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Anal Abscess : एनल एब्सेस क्या है?

परिचय |लक्षण |कारण |उपचार |घरेलू उपचार
Anal Abscess : एनल एब्सेस क्या है?

परिचय

एनल एब्सेस (Anal Abscess) क्या है?

एनल एब्सेस बच्चों में पाया जाने वाला रोग है। एनल एब्सेस एक दर्दनाक स्थिति है, जिसमें गुदे के पास मवाद इकठ्ठा होने लगता है। ज्यादातर एनल एब्सेस छोटे गुदा ग्रंथियों में होने वाले संक्रमण से होता है। एनल एब्सेस का सबसे आम प्रकार है पेरिएनल एब्सेस। इसमें अक्सर गुदा के आसपास सूजन हो जाती है जिसकी वजह से बेहद दर्द महसूस होता है। यह रंग में एकदम लाल और छूने में गर्म महसूस होता है। एनल एब्सेस डीपर टिश्यू में होता है और बहुत ही कम देखने को मिलता है। एनल एब्सेस के कारण और इससे जुड़े अन्य सवालों के जवाब इस आर्टिकल में जानेंगे।

सभी प्रकार की एनल एब्सेस की इलाज प्रक्रिया बेहद आम है जिसमें सर्जिकल रूप से चीरा और पस निकालने प्रक्रिया की जाती है और ये सफल भी साबित होती है। एनल एब्सेस से पीड़ित 50% लोगों को फिस्टुला नामक जटिलताएं पैदा हो सकती हैं। फिस्टुला एक छोटी नाली होती है, जो एब्सेस और त्वचा के बीच असामान्य जोड़ बनाती है। कुछ मामलों में एनल फिस्टुला के कारण लगातार पस निकल सकता है। सर्जरी से एनल फिस्टुला को हर तरह से ठीक करने की जरूरत है।

कितना सामान्य है एनल एब्सेस (Anal Abscess) होना?

एनल एब्सेस ज्यादातर बच्चों में सामान्य है। जिन बच्चों की उम्र एक साल से कम है उन्हें ये रोग ज्यादातर होता है, लेकिन ये किसी भी उम्र के बेबी बॉय या बेबी गर्ल में हो सकती है।

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लक्षण

एनल एब्सेस के क्या लक्षण है? (Symptoms of Anal Abscess)

सुपरफिशियल एनल एब्सेस के लक्षण जैसे ;

  • दर्द, जो कि लगातार हो सकता है, दर्द के समय लपकन होना और बैठने पर और दिक्कते महसूस करना।
  • गुदा के आसपास स्किन इरिटेशन होना जैसे सूजन, लालिमा और छूने में दर्द (गुदा के पास दर्द का कारण प्रोक्टैल्जिया फुगेक्स भी हो सकता है)
  • पस का निकलना
  • कब्ज या मल त्याग करने में दर्द महसूस होना

डीपर एनल एब्सेस के लक्षण जैसे ;

  • बुखार लगना
  • ठंड लगना
  • अस्वस्थता

कभी-कभी डीपर एनल एब्सेस में सिर्फ बुखार ही देखने को मिल सकता है

मुझे डॉक्टर को कब दिखाना चाहिए?

अगर व्यक्ति को पता चलता है कि उन्हें पेरिएनल ऐबसेस (Anal Abscess) है उन्हें डॉक्टर को जरूर दिखाना चाहिए। निदान से आसानी से इस चीज का पता नहीं लगाया जा सकता और ऐसे में डॉक्टर आपके टेस्ट करवा सकता है या किसी विशेषज्ञ के पास आपको भेज सकता है।

कारण

एनल एब्सेस होने के कारण क्या है? (Cause of Anal Abscess)

एनल एब्सेस के कई कारण हो सकते हैं। जिसमें शामिल है ;

  • एनल फिशर, एनल केनाल का फटना, जो की संक्रमित हो सकता है
  • सेक्सुअली ट्रांसमिटेड इन्फेक्शन
  • बंद हुई गुदा ग्रंथि के कारण

एनल एब्सेस (Anal Abscess) के जोखिम जैसे ;

  • कोलाइटिस
  • इंफ्लामेटरी बोवेल डिसीस जैसे क्रोहन डिसीस या अल्सरेटिव कोलाइटिस
  • डायबीटीज
  • डायवर्टिकुलाईटिस
  • पेल्विक इंफ्लामेटरी डिसीस
  • दवाइयों का इस्तेमाल करना जैसे प्रेड्निसों

वयस्कों के लिए, संबंध बनाते समय कंडोम का इस्तेमाल करना, जिसमें एनल सेक्स शामिल है, इससे एनल एब्सेस से बचाव हो सकता है। शिशु और बच्चों में, बार-बार डायपर बदलना और डायपर बदलने पर अच्छे से सफाई करने से एनल फिस्टुला और पेरेनल एब्सेस से बचाव करने में मदद मिल सकती है।

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उपचार

यहां प्रदान की गई जानकारी को किसी भी मेडिकल सलाह के रूप ना समझें। अधिक जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से परामर्श करें।

एनल एब्सेस का निदान कैसे किया जाता है? (Diagnosis of Anal Abscess

आमतौर पर, क्लिनिकल मूल्यांकन किया जाता है – जिसमें डिजिटल रेक्टल परीक्षण शामिल है – जिसमें एनल एब्सेस का निदान अच्छे से किया जा सकता है। लेकिन कुछ मरीजों में अन्य टेस्ट की भी जरूरत पड़ सकती है जैसे ;

  • सेक्सुअली ट्रांसमिटेड इन्फेक्शन में
  • इंफ्लेमटरी बोवेल डिजीज
  • डायवर्टिकुलर डिजीज
  • रेक्टल कैंसर
  • कुछ मामलों में , एनेस्थीसिया के अंतर्गत भी परीक्षण किया जा सकता है। डॉक्टर आपको सीटी स्कैन या एमआरआई स्कैन या अल्ट्रासॉउन्ड करने को बोल सकता है।

एनल एब्सेस का इलाज कैसे होता है? (Treatment for Anal Abscess)

फोड़े के फटने से पहले, सर्जरी की मदद से पस निकालना बेहद जरूरी है। डॉक्टर लोकल एनेस्थेटिक की मदद से सुपरफिशियल एनल ऐबसेस से पस निकाल सकता है। बड़ी या गहराई तक होने वाले एनल एब्सेस को खत्म करने के लिए अस्पताल में भर्ती करने और एनेस्थिसियोलॉजिस्ट की सहायता की आवश्यकता हो सकती है।

प्रक्रिया के बाद, ज्यादातर लोगों को दर्द से राहत के लिए दवाएं दी जाती हैं। अन्यथा स्वस्थ लोगों के लिए, आमतौर पर एंटीबायोटिक दवाओं की आवश्यकता नहीं होती है। हालांकि, कुछ लोगों के लिए एंटीबायोटिक्स की आवश्यकता हो सकती है, जिनमें मधुमेह या प्रतिरोधक क्षमता कम है।

कभी-कभी, फिस्टुला सर्जरी को एक ही समय में एब्सेस सर्जरी के रूप में किया जा सकता है। हालांकि, फोड़ा फुंसी निकलने के चार से छह सप्ताह बाद अक्सर फिस्टुल फिर से वापस आ सकता है। कभी-कभी फिस्टुला महीनों या वर्षों बाद तक भी नहीं हो सकता। इसलिए फिस्टुला सर्जरी आमतौर पर एक अलग प्रक्रिया होती है जिसे अस्पताल में कुछ समय रहने के बाद छुट्टी दे दी जाती है। फोड़ा या फिस्टुला सर्जरी के बाद, बेचैनी आमतौर पर हल्की होती है लेकिन दर्द की दवाओं से इसे नियंत्रित किया जा सकता है। ऐसे में व्यक्ति को हल्का खाने के लिए कहा जाता है जिससे उसे मल त्याग में परेशनी न हो।

मरीज को आमतौर पर प्रभावित क्षेत्र पर गर्म पानी से सिकाई करने या नमक व गुनगुने पानी में दिन में तीन से चार बार बैठने के लिए बोला जाता है। मल त्याग में होने वाली असुविधा को कम करने के लिए मुलायम मल लाने की सलाह दी जाती है जिससे आपको कोई परेशानी न हो। कुछ मरीजों को गौज़ पेड या मिनी पेड लगाने की सलाह दी जाती है जिससे कपड़ों पर पस न लगे।

सर्जरी के बाद होने वाली जटिलताएं जैसे ;

एनल ऐबसेस के बाद या फिस्टुला सर्जरी के बाद अच्छे से ठीक हो जाता है, ये बेहद कम मामलों में होता है कि समस्या फिर से वापस आ जाए। इस तरह की स्थिति से बचने के लिए, जरूरी है कि आप डॉक्टर या कोलोन और रेक्टल विशेषज्ञ की सलाह अच्छे से मानें।

और पढ़ें : मधुमेह से बचने के प्राकृतिक उपाय

घरेलू उपचार

जीवनशैली में होने वाले वदलाव क्या हैं, जो मुझे एनल एब्सेस (Anal Abscess) को ठीक करने में मदद कर सकते हैं?

बेकिंग सोडा का इस्तेमाल –

सामग्री –

  • एक बा चम्मच बेकिंग सोडा
  • एक बड़ा चम्मच नमक
  • पानी
  • रूई

इस्तेमाल करने के लिए –

  • बेकिंग सोडा और नमक को मिलाएं। अब इस पेस्ट में पानी मिलाएं।
  • अब इसमें रूई डुबोएं और फिर इस पेस्ट को जुड़े के फोड़े पर लगाएं
  • 15 से 20 मिनट के लिए ऐसे ही लगा हुआ छोड़ दें और फिर पानी से इसे धोने से पहले फोड़े पर हल्का सा दबाव डालें जिससे पस निकल सके। ध्यान रहे आपको ज्यादा दबाव नहीं डालना है।
  • दिन में एक ही बार इस प्रक्रिया को दोहराएं।

इसके फायदे –

अगर एनल एब्सेस खुला नहीं है तो ये घरेलु उपाय बेहद अच्छे से काम करता है और आप आराम से पस निकाल और दर्द को कम कर सकते हैं। इसका इस्तेमाल करने से प्रभावित त्वचा पतली और मुलायम हो जाती है जिस वजह से पस निकल जाता है। बेकिंग सोडा और नमक का मिश्रण पस को खोलने और निकालने में मदद करता है। बेकिंग सोडा एंटीसेप्टिक और एन्टीबैक्टीरयल एजेंट के रूप में संक्रमण फैलने से भी बचाता है।

नारियल तेल का इस्तेमाल –

सामग्री –

  • एक से दो बड़ी चम्मच नारियल के तेल ।
  • गर्म पानी।

इस्तेमाल करने के लिए –

  • नारियल तेल और उसमें गर्म पानी मिलाकर रूई से प्रभावित क्षेत्र को आराम-आराम से धोएं।
  • इस प्रक्रिया दो बार दोहराएं।

इसके फायदे –

इस घरेलु उपाय को आयल पुलिंग भी कहते हैं और ये एनल ऐबसेस के लिए अच्छी होती है। नारियल तेल में मौजूद लॉरिक एसिड सूजन और संक्रमण को दूर करता है।

हल्दी का इस्तेमाल –

सामग्री –

  • एक बड़ी चम्मच हल्दी का पाउडर
  • एक बड़ी चम्मच दूध या पानी।

इस्तेमाल करने के लिए

  • हल्दी के पाउडर को एक कटोरी में लें और फिर उसे पानी या दूध के साथ मिला दें और फिर इसे प्रभावित क्षेत्र पर लगाएं।
  • लगाने के बाद इसे सूखने के लिए छोड़ दें और आधे घंटे बाद गुनगुने पानी से इसे धो दें।
  • आप हल्दी के पाउडर को दूध में डालकर दिन में तीन बार पी सकते हैं। इससे संक्रमण को अंदर से भी खत्म करने में मदद मिलेगी।

इसके फायदे –

हल्दी में एंटीसेप्टिक और सूजनरोधी गुण होते हैं जो एनल एब्सेस को ठीक करते हैं।

सेंधा नमक –

सामग्री –

  • एक कप सेंधा नमक गुनगुना पानी

इस्तेमाल करने के लिए –

  • एक बड़े बर्तन या बाथ टब को गुनगुने पानी से भरें और फिर उसमें सेंधा नमक डाल दें।
  • अब प्रभावित क्षेत्र को इसमें 15 से 30 मिनट के लिए डुबोएं।
  • इस प्रक्रिया को दिन में तीन से चार बार दोहराएं।

इसके फायदे –

नमक के पानी में सोकने से दर्द कम हो जाता है। इससे आपकी प्रभावित त्वचा मुलायम हो जाती है साथ धीरे-धीरे संक्रमण भी कम हो जाता है। यह सूजन को भी कम करता है।

नीम –

सामग्री –

  • कुछ ताजा नीम के पत्ते
  • पानी

इस्तेमाल करने के लिए –

  • कुछ मात्रा में पानी के साथ नीम की पत्तियों को मिक्सर में डालकर पेस्ट बना लें।
  • अब इस पेस्ट को प्रभावित क्षेत्र पर 15 से 20 मिनट तक लगाकर छोड़ दें।
  • फिर त्वचा को पानी से धो दें।
  • इस प्रक्रिया प्रत्येक घंटे बाद दोहराएं।

इसके फायदे –

नीम का इस्तेमाल त्वचा की देखभाल के लिए सदियों से किया जा रहा है। इसमें एंटीबैक्टीरियल, एंटीवायरल और एंटीफंगल गुण होते हैं जो संक्रमण का इलाज करने में मदद करते हैं। लेकिन ध्यान रहे घरेलू उपाय करने से पहले डॉक्टर से सम्पर्क करें।

अगर आप एनल एब्सेस (Anal Abscess)से जुड़े किसी तरह के कोई सवाल का जवाब जानना चाहते हैं, तो आप हमें कमेंट बॉक्स में लिखकर पूछ सकते हैं। हमारे हेल्थ एक्सपर्ट आपके सवालों के जवाब देने की कोशिश करेंगे। हालांकि अगर आप एनल एब्सेस के शिकार हैं, तो डॉक्टर से कंसल्टेशन करें, क्योंकि ऐसी स्थिति में डॉक्टर आपके हेल्थ कंडिशन (Health condition) को ध्यान में रखकर और एनल एब्सेस के लक्षणों (Anal Abscess symptoms) को समझकर जल्द से जल्द इलाज शुरू करेंगे।

हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।

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Anoop Singh द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 15/06/2021 को
डॉ. पूजा दाफळ के द्वारा एक्स्पर्टली रिव्यूड
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