औषधीय आधार पर जैबोरेंडी पूरी तरह से सुरक्षित नहीं है। मात्र पांच से दस ग्राम ही जैबौरेंडी की पत्तियों का इस्तेमाल किया जाता है। इससे ज्यादा मात्रा में इसका उपयोग हानिकारक साबित हो सकता है। जैबोरेंडी से ही पाइलोकार्पिन दवा बनती है।
जैबोरेंडी का सेवन बिना डॉक्टर की सलाह के लेना आपके लिए हानिकारक साबित हो सकता है। इसके साइड इफेक्ट से गर्भपात तक हो सकता है। अगर किसी गर्भवती महिला द्वारा इसका सेवन किया जाता है तो उसका गर्भपात हो सकता है। इसके अलावा, पेट में पल रहे बच्चे की सेहत पर असर पड़ सकता है। वहीं, स्तनपान कराने वाली महिला और उसके बच्चे के लिए भी नुकसानदायक है। इसलिए अपने डॉक्टर की सलाह पर ही इसका उपयोग करें।
जैबोरेंडी के सेवन से संभावित साइड इफेक्ट्स में बहुत ज्यादा नींद आने की समस्या, चक्कर आना, लो ब्लड प्रेशर या सिर दर्द जैसी समस्या हो सकती है। ऐसी कोई सी भी स्थिति का अनुभन होने पर गाड़ी या भारी मशीन न चलाएं। ऐसा करना जीवन के लिए जोखिम भरा हो सकता है। इसके अलावा इस दवा के सेवन के दौरान डॉक्टर शराब ना पीने की सलाह देते हैं। क्योंकि शराब के सेवन से नींद आने की समस्या और अधिक गंभीर हो सकती है। जैबोरेंडी के इस्तेमाल से आपको किस तरह के साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं, इसके बारे में अधिक जानकारी के लिए कृपया अपने चिकित्सक से परामर्श करें।
अभी तक किसी भी प्रकार की दवा के साथ इसका कोई भी प्रभाव वैज्ञानिक तौर पर सामने नहीं आया है। इसलिए आप इसका इस्तेमाल डॉक्टर के निर्देशन में ही करें।
जैबोरेंडी की सही खुराक की कोई भी वैज्ञानिक पुष्टि नहीं है। इसलिए इसे डॉक्टर की सलाह पर उम्र, सेहत और अन्य परिस्थितियों के आधार पर ही लें।
हमेशा कोशिश करें कि अपने डॉक्टर द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुसार ही एक निश्चित समय पर इसकी खुराक लें। अगर किसी कारण आप इसकी कोई खुराक भूल जाते हैं, तो याद आने पर जल्द से जल्द छूटी हुई खुराक खा सकते हैं। हालांकि, ध्यान रखें कि अगर आपकी अगली खुराक के समय में बहुत ही कम समय बचा हुआ है, तो छूटी हुई खुराक का सेवन न करें। अगली खुराक को उसके तय समय और तय मात्रा में ही खाएं और अपने नियमित खुराक को पहले की ही तरह जारी रखें। इसके साथ ही, छूटी हुई खुराक की भरपाई करने के लिए अगली खुराक का अधिक सेवन न करें। उतनी ही खुराक का सेवन करें जितना एक बार में आपके लिए तय किया गया हो।
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अगर किसी ने निर्देशित खुराक से जैबोरैंडी का ज्यादा सेवन कर लिया है और उसके कारण किसी तरह के जोखिम के लक्षण होते हैं, तो जल्द से जल्द आपातकालीन नंबर पर कॉल करें या नजदीकी अस्पताल में उपचार के लिए जाएं। अगर व्यक्ति ने जैबोरैंडी का सेवन मौखिक तौर पर किया है, तो उल्टी कराने की कोशिश करें, ताकि ओवरडोज दाव का असर कम से कम हो। इसके बारे में अधिक जानकारी के लिए कृपया अपने डॉक्टर से बात करें।
आप जिस भी मौजूदा लक्षण या स्वास्थ्य स्थिति के लिए जैबोरैंडी का सेवन करते हैं, अगर उसके ही सामान लक्षण आपको किसी अन्य व्यक्ति में दिखाई दे, तो उस अन्य व्यक्ति को जैबोरैंडी के सेवन की सलाह न दें। उसे जल्द से जल्द डॉक्टर से परामर्श करने की सलाह देनी चाहिए।
ये किन रूपों में उपलब्ध है?
हैलो स्वास्थ्य किसी भी तरह की कोई भी मेडिकल सलाह नहीं दे रहा है, अधिक जानकारी के लिए आप डॉक्टर से संपर्क कर सकते हैं।
डिस्क्लेमर
हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।
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Diptheria https://www.cdc.gov/diphtheria/index.html. Accessed on 11 January, 2020.
Current Version
29/06/2020
Shayali Rekha द्वारा लिखित
के द्वारा मेडिकली रिव्यूड Dr. Shruthi Shridhar
Updated by: Ankita mishra
के द्वारा मेडिकली रिव्यूड
Dr. Shruthi Shridhar