home

What are your concerns?

close
Inaccurate
Hard to understand
Other

लिंक कॉपी करें

शिशु के लिए सोया फॉर्मूला कब रेकमंड किया जाता है? साथ ही जानिए 6 बेस्ट सोया फॉर्मूलाज के बारे में

शिशु के लिए सोया फॉर्मूला कब रेकमंड किया जाता है? साथ ही जानिए 6 बेस्ट सोया फॉर्मूलाज के बारे में

सोया फॉर्मूला (Soy formula) को मां के दूध और गाय के दूध के सब्सिट्यूट के तौर पर देखा जाता है। यह सोया प्रोटीन (Soya Protein) से निर्मित होता है। सोया फॉर्मूला 12 महीने से कम उम्र के शिशु के लिए रिकमंड किया जाता है। बता दें कि पेरेंट्स के बीच सोया फॉर्मूला काफी पॉपुरल है, क्योंकि वे सोचते हैं कि यह शिशु को गैस की परेशानी से राहत दिलाने, एलर्जीज को रोकने और बीमारियों से बचाने में मदद करता है। हालांकि, शिशु के लिए सोया फॉर्मूला (soy formula for babies) यूज करने के भी कुछ रिस्क हैं और ये सभी शिशुओं के लिए यह लाभदायक नहीं है। एक्सपर्ट की सलाह या उनके रिकमंड करने के बाद ही इनका उपयोग करना चाहिए। इस आर्टिकल में जानिए शिशु को सोया फॉर्मूला कब दिया जाता है? साथ ही बेस्ट सोया फॉर्मूलाज के बारे में भी जानकारी प्राप्त कीजिए।

सोया फॉर्मूला का उपयोग कब किया जाता है? (Soy formula for babies)

कुछ मामलों में शिशु के लिए सोया फॉर्मूला (soy formula for babies) बेहतर साबित होता है। हालांकि अभी तक प्रमाणित नहीं हुआ है कि सोया फॉर्मूला एक्जिमा (Eczema) को रोकने में मददगार हो सकता है, लेकिन फिर भी निम्न हेल्थ कंडिशन में इसका उपयोग फायदेमंद होता है, जब ब्रेस्ट मिल्क उपलब्ध ना हो।

  • गैलेक्टोसिमिया (Galactosemia), एक ऐसी स्थिति जिसमें एक शिशु शुगर गैलेक्टोज (Galactose) को तोड़ने में असमर्थ होता है
  • प्राथमिक लैक्टेज की कमी (Primary lactase deficiency), एक दुर्लभ वंशानुगत स्थिति जिसमें बच्चा एंजाइम लैक्टेज (Enzyme lactase ) के बिना पैदा होता है, जो शुगर लैक्टोज (Sugar lactose) को पचाने के लिए आवश्यक होता है।
  • माध्यमिक लैक्टेज की कमी (Secondary lactase deficiency), अस्थायी लैक्टोज असहिष्णुता (Temporary lactose intolerance), आमतौर पर संक्रमण के कारण होता है जो गेस्ट्रोइंटेस्टाइनल ट्रेक्ट (Gastrointestinal tract) को प्रभावित करता है
  • शिशु के लिए सोया फॉर्मूला का उपयोग उन परिवारों के लिए अच्छा है, जो वेजिटेरियन या वीगन (Vegan) है।
  • बता दें कि सोया फार्मूला एफडीए (FDA) के द्वारा अप्रूव्ड हैं और इनमें शिशुओं के लिए जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं।

और पढ़ें: ब्रेस्ट मिल्क या फॉर्मूला मिल्क, जानें क्या है बेहतर आपके शिशु के लिए

शिशु के लिए सोया फॉर्मूला

शिशु के लिए सोया फॉर्मूला को कब अवॉयड करना चाहिए? (When to Avoid Soy Formula for babies)

शिशु के लिए सोया फॉर्मूला (Soy formula for babies) का उपयोग एक्सपर्ट एडवाइज पर ही करना चाहिए। कुछ स्पेसिफिक सिचुएशन में सोया फॉर्मूला का उपयोग रिकमंड नहीं किया जाता, वे निम्न हैं।

और पढ़ें: जानें शिशु के लिए ब्रेस्ट मिल्क में कौन-कौन पोषक तत्व होते हैं?

शिशु के लिए सोया फॉर्मूला (Soy formula for babies)

चलिए अब जान लेते हैं कुछ फेमस सोय फॉर्मूलाज के बारे में।

1.सिमिलेक आइसोमिल (SIMILAC Isomil)

यह सोया बेस्ड फॉर्मूला है, जो कि मिल्क अैर लैक्टोज फ्री (Lactose free) है। यह उन शिशुओं को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है, जो कि लैक्टोज इंटोलरेंस (Lactose intolerance) या सेंसिटिविटी, मिल्क एलर्जी, डायरिया ग्लैकटोसीमिया का सामना कर रहे हैं। कंपनी का दावा है कि यह बेबी के डायजेस्टिव सिस्टम को सर्पोट करने के साथ ही इम्यून सिस्टम डेवलपमेंट में मदद करता है। यह कुपोषण की रिस्क को भी कम करता है। इसमें जरूरी फैटी एसिड्स, विटामिन्स और मिनरल्स जैसे कि कैल्शियम और आयरन पाए जाते हैं।

2.गुड स्टार्ट (Good Start)

शिशुओं के लिए सोया फॉर्मूला (Soy formula for babies) में ये भी काफी पॉपुलर है। इसमें सोया प्रोटीन के साथ ही प्लांट बेस्ड प्रोटीन भी पाया जाता है। यह मिल्क फ्री है। कंपनी का दावा है कि यह प्रोडक्ट संपूर्ण पोषण देने के साथ ही प्लांट बेस्ड सोया प्रोटीन प्रदान करता है जो आसानी से डायजेस्ट हो जाता है। यह शिशु के ब्रेन और आई डेवलपमेंट में भी मदद करता है। यह मिल्क और लैक्टोज इंटॉलरेंस के साथ बेबी को होने वाली गैस की परेशानी से राहत दिलाने में मदद करता है।

और पढ़ें: बच्चों में दिखाई दें ये लक्षण, तो हो सकती है मिल्क एलर्जी, न करें इग्नोर

3.डेक्सोलेक न्यूरोबी सोया (DEXOLAC Nusobee Soya)

डेक्सोलेक का यह सोया फॉर्मूला शिशुओं के लिए उपयोगी हो सकता है। यह लैक्टोज और सुक्रोज फ्री प्रोडक्ट्स है। जिन शिशुओं को लैक्टोज इंटॉलरेंस और डायरिया की समस्या है उनके लिए इस प्रोडक्ट का रिकमंड किया जाता है। इसमें ईडेबल वेजिटेबल ऑयल्स जैसे कि सनफ्लॉवर ऑयल, कोकोनट ऑयल और सोया ऑयल पाया जाता है। साथ ही सोया प्रोटीन, मिनरल्स और विटामिन्स भी इसके इंग्रीडिएंट्स में शामिल हैं।

4.एनफामिल सोय इंफेंट फॉर्मूला (Enfamil Soy Infant Formula)

इस सोया फॉर्मूला में कॉर्न सिरप, वेजिटेबल ऑयल जैसे कि नारियल का तेल, सूरजमुखी का तेल, सोया प्रोटीन आइसोलेट पाया जाता है। यह दूध-आधारित फॉर्मूला का सोया-आधारित विकल्प है जो कि मिल्क फ्री है। यह लैक्टोज इंटॉलरेंस वाले शिशुओं के लिए उपयुक्त माना जाता है। साथ ही जो फैमिली वीगन डायट फॉलो करती हैं उनके लिए भी अच्छा ऑप्शन साबित हो सकता है।

शिशु के लिए सोया फॉर्मूला/ soy formula for babies

5.पेरेंट्स चॉइस सोया इंफेंट फॉर्मूला (Parent’s Choice Soy Infant Formula)

यह शिशुओं के लिए कंप्लीट सोया न्यूट्रिशन है। जो कि लैक्टोज फ्री है। इसमें ल्यूटीन (Lutein), विटामिन ई (Vitamin E) पाया जाता है। यह गैस से बचाव के साथ ही ब्रेन और आई हेल्थ के लिए बेहतर माना जाता है।

6.अर्थस बेस्ट नॉन जीएमओ सॉय प्लांट बेस्ड इंफेंट पाउडर फॉर्मूला विथ आयरन (Earth’s Best Non-GMO Soy Plant Based Infant Powder Formula with Iron)

यह सोया प्लांट बेस्ड फॉर्मूला है, जो पचने में आसान और पोषक तत्वों से भरपूर है। इसमें प्रोटीन कार्बोहाइड्रेड, विटामिन, मिनरल्स और फैटी एसिड्स (Fatty Acids) पाए जाते हैं, जो बच्चे के मष्तिष्क विकास और आंखों के विकास में सहायता करते हैं। यह प्रोडक्ट लैक्टोज फ्री (Lactose free) है। कंपनी का दावा है कि इसमें किसी प्रकार के कलर्स, प्रिजर्वेटिव्स, सिंथेटिक पेस्टिसाइड्स नहीं मिलाए गए हैं।

और पढ़ें: मां की परेशानी होगी दूर, क्योंकि ये ब्रेस्ट मिल्क बूस्टर सप्लिमेंट्स करेंगे मदद

इस प्रकार आप समझ ही गए होंगे कि सोया फॉर्मूला को लैक्टॉज इनटॉलरेंस (Lactose intolerance) का सामना कर रहे शिशुओं के लिए डिजाइन किया जाता है। यह नॉर्मल फार्मूला मिल्क से अलग होते हैं। इसलिए किसी की देखा देखी या विज्ञापनों के आधार पर इनका चयन अपने शिशु के लिए न करें। जब डॉक्टर इसे रिकमंड करे तभी इनका उपयोग करें। डॉक्टर की रिकमंडेशन के इनका उपयोग करने से शिशु को साइड इफेक्ट्स का सामना करना पड़ सकता है।

नोट: बच्चे के लिए किसी प्रकार के प्रोडक्ट्स का चुनाव डॉक्टर की सलाह पर ही करें। इस आर्टिकल का उद्देश्य शिशु के लिए सोया फॉर्मूला के बारे में जानकारी देना है। इसे चिकित्सा सलाह का विकल्प न मानें।

उम्मीद करते हैं कि आपको यह आर्टिकल पसंद आया होगा और शिशु के लिए सोया फॉर्मूला से संबंधित जरूरी जानकारियां मिल गई होंगी। अधिक जानकारी के लिए एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें। अगर आपके मन में अन्य कोई सवाल हैं तो आप हमारे फेसबुक पेज पर पूछ सकते हैं। हम आपके सभी सवालों के जवाब आपको कमेंट बॉक्स में देने की पूरी कोशिश करेंगे। अपने करीबियों को इस जानकारी से अवगत कराने के लिए आप ये आर्टिकल जरूर शेयर करें।

 

हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।

सूत्र

Infant Formula Guidance Documents & Regulatory Information/https://www.fda.gov/food/guidance-documents-regulatory-information-topic-food-and-dietary-supplements/infant-formula-guidance-documents-regulatory-information/ Accessed on 21st May 2021

Soy and the risk of type 2 diabetes mellitus: A systematic review and meta-analysis of observational studies/https://pubmed.ncbi.nlm.nih.gov/29407270/Accessed on 21st May 2021

Choosing an Infant Formula/https://www.healthychildren.org/English/ages-stages/baby/formula-feeding/Pages/Choosing-an-Infant-Formula.aspx#:~:text=Soy%20formulas%20contain%20a%20protein,based%20formula%20is%20also%20available./Accessed on 21st May 2021

Infant formula: Your questions answered/
https://www.mayoclinic.org/healthy-lifestyle/infant-and-toddler-health/in-depth/infant-formula/art-20045782/Accessed on 21st May 2021

Use of Soy Protein-Based Formulas in Infant Feeding/https://pediatrics.aappublications.org/content/121/5/1062/Accessed on 21st May 2021

लेखक की तस्वीर badge
Manjari Khare द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 21/05/2021 को
डॉ. प्रणाली पाटील के द्वारा मेडिकली रिव्यूड