कोराना के संक्रमण से बचाव के लिए बार-बार हाथ धोना है जरूरी, लेकिन स्किन की करें देखभाल

चिकित्सक द्वारा समीक्षित | द्वारा

अपडेट डेट सितम्बर 21, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें
अब शेयर करें

“इंफेक्शन से बचने के लिए मैं बार-बार हाथ धोती हूं लेकिन, कोरोना वायरस के डर से अब मैं कई बार हाथ धोने लगी हूं जबकि कई बार तो हैंड वॉश करने की जरूरत नहीं होती है।” ये कहना है मुंबई की रहने वाली 39 वर्षीय प्रीति तिवारी का। दरअसल, कोरोना वायरस से बचने के लिए बार-बार हाथ धोना बेहद जरूरी है। इस जानलेवा संक्रमण से बचने के लिए हमसभी हैंड वॉश करने का सही तरीका अपना भी रहें हैं। पिछले कुछ दिनों से हाथ धोने पर हमसभी ज्यादा दवाब डालने लगे हैं। ऐसे में जब हमें इंफेक्शन से बचना है और हेल्दी रहना है, तो हैंड वॉशिंग जरूरी है पर कुछ बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है।

और पढ़ें : कोरोना वायरस की सही जानकारी ही बचा सकती है इस संक्रमण से, जानिए

बार-बार हाथ धोना क्यों है जरूरी?

बार-बार धोना या दिनभर में कई बार हाथ धोना जरूरी है क्योंकि हम सभी कई ऐसे काम करते हैं जिसकी वजह से हाथों और उंगलियों में कई तरह के किटाणु होते हैं, जिन्हें हम ऐसे नहीं देख सकते हैं। हाथों में मौजूद संक्रमण कई बीमारियों को दस्तक देने के लिए काफी है।

हाथों की सफाई अगर ठीक तरह से न की गई तो निम्नलिखित बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। जैसे-

  • डायरिया
  • गैस्ट्रोएंटेराइटिस
  • दस्त
  • हैजा 
  • टाइफॉइड
  • हेपिटाइटिस-
  • हेपिटाइटिस-
  • जॉन्डिस 
  • H1N1 (स्वाइन फ्लू)
  • और अब तो कोरोना वायरस का भी खतरा हो सकता है। 

और पढ़ें : कोरोना वायरस से लड़ने के लिए चाहिए हेल्दी इम्यूनिटी, तो हैं आप तैयार?

हैंड वॉश कब करना चाहिए?

बार-बार हाथ धोने की आदत है, तो निम्नलिखित कामों को करने के पहले और करने के बाद जरूरी है।

  • खाना बनाने के पहले
  • खाना या कोई भी खाद्य पदार्थ के सेवन से पहले और बाद में
  • बच्चे को खिलाने के पहले और बाद में
  • घर में अगर कोई व्यक्ति बीमार है, तो उनकी देखभाल के पहले और बाद में
  • आंखों में लेंस लगाने के पहले और ठीक इसी तरह निकालने के बाद
  • शौचालय के उपयोग के बाद
  • बड़े या बच्चे के डायपर को बदलने के बाद
  • खांसने या छींकने के बाद। इस दौरान बेहतर होगा की टिशू पेपर का इस्तेमाल करें और फिर इस्तेमाल किए हुए टिशू को ढ़क्कन वाले डस्टबिन बॉक्स में
  • गंदे कपड़े, जूते या कचरे के डब्बे को छूने के बाद

इन कामों के अलावा अगर आपको लगता है की आपने कोई ऐसा काम किया है, जिस वजह से हाथ गंदे हैं लेकिन, आप भूल गए हैं, तो बेहतर होगा की आप हैंड वॉश कर लें। इनसभी बातों को ध्यान में रखा जाए तो आप किसी भी संक्रमण या कोरोना वायरस से भी बच सकते हैं। वैसे एक बात हमेशा ध्यान रखना चाहिए की कोई भी काम अगर आप जरूरत से ज्यादा करते हैं, तो उसका नुकसान भी हो सकता है। यह ठीक वैसा ही है की अगर आप संतुलित आनाज का सेवन न करें या आवश्यक से ज्यादा आहार लेंगें तो इसके साइड इफेक्ट्स भी हो जाते हैं। यहां हम आपको यह सलाह नहीं दे रहें की आप बार-बार हाथ न धोएं बल्कि कुछ बातों का ध्यान रखें, जिससे स्किन संबंधी परेशानी से बच सकते हैं।

और पढ़ें : फेफड़ों के बाद दिमाग पर अटैक कर रहा कोरोना वायरस, रिसर्च में सामने आईं ये बातें

बार-बार हाथ धोना पड़ रहा है, तो क्या करें?

हैंडवाशिंग हैंड हाइजीन का केवल एक हिस्सा है। बार-बार हाथ धोना जरूरी है लेकिन, इसके साथ ही हाथों की त्वचा की देखभाल भी महत्वपूर्ण है।

  1. यदि आपके हाथ लगातार पानी में हैं या आपको बार-बार हाथ धोना पड़ता है, तो पानी के साथ हैंड एब्सॉर्बेन्ट क्रीम का इस्तेमाल करें। हैंड एब्सॉर्बेन्ट क्रीम हाथों की त्वचा में नमी का बैलेंस बनाए रखने में मददगार हो सकता है।
  2. अगर आपको ज्यादा बर्तन या कपड़े धोने पड़ते हैं, तो ऐसे में हैंड ग्लब्स पहनना चाहिए।
  3. अगर आप गार्डनिंग करते हैं, इस समय भी हैंड ग्लब्स पहनकर ही करें।

कोरोना वायरस के संक्रमण से बचने के लिए बार-बार हाथ धोना जरूरी है। इसलिए ऊपर बताई गई तीन बातों को जरूर अपनाएं।

और पढ़ें : आइसोलेशन के बिना एक कोरोना पेशेंट कितने लोगों को कर सकता है बीमार

कोरोना वायरस के इस कहर की वजह से हमसभी सोप और सैनिटाइजर की चर्चा तो खूब कर रहें हैं लेकिन, इस दौरान और हमेशा ही स्वस्थ रहने के लिए हाथों से जुड़ी निम्नलिखित तीन बातों को समझना जरूरी है।

1. गर्म पानी

बार-बार हाथ धोना आवश्यक है, तो हल्के गर्म पानी या रनिंग वॉटर का इस्तेमाल करना चाहिए। देर से जमा हुआ पानी हाथों की त्वचा को नुकसान पहुंचा सकते हैं। अत्यधिक गर्म पानी का इस्तेमाल न करें। क्योंकि नॉर्मल से ज्यादा गर्म पानी स्किन को डल बनाता है और स्किन ड्राई हो जाती है।

2. सैनिटाइजर

कोरोना वायरस या किसी भी संक्रमण से लड़ने के लिए अगर हैंड सैनिटाइजर का इस्तेमाल करते हैं, तो ऐसे सैनिटाइजर का इस्तेमाल करें जिसमें एल्कोहॉल की मात्रा 60 प्रतिशत से ज्यादा हो। अगर सैनिटाइजर में एल्कोहॉल की मात्रा 60 प्रतिशत से कम है, तो ऐसे में हैंड सैनिटाइजर का इस्तेमाल न करें। बेहतर होगा की आप स्वास्थय विशेषज्ञों से सलाह लें और फिर उनके द्वारा बताए गए सैनिटाइजर का इस्तेमाल करें। सैनिटाइजर का इस्तेमाल तब करें जब पानी और सोप आप इस्तेमाल नहीं कर पा रहीं हों।

3. सोप

अगर आप घर पर हैं और बार-बार हाथ धोना या हाथों को जानलेवा संक्रमण से बचाना चाहती हैं या चाहते हैं तो सोप का इस्तेमाल करें। इस दौरान साबुन या लिक्विड सोप का इस्तेमाल किया जा सकता है।

और पढ़ें : बुजुर्गों को कोरोना का खतरा अधिक, जानें कैसे करें बचाव

बार-बार हाथ धोना इंफेक्शन से बचने में सहायक है लेकिन, क्या है इसका सही तरीका?

अगर आप बार-बार हाथ धोना जरूरी समझते हैं या ऐसा कर रहें है लेकिन, अगर आप हाथ धोने का सही तरीका नहीं जानते हैं तो बार-बार हाथ धोने का कोई फायदा नहीं होगा। इसलिए हैंड वॉशिंग के दौरान निम्नलिखित बातों का ध्यान रखें। जैसे-

  • हाथों को पहले हल्के गर्म पानी या रनिंग वॉटर से गीला करें और नल को बंद कर दें
  • साबुन या लिक्विड सोप हाथों में लें और 20 सेकेंड तक हाथों के ऊपर, नीचे, कलाई, नाखून और उंगलियों के गैप में अच्छी तरह से लगाएं। अगर आपके हाथ ज्यादा गंदे हैं, तो 20 सेकेंड से ज्यादा वक्त देकर हाथों को साफ करें। इस दौरान दोनों हाथों आपस में तेजी से रगड़ें
  • अगर आप फिंगर रिंग्स पहनते हैं, तो हैंड वॉश के दौरान रिंग के ऊपर और आसपास भी ठीक से सोप का इस्तेमाल करें
  • अब हल्के गर्म या रनिंग वॉटर से हाथ धोएं
  • अब हाथों को तौलिए, टिशू या हैंड एयर ड्रायर से सुखाएं
  • घर के हर सदस्य का तौलिया अलग-अलग रखें। एक ही तौलिये का इस्तेमाल न करें

बार-बार हाथ धोना है और संक्रमण से बचने के साथ-साथ स्किन की त्वचा को हेल्दी रखना है, तो ऊपर बताई बातों को अवश्य ध्यान में रखें और हेल्दी रहें। अगर आप बार-बार हाथ धोने से जुड़े किसी तरह के कोई सवाल का जवाब जानना चाहते हैं तो विशेषज्ञों से समझना बेहतर होगा।

हैलो हेल्थ ग्रुप चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार प्रदान नहीं करता है

संबंधित लेख:

क्या यह आर्टिकल आपके लिए फायदेमंद था?
happy unhappy"
सूत्र

शायद आपको यह भी अच्छा लगे

Fever : बुखार क्या है? जानें इसके कारण, लक्षण और उपाय

जानिए बुखार (Fever) की जानकारी in hindi,निदान और उपचार, बुखार के क्या कारण हैं, लक्षण क्या हैं, घरेलू उपचार, जोखिम फैक्टर, Fever का खतरा, जानिए जरूरी बातें।

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Ankita Mishra
हेल्थ कंडिशन्स, स्वास्थ्य ज्ञान A-Z जून 2, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें

बच्चों के विकास का बाधा बन सकता है चाइल्ड लेबर, जानें कैसे

चाइल्ड लेबर के दुष्प्रभाव सिर्फ बच्चों का भविष्य ही नहीं, बल्कि पूरे देश का भविष्य बर्बाद कर सकते हैं। इसे मिटाने के लिए सिर्फ सरकार ही नहीं, बल्कि हम सभी को व्यक्तिगत स्तर पर क्रांति लानी होगी।

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Surender Aggarwal
बच्चों की देखभाल, पेरेंटिंग मई 21, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें

बच्चों में ग्रोइंग पेन क्या होता है?

जानें बच्चों ग्रोइंग पेन क्या होता है। साथ ही छोटे बच्चों के पैरों में दर्द की कैसे पहचान करें। इस लेख में पढ़ें Growing pain के कारण और इलाज के बारे में।

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Shivam Rohatgi
बच्चों की देखभाल, पेरेंटिंग अप्रैल 28, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें

मलेरिया से जुड़े मिथ पर कभी न करें विश्वास, जानें फैक्ट्स

जानिए मलेरिया से जुड़े मिथ और फैक्ट्स क्या हैं, Myths and Facts about Malaria in hindi, मलेरिया से जुड़े मिथ से कैसे दूर रहें, Malaria se jude myths, malaria se kaise bachav kareien, मलेरिया से कैसे बचें।

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Surender Aggarwal
स्वास्थ्य बुलेटिन, लोकल खबरें अप्रैल 25, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें

Recommended for you

वायल बुखार के घरेलू उपाय

वायरल बुखार के घरेलू उपाय, जानें इस बीमारी से कैसे पायें निजात

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Satish singh
प्रकाशित हुआ जुलाई 14, 2020 . 6 मिनट में पढ़ें
बैंडी सिरप

Bandy Syrup: बैंडी सिरप क्या है? जानिए इसके उपयोग और साइड इफेक्ट्स

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Satish singh
प्रकाशित हुआ जून 25, 2020 . 6 मिनट में पढ़ें
बेनोसाइड फोर्ट

Banocide Forte: बेनोसाइड फोर्ट क्या है? जानिए इसके उपयोग और साइड इफेक्ट्स

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Hemakshi J
के द्वारा लिखा गया Satish singh
प्रकाशित हुआ जून 17, 2020 . 6 मिनट में पढ़ें
वायरल फीवर-Viral Fever

Viral Fever: वायरल फीवर क्या है? जानें इसके कारण, लक्षण और उपाय

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Ankita Mishra
प्रकाशित हुआ जून 11, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें