बच्चे को स्तनपान कराने के बाद भी कहीं वो भूखा तो नहीं? ऐसे पता लगाएं

चिकित्सक द्वारा समीक्षित | द्वारा

अपडेट डेट जनवरी 3, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें
अब शेयर करें

बच्चे को स्तनपान कराने के दौरान अक्सर कुछ मांओं के मन में ये सवाल होता है कि बच्चे का पेट भरा होगा कि नहीं। कई महिलाएं होती हैं, जिन्हें यह समझ नहीं आता कि  बच्चे को स्तनपान कराने के बाद भी उनका पेट भरा है या नहीं। खासतौर पर नई मांओं के लिए यह समझ पाना मुश्किल हो जाता है। बच्चे का पेट भरा रहे उसके लिए कई बार मां बच्चे को उसके भूख से अधिक दूध पिला देती हैं, जो बच्चे के स्वास्थ्य के लिए अच्छा नहीं है। कभी-कभी मां सोचती हैं कि बच्चे के पीने के लिए उसका दूध पर्याप्त पड़ रहा है या नहीं। ये सवाल कई मांओं के लिए तनाव का कारण भी बन जाता है। तो इन 10 आसान टिप्स को अपना कर आप बच्चे की भूख के बारे में जान सकती हैं। यहां पढ़ें कि कैसे पता लगाएं कि आपका बच्चा भूखा है या नहीं।

क्या आपका बच्चा भूखा है?

10 टिप्स को जानने से पहले हमें यह जानना जरूरी है कि बच्चे को भूख कब लगी है? या फिर बच्चा अपनी भूख के बारे में कैसे बता रहा है? वाराणसी के सृष्टि क्लीनिक के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. पी. के. अग्रवाल ने हैलो स्वास्थ्य को बताया कि “बच्चा अपनी भूख को जाहिर करने के लिए कुछ इशारे करता है, जिन्हें मां को समझने की जरूरत होती है, जैसे कि

  • बच्चा अपनी उंगलियां या हाथ अपने मुंह में डालता है।
  • बच्चा जोर-जोर से रोने लगता है।
  • बच्चा बेचैन नजर आता है।
  • स्तनपान कराने के बाद भी मां के स्तन मुलायम नहीं होते हैं।

बच्चे द्वारा किए गए इन इशारों को देखते हुए मां को स्तनपान करा देना चाहिए, जिससे बच्चे की भूख शांत होती है और उसे राहत मिलती है।”

यह भी पढ़ें ः बीमारी के दौरान शिशु को स्तनपान कराना सही है या गलत?

जानें कैसे पता लगाएं

बच्चे का पेट भरा या नहीं इसे जानने के 10 आसान उपाय हैं। जिसकी मदद से आप खुद को संतुष्ट कर सकती हैं कि बच्चे ने भर पेट दूध पिया है।

1-बच्चे के डायपर  की संख्या है सबसे अच्छा इंडिकेटर

हर स्तनपान के बाद बच्चे पेशाब करते हैं। इस तरह से समझा जा सकता है कि बच्चे को मां का दूध पर्याप्त मात्रा में मिल रहा है या नहीं। अगर बच्चे को कपड़े की नैप्किन पहना रही हैं तो पूरे दिन में बच्चा छह से सात बार पेशाब करेगा। वहीं, अगर डायपर का प्रयोग कर रही हैं तो चार से छह डायपर बच्चे को लग जाते हैं। बच्चे के डायपर की संख्या चार या छह है तो आपका बच्चा भूखा बिल्कुल भी नहीं है।

2- स्तनपान कराते समय आवाज का आना

बच्चा स्तनपान करते समय ‘चप-चप’ सी आवाज करता है। इस आवाज को सुन कर घबराएं नहीं, बल्कि खुश हो कि बच्चा स्तनपान के दौरान आवाज कर रहा है। पर्याप्त मात्रा में दूध मिलने से ही बच्चा ऐसी आवाजें करता है। अगर स्तनों से दूध पर्याप्त मात्रा में नहीं निकलेगा तो बच्चा निप्पल को सिर्फ सक (Suck) करता रहेगा। स्तन से दूध न निकलने की स्थिति में बच्चा सो भी सकता है।

3- क्या बच्चे को सही तरीके से लैच करा रही हैं?

बच्चे का पेट भरना मां द्वारा बच्चे को स्तनपान कराने के तरीके पर भी निर्भर करता है। अगर मां बच्चे को सही तरीके से लैच नहीं कराएगी तो बच्चा सिर्फ निप्पल को ही सक (Suck) करता रह जाएगा और दूध नहीं पी पाएगा। इसलिए बच्चे को सही तरीके से अपने स्तनों को पकड़ाएं और ध्यान दें कि बच्चा दूध पी रहा है या नहीं। इससे आपको समझ आएगी कि बच्चा भूखा है या नहीं।

4- बच्चे का बढ़ता वजन है अच्छी बात

जन्म के तुरंत बाद डॉक्टर बच्चे के वजन से उसके स्वास्थ्य का आंकड़ा लगाते हैं। बच्चे का वजन शुरुआती दिनों में थोड़ा घटता है। अगर बच्चे को पर्याप्त मात्रा में दूध मिल रहा है तो बच्चे का वजन बढ़ने लगेगा। इस तरह से भी हर हफ्ते या 15 दिनों पर बच्चे के वजन से भी पता कर सकती हैं।

5- स्तनों का आकार भी बताता है बहुत कुछ

मां जब तक स्तनपान नहीं कराती हैं, तब तक उसके स्तनों में दूध भरे होने से वह ठोस होते हैं। जैसे-जैसे बच्चा दूध पीता है स्तन नर्म होने लगता है और मां को स्तनों में होने वाले दर्द से भी राहत मिलती है। इस तरह से मां समझ सकती है कि बच्चे के लिए स्तनों में पर्याप्त दूध बन रहा है।

6- बच्चे के मल के रंग पर दें ध्यान

आमतौर पर बच्चे के मल का रंग पीला या हरा होता है। लेकिन, मां को बच्चे के मल के रंग पर ध्यान देना चाहिए। जब बच्चे के मल का रंग गहरे रंग में बदलने लगे तो इसका मतलब होता है कि बच्चे के शरीर में पानी की कमी है। ऐसे में उसे ज्यादा से ज्यादा बच्चे को स्तनपान कराने की कोशिश करें। अमूमन बच्चे दिन में दो से तीन बार मल त्याग करते हैं।

7- बच्चे की हरकतें बताती हैं कि पेट भरा हुआ है

बच्चा स्तनपान के बाद अगर खुश दिखता है या एक्टिव नजर आता है तो इसका मतलब होता है कि उसका पेट भर गया है। लेकिन, अगर बच्चा अपने हाथ मुंह में डाले या गोद में लेने पर स्तन ढूंढे तो इसका मतलब है कि शिशु अभी भी भूखा है। ऐसी परिस्थिति में बच्चे को स्तनपान कराएं।

8- बच्चे द्वारा होंठों को बंद करना मां के लिए मैसेज है

बच्चे को स्तनपान करने के बाद बच्चा अपने होठों को बंद कर लेता है। इससे मां को समझ जाना चाहिए कि बच्चे का पेट भर गया है। बच्चा अपने होठों से मां को मैसेज देने की कोशिश कर रहा है कि “मेरा पेट भर गया है।”

9- बच्चे की त्वचा कहती है बहुत कुछ

बच्चे को अगर भरपूर मात्रा में पोषण और मां का दूध मिल रहा है तो उसकी त्वचा चमकदार रहती है। अगर बच्चे को सही मात्रा में मां का दूध नहीं मिल रहा है तो उसकी त्वचा में चमक नहीं रहेगी और झुर्रीदार त्वचा नजर आएगी। ऐसे में मां को सजग होकर बच्चे को स्तनपान कराना चाहिए।

इन सभी इशारों से आप बेहद आसानी से समझ सकती हैं कि बच्चे को स्तनपान कराने के बाद उसकी भूख खत्म हुई है या नहीं। बच्चा क्या करता है, क्या सोचता है? सब मां को पता होता है। किसी तरह की कोई समस्या आने से मां को परेशान होने की जरूरत नहीं होती है। मां को बस अनुभवी मां से बात करनी चाहिए, या फिर डॉक्टर से मिलना चाहिए। बाकी स्तनपान कराने के क्रम को हर दो घंटे पर जारी रखें।

और पढ़ें :-

स्तनपान कराने वाली महिलाओं को कैसी ब्रा पहननी चाहिए?

क्या स्तनपान का प्रभाव फर्टिलिटी पर भी पड़ता है ?

गर्भावस्था में प्रेग्नेंसी पिलो के क्या हैं फायदे?

क्या प्रेग्नेंसी में चॉकलेट खाना सेफ है?

हैलो हेल्थ ग्रुप चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार प्रदान नहीं करता है

क्या यह आर्टिकल आपके लिए फायदेमंद था?
happy unhappy

संबंधित लेख:

    शायद आपको यह भी अच्छा लगे

    स्तनपान है बिल्कुल आसान, मानसिक रूप से ऐसे रहें तैयार

    स्तनपान एक लंबी और महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जिसके लिए मानसिक रूप से तैयारी बहुत जरूरी है। आइए, इस बारे में एक्सपर्ट से जानते हैं, कि खुद को ब्रेस्टफीडिंग के लिए कैसे तैयार करें और क्यों... Breastfeeding is a mind game and you can win it too!

    के द्वारा लिखा गया Sanket Pevekar
    वीडियो अगस्त 2, 2020 . 1 मिनट में पढ़ें

    डिलिवरी के बाद अवसाद की समस्या से कैसे पाएं छुटकारा

    डिलिवरी के बाद अवसाद की समस्या का कई महिलाओं को सामना करना पड़ता है, जिसे मेडिकल भाषा में पोस्टपार्टम डिप्रेशन कहते हैं। यह क्यों होता है और इससे कैसे छुटकारा बताएं, इस बारे में बता रही हैं हमारी एक्सपर्ट। Postpartum depression

    के द्वारा लिखा गया Sanket Pevekar
    वीडियो अगस्त 2, 2020 . 1 मिनट में पढ़ें

    विभिन्न प्रसव प्रक्रिया का स्तनपान और रिश्ते पर प्रभाव कैसा होता है

    डिलिवरी का तरीका आपके स्तनपान की प्रक्रिया के साथ-साथ शिशु और मां के बीच के रिश्ते पर भी असर डालता है। इस बारे में विस्तार से चर्चा कर रही हैं हमारी चाइल्डबर्थ एजुकेटर Divya Deswal… How do Different Birthing Practices Impact Breastfeeding and Bonding

    के द्वारा लिखा गया Sanket Pevekar
    वीडियो अगस्त 2, 2020 . 1 मिनट में पढ़ें

    ब्रेस्टफीडिंग बनाम फॉर्मूला फीडिंग: क्या है बेहतर?

    शिशु के विकास के लिए स्तनपान और फॉर्मूला मिल्क में से क्या बेहतर है, जिससे उसे पर्याप्त पोषण मिल सके। जिंदगी के शुरुआती चरण में शिशु को अगर पर्याप्त पोषण मिलता है, तो वह जिंदगीभर कई बीमारियों व संक्रमणों से दूर रहता है। Breastfeeding vs Formula Feeding

    के द्वारा लिखा गया Sanket Pevekar
    वीडियो अगस्त 2, 2020 . 1 मिनट में पढ़ें

    Recommended for you

    Breastfeeding quiz

    Quiz: स्तनपान के दौरान कैसा हो महिला का खानपान, जानने के लिए खेलें ये क्विज

    के द्वारा लिखा गया Manjari Khare
    प्रकाशित हुआ अगस्त 28, 2020 . 1 मिनट में पढ़ें
    जिद्दी बच्चे को सुधारने के टिप्स कौन से हैं जानिए

    बच्चों में जिद्दीपन: क्या हैं इसके कारण और उन्हें सुधारने के टिप्स?

    चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
    के द्वारा लिखा गया Anu sharma
    प्रकाशित हुआ अगस्त 20, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें
    स्तनपान

    कोरोना वायरस महामारी के दौरान न्यू मॉम के लिए ब्रेस्टफीडिंग कराने के टिप्स

    चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
    के द्वारा लिखा गया Shikha Patel
    प्रकाशित हुआ अगस्त 6, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें
    ब्रेस्टफीडिंग के 1000 दिन

    जानें ब्रेस्टफीडिंग के 1000 दिन क्यों है बच्चे के जीवन के लिए जरूरी?

    चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
    के द्वारा लिखा गया Shayali Rekha
    प्रकाशित हुआ अगस्त 2, 2020 . 7 मिनट में पढ़ें