काजू (Cashew) भारत में एक लोकप्रिय नट है, जोकि आमतौर पर कच्चा, भुना हुआ या नमकीन खाया जाता है। सात ही इसका इस्तेमाल कुछ दवाइयां बनाने के लिए भी किया जाता है। काजू का बोटेनिकल नाम एनाकार्डियम ऑक्सिडेलेल (Anacardium occidentale) है, जो कि कैश्युज (Cashews) फैमिली से आता है। काजू के फायदे भी एक नहीं बल्कि कई हैं।

और पढ़ेंः Tamarix Dioica: झाऊ क्या है?
काजू का इस्तेमाल और भी कई चीजों में किया जा सकता है। अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर या फार्मसिस्ट या हर्बलिस्ट से बात करें।
और पढ़ेंः Thyme: थाइम क्या है?
काजू में कुछ केमिकल्स होते हैं, जो निश्चित बैक्टीरिया के खिलाफ काम करते हैं। इसके अलावा काजू (Cashew) कैसे काम करता है, इस बारे में अभी और अध्ययन की जरूरत है। अधिक जानकारी के लिए कृपया अपने हर्बलिस्ट या डॉक्टर से बात करें।
काजू में पोषणः
यूएस डिपार्टमेंट ऑफ एग्रीकल्चर (USDA) के मुताबिक, 28.35 ग्राम काजू में निम्नलिखित पोषण होता हैः
काजू में 7 माइक्रोग्राम फोलेट के साथ विटामिन सी और विटामिन बी भी होता है। इसके अलावा इसमें मोनोअनसैचुरेटेड और पोलीअनसैचुरेटेड भी काफी मात्रा होता है।
काजू में काफी उच्च मात्रा में कोपर भी पाया जाता है। एक आउंस काजू में करीब 622 माइक्रोग्राम कॉपर होता है। 19 वर्ष की उम्र या उससे ज्यादा के लोगों के लिए एक दिन में 900 माइक्रोग्राम कॉपर जरूरी होता है।
शरीर में कॉपर की कमी कमजोर हड्डियों का कारण बन सकती हैं और ऑस्टियोपोरोसिस (Steoporosis) बीमारी की आशंका हो सकती है। कोलेजन और इलास्टिन के रखरखाव में भी कॉपर महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। ऐसा न होने पर जोड़ों की कार्य क्षमता और मजबूती कम हो सकती है और उनमें दर्द की शिकायत बन सकती है।
और पढ़ें : Marshmallow: मार्शमैलो क्या है?
काजू का इस्तेमाल करने से पहले निम्नलिखित स्थितियों में अपने चिकित्सक या फार्मसिस्ट या हर्बलिस्ट से परामर्श करें:
किसी भी हर्बल सप्लिमेंट के सेवन करने के नियम उतने ही सख्त होते हैं, जितने कि अंग्रेजी दावा के। सुरक्षा के लिहाज से, अभी इसमें और अध्ययन की जरूरत है। हर्बल सप्लिमेंट के सेवन से होने वाले फायदे से पहले आपको इसके खतरों को समझ लेना चाहिए। ज्यादा जानकारी के लिए अपने हर्बल एक्सपर्ट से बात करें।
काजू कितना सुरक्षित है?
गर्भावस्था और स्तनपान:
अभी इस बारे में जानकारी कम है कि गर्भावस्था और स्तनपान के दौरान काजू का प्रयोग कितना सुरक्षित है। काजू के इस्तेमाल से पहले उसके संभावित लाभ और खतरों को अच्छी तरह से समझ लें और इसके बारे में हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।
सर्जरी:
सर्जरी होने से कम से कम दो सप्ताह पहले काजू लेना बंद कर दें।
डायबिटीजः
कुछ शोधों के मुताबिक, ज्यादा मात्रा में काजू खाने से ब्लड शुगर के स्तर में बढ़ोतरी हो सकती है। इसलिए अगर आपको डायबिटीज है, तो काजू खाने के साथ ब्लड शुगर की जांच नियमित करते रहें।
और पढ़ें : Neem : नीम क्या है?
काजू के फायदे के साथ-साथ इसके दुष्प्रभाव भी देखने को मिल सकते हैं, जैसे
हालांकि, हर किसी को इन साइड इफेक्ट का सामना नहीं करना पड़ता है। लेकिन कुछ साइड इफेक्ट दूसरी तरह के भी हो सकते हैं जो यहां नहीं बताए गए हैं। अगर आपके मन में साइड इफेक्ट को लेकर कोई चिंता है, तो कृपया अपने हर्बलिस्ट या डॉक्टर से सलाह लें।
यह हर्बल सप्लीमेंट आपकी मौजूदा दवाओं या मेडिकल कंडिशंस पर विपरीत असर डाल सकता है। इस्तेमाल करने से पहले अपने हर्बलिस्ट, फार्मसिस्ट या डॉक्टर से सलाह करें।
कुछ दवाएं, जो काजू के साथ इंटरैक्ट कर सकती हैं, उनमें शामिल हैं :
और पढ़ें : Jaborandi : जैबोरेंडी क्या है?
दी गई जानकारी को चिकित्सा सलाह के रूप में न देखें। हमेशा इस दवा का उपयोग करने से पहले अपने हर्बलिस्ट या डॉक्टर से सलाह लें।
दस्त के लिए:
काजू के पत्तों और टहनियों का मानक काढ़ा रोजाना 2-3 बार से लिया जाता है। काजू के फायदे सिर्फ काजू ही नहीं बल्कि इसके पत्तों में भी शामिल है।
मेटाबोलिज्म सिंड्रोम (कोरोनरी हार्ट डिसीज) के लिए :
अनसाल्टेड काजू नट्स को आठ सप्ताह के लिए सेवन किया जा सकता है।
इस हर्बल सप्लिमेंट की खुराक हर मरीज के लिए अलग-अलग हो सकती है। काजू के फायदे इसकी खुराक आपकी उम्र, स्वास्थ्य और कई अन्य स्थितियों पर निर्भर करती है। हर्बल सप्लिमेंट हमेशा सुरक्षित नहीं होते हैं। कृपया अपनी सही खुराक के लिए अपने हर्बलिस्ट या डॉक्टर से बात करें।
यह हर्बल सप्लिमेंट नीचे बताई गई खुराक के रूप में उपलब्ध हो सकता है: