Emeset: एमसेट क्या है? जानिए इसके उपयोग और साइड इफेक्ट्स

चिकित्सक द्वारा समीक्षित | द्वारा

अपडेट डेट जुलाई 14, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें
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फंक्शन

एमसेट (Emeset) कैसे काम करता है?

एमसेट4 एमजी टैबलेट में मौजूद एंटीइमेटिक एजेंट की मदद से कुछ मेडिकल कंडिशन के कारण उत्पन्न हुई समस्याएं जैसे जी मिचलाना और उल्टी का उपचार किया जाता है। वहीं इस दवा का इस्तेमाल कीमोथेरिपी के रेडिएशन के कारण होने वाली उल्टी और जी मिचलाना जैसी समस्याओं से निजात दिलाने के लिए होता है।

इस दवा का इस्तेमाल चार साल से कम उम्र के बच्चे नहीं कर सकते हैं। ऐसा इसलिए है क्योंकि यदि वे इसका सेवन करेंगे तो संभावनाएं रहती हैं कि उनमें साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं। बता दें कि इस टैबलेट में ओन्देनसेट्रोन (4 एमजी) पाया जाता है और यह एंटी इमेटिक ग्रुप से संबंधित है। यह दवा टैबलेट के साथ डिसॉल्विंग टैबलेट, फिल्म और सॉल्यूशन के साथ इंजेक्शन में मौजूद है।

डोसेज

एमसेट (Emeset)  का सामान्य डोज क्या है?

एमसेट बच्चों, व्यस्क और बुजुर्गों की हाइट, वजन और हेल्थ कंडिशन को देखने के साथ ही मेंटल लेवल की जांच करने के बाद ही एक्सपर्ट देते हैं। इसलिए जरूरी है कि दवा का सेवन करने को लेकर डॉक्टरी सलाह जरूर लें।

ओवरडोज या आपात स्थिति में मुझे क्या करना चाहिए?

डॉक्टर के सुझाए डोज से यदि आप ज्यादा डोज का सेवन कर लेते हैं तो जरूरी है कि जल्द से जल्द डॉक्टरी सलाह लें। इस परिस्थिति में आपको मेडिकल इमरजेंसी तक की जरूरत पड़ सकती है।

एमसेट (Emeset) की खुराक मिस हो जाए तो क्या करूं?

यदि आप एमसेट टैबलेट का सेवन करना भूल जाते हैं तो उस परिस्थिति में जरूरी है कि जितनी जल्दी आपको याद आए दवा का सेवन कर लें। अगर दूसरे डोज का समय आ चुका है तो पुराने डोज को रहने दें और अभी के डोज का सेवन करें। डबल डोज का सेवन न करें।

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उपयोग

एमसेट (Emeset) का इस्तेमाल कैसे करना चाहिए?

एमसेट दवा का सेवन आप चाहें तो खाने के साथ या बिना भोजन के सिर्फ पानी के साथ कर सकते हैं, लेकिन खाने के बाद यदि इसका सेवन करेंगे तो काफी फायदा पहुंचेगा और स्टमक संबंधी परेशानियां भी नहीं होगी, लेकिन जरूरी है कि पहले डॉक्टरी सलाह ली जाए, उसके बाद ही दवा का सेवन शुरू करें। खुराक के बारे में डॉक्टर के दिए दिशा-निर्देशों का पालन करना चाहिए। इस बात का ख्याल रखना चाहिए कि डॉक्टर के द्वारा सुझाए गए डोज से न कम और न ही ज्यादा मात्रा में दवा का सेवन करना चाहिए। दवा के सेवन से कोई रिएक्शन होता है या फिर स्थिति गंभीर होती है तो जरूरी है कि जल्द से जल्द इमरजेंसी ट्रीटमेंट का सहारा लें। दवा को छोड़ने संबंधी निर्णय भी डॉक्टर से पूछकर ही करें।

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साइड इफेक्ट्स

एमसेट (Emeset) के क्या साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं?

एमसेट चार एमजी टैबलेट के मेजर और कुछ माइनर साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं जैसे ;

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सावधानी और चेतावनी

एमसेट (Emeset) का इस्तेमाल करने से पहले मुझे क्या जानना चाहिए?

जब व्यक्ति किसी दूसरी बीमारी से पीड़ित होता है तो जरूरी है कि उसे डॉक्टर को बीमारी और लेने वाली दवाओं के बारे में पूरी जानकारी देनी चाहिए। यदि इस प्रकार की सावधानी नहीं बरती गई तो दूसरी बीमारी के कारण एमसेट का सेवन करने से साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं और मरीज की स्थिति गंभीर हो सकती है। इसलिए जरूरी है कि मरीज को जागरूक होने के साथ डॉक्टर से इन बातों को शेयर करना चाहिए।

  • एलर्जी :  ऐसे मरीज जिनको इस दवा का सेवन करने से एलर्जी होती है उन्हें इसका सेवन नहीं करने की सलाह दी जाती है। क्योंकि इस दवा में ओमडेनस्ट्रोन और अन्य एक्टिव इंग्रीडिएंट्स पाए जाते हैं। इसका सेवन करने से जिसको एलर्जी होती है यदि वो इसका सेवन करें तो स्थिति और बिगड़ सकती है, ऐसे में मरीज को जागरूक होने की आवश्यकता है।
  • एपोमोर्फिन : ऐसे मरीज जो नियमित तौर पर एपोमॉर्फिन दवा का इस्तेमाल करते हैं उनको इस दवा का सेवन करने की सलाह नहीं दी जाती है। संभावनाएं रहती हैं कि इस दवा का सेवन करने के कारण मरीजों को चक्कर आने के साथ वे चेतना खो सकते हैं।
  • प्रेग्नेंसी : इस दवा का सेवन गर्भवती महिलाओं को नहीं करने की सलाह दी जाती है। जरूरी मामलों में ही डॉक्टर इस दवा का सेवन करने की इजाजत देते हैं। ऐसे में गर्भवती महिलाओं को इस दवा का सेवन करने के पूर्व डॉक्टर से इस दवा को लेकर चर्चा करनी चाहिए। जरूरत होने पर वे डोज परिवर्तन कर सकते हैं या फिर वैकल्पिक दवाओं को दे सकते हैं।
  • शिशु को दूध पिलाने वाली महिलाएं: इस दवा का सेवन शिशु को दूध पिलाने वाली महिलाओं को नहीं करने की सलाह दी जाती है ऐसे में महिलाओं को इस दवा का सेवन करने के पूर्व डॉक्टर से इस दवा को लेकर चर्चा करनी चाहिए, जरूरत हो तो डोज परिवर्तन कर सकते हैं या फिर इस दवा के वैकल्पिक दवाओं का सेवन कर सकते हैं। लेकिन उसके पहले जरूरी है कि डॉक्टरी सलाह लेते रहें।
  • लिवर डिजीज : लिवर डिजीज की बीमारी से ग्रसित मरीजों को बेहद ही सावधानीपूर्वक दवा का इस्तेमाल करना चाहिए। बता दें कि दवा का सेवन करने के साथ संभावनाएं रहती हैं कि लिवर की बीमारी से ग्रसित मरीजों की स्थिति  और न बिगड़ जाए। इसलिए जरूरी हो जाता है कि एक्सपर्ट के द्वारा समय-समय पर लिवर फंक्शन टेस्ट के साथ जरूरी डोज रिप्लेसमेंट और इस दवा के वैकल्पिक दवाओं का सेवन करने की सलाह दी जाती है।
  • बच्चे भी कर सकते हैं दवा का इस्तेमाल : बच्चों की सुरक्षा को लेकर इस दवा का सेवन चार साल से कम उम्र के बच्चे नहीं कर सकते हैं। संभावनाएं रहती है कि इस दवा का सेवन करने से उनका स्वास्थ्य बिगड़ सकता है। इसलिए बच्चों को यह दवा देने के पूर्व डॉक्टरी सलाह जरूर लें।

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रिएक्शन

कौन-सी दवाइयां एमसेट (Emeset)  के साथ रिएक्शन कर सकती हैं?

वैसे तो हर दवा हर व्यक्ति पर अलग अलग तरीके से रिएक्ट करती है। एमसेट को लेने से पहले भी इसके रिएक्शन को लेकर डॉक्टरी सलाह जरूर लेना चाहिए। साथ ही डॉक्टर को पहले से सेवन करने वाली दवाइयों की सारी जानकारी देनी चाहिए।

इन दवाओं के साथ एमसेट कर सकती है रिएक्शन

  • एमिट्रिफाइथीलीन (Amitriptyline)
  • कारबामाजीफीन (Carbamazepine)
  • फेनटॉइन (Phenytoin)
  • एमिओडेरोन (Amiodarone)
  • साइक्लोफोस्फामेड (Cyclophosphamide)

शराब के साथ सेवन : इस दवा का सेवन करने के साथ शराब का सेवन करने की सलाह डॉक्टर नहीं देते हैं। ऐसा इसलिए है क्योंकि लोगों को दवा के साथ शराब का सेवन करने से कई प्रकार की समस्या हो सकती है। बता दें कि इस पर ज्यादा शोध नहीं हुए हैं, जरूरी है कि यदि आप नियमित तौर पर शराब का सेवन करते हैं तो इसको लेकर डॉक्टरी सलाह जरूर लें।

इन बीमारियों के साथ रिएक्शन होने की है संभावनाएं

  • क्यूटी प्रोलोंगेशन (QT Prolongation) :  क्यूटी प्रोलोंगेशन की बीमारी से ग्रसित मरीजों को काफी सावधानीपूर्वक इस दवा का सेवन करने की सलाह दी जाती है। ऐसा इसलिए है क्योंकि संभावनाएं रहती है कि इस दवा का सेवन करने से विभिन्न प्रकार के साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं। वहीं मरीज की स्थिति और बिगड़ सकती है। समय-समय पर एक्सपर्ट के द्वारा इलेक्ट्रोलाइट लेवल और किडनी फंक्शन टेस्ट करवाना जरूरी हो जाता है। हो सकता है कि इस दवा को छोड़ डोज रिप्लेसमेंट और वैकल्पिक दवाओं का सेवन करने की सलाह दी जाए। ऐसा मरीज की क्लीनिकल कंडिशन को ध्यान में रखकर दवा परिवर्तन किया जाता है।
  • लिवर डिजीज : बेहद ही सावधानीपूर्वक इस दवा का इस्तेमाल लिवर की बीमारी से ग्रसित मरीजों के लिए किया जाना चाहिए। ऐसा इसलिए है क्योंकि इस दवा का सेवन करने से संभावनाएं रहती हैं कि लिवर डिजीज से ग्रसित मरीज की स्थिति और खराब हो जाए। वहीं दवा का विपरीत असर हो सकता है। ऐसे में जरूरी है कि समय-समय पर लिवर फंक्शन टेस्ट जरूरी हो जाता है।

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स्टोरेज

एमसेट (Emeset)  को कैसे करूं स्टोर?

एमसेट दवा को घर में सामान्य रूम टेम्प्रेचर पर ही रखें। कोशिश करें कि इसे सूर्य कि किरणों से बचाकर रखें। 25 डिग्री तापमान दवा के लिए बेस्ट है, लेकिन फ्रिज में रखने की गलती कतई न करें। यदि आप ऐसा नहीं करते हैं तो यह दवा सामान्य रूप से काम नहीं कर पाएगी। इसके अलावा इसे बच्चों की पहुंच से दूर रखना चाहिए। एक्सपायर होने के पहले ही दवा का सेवन करें। इसे एयरटाइट कंटेनर में रखना चाहिए। दवा को टॉयलेट में फ्लश नहीं करें, इससे पर्यावरण को नुकसान पहुंच सकता है। दवा एक्सपायर हो जाए तो उसे कैसे डिस्पोज करना है इसको लेकर फॉर्मासिस्ट से सलाह लें। सिरप का सेवन करने के बाद ढक्कन को टाइट लगाए ताकि दवा न निकलें।

 एमसेट किस रूप में उपलब्ध है?

  • टैबलेट
  • सिरप
  • इंजेक्शन

उपरोक्त दी गई जानकारी चिकित्सा सलाह का विकल्प नहीं है। अगर आपको इस ड्रग के बारे में अधिक जानकारी चाहिए तो डाक्टरी सलाह लें। बिना डॉक्टर से परामर्श करें दवा का सेवन बिल्कुल भी न करें।

हैलो हेल्थ ग्रुप चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार प्रदान नहीं करता है

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