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Rotator cuff injury : रोटेटर कफ इंजरी क्या है?

परिचय|लक्षण|कारण|जोखिम|निदान|टेस्टस|उपचार|घरेलू उपचार
Rotator cuff injury : रोटेटर कफ इंजरी क्या है?

परिचय

रोटेटर कफ इंजरी क्या है?

रोटेटर कफ चार मांसपेशियों और टेंडनस का ग्रुप है जो कंधे को स्थिर रखने में मदद करता है। यह मूवमेंट में भी सहायता करते हैं। हर समय जब आप अपने कंधे को हिलाते हैं तो आप रोटेटर कफ का प्रयोग करते हैं ताकि यह स्थिर रहें और जोड़ों को मूव करने में मदद करें। रोटेटर कफ इंजरी रोटेटर कफ में लगी चोट है जो पीड़ादायक होने के साथ ही कई अन्य समस्याओं का कारण बन सकती है। रोटेटर कफ इंजरी वयस्कों में दर्द और विकलांगता का सबसे सामान्य कारण है।

लक्षण

रोटेटर कफ इंजरी के लक्षण क्या हैं?

रोटेटर कफ इंजरी से होने वाले दर्द आपको प्रभावित कर सकता है, हालांकि हर रोटेटर कफ इंजरी से दर्द नहीं होता। लेकिन कुछ ऐसी गतिविधियों को करने से बचना चाहिए जो दर्द का कारण बनती हैं। रोटेटर कफ इंजरी के कुछ लक्षण इस प्रकार हैं :

  • कन्धों में अधिक दर्द होना
  • इससे आपकी नींद में व्यवधान पड़ेगा, खासतौर पर अगर आप कंधे के भार सोयेंगे।
  • इससे आप न तो बालों में कंघी कर पाएंगे, न ही अपनी पीठ तक आपके हाथ पहुंचेगे।
  • आपकी बाजू कमजोर हो सकती है।
  • रात के समय अधिक दर्द होना।

अगर आप इन परेशानियों को एक हफ्ते तक महसूस करें और आपकी बाजू को मूवमेंट में समस्या आ रही हो तो तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।

यह भी पढ़ें- Bunions: बनियन क्या है?

कारण

रोटेटर कफ इंजरी के कारण क्या हैं?

  • रोटेटर कफ इंजरी का कारण कंधे में लगने वाली चोट या किसी ऊतक या अंग की कोशिकाओं को हुआ नुकसान हो सकता है।
  • कंधे या सिर को अधिक हिलाने या कोई भारी चीज़ को अधिक समय तक उठाने से भी यह चोट लग सकती है।
  • रोटेटर कफ पर लगी चोट तब लग सकती है जब आप अचानक हाथ या कंधे के भार नीचे गिरते हैं। यह समस्या समय के साथ बार-बार ऐसी गतिविधियों को करने से बढ़ सकती है।
  • रोटेटर कफ की समस्या उम्र के बढ़ने के साथ ऊतकों में होने वाली डिजनरेशन के कारण भी हो सकती है।

जोखिम

रोटेटर कफ इंजरी का जोखिम क्या है?

  • उम्र : जैसे उम्र बढ़ती है वैसे ही रोटेटर कफ इंजरी होने का जोखिम बढ़ जाता है। चालीस साल के होने के बाद यह समस्या होना सबसे सामान्य है।
  • खास खेल: वो खिलाडी जो नियमित रूप से हाथों या बाजुओं के मूवमेंट वाला खेल खेलते हैं जैसे बेसबॉल, टेनिस, निशानेबाजी आदि। उन्हें यह समस्या होने की संभावना अधिक होती है।
  • निर्माण कार्य: बढ़ईगीरी या पेंट जैसे व्यवसायों से जुड़े व्यक्तियों को अपने काम में बाजू को अधिक हिलाना पड़ता है। ऐसे में उन्हें रोटेटर कफ इंजरी भी हो सकती है।
  • फॅमिली हिस्ट्री: रोटेटर कफ इंजरी का एक कारण आनुवंशिक भी हो सकता है क्योंकि यह समस्या कुछ परिवारों में अधिक सामान्य होती हैं।

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निदान

रोटेटर कफ इंजरी का निदान क्या है?

सबसे पहले डॉक्टर आपसे गंभीर इंजरी के बारे में पूछेंगे। इसके साथ ही आपसे पुराने लक्षणों के बारे में पूछा जाएगा। उन समस्याओं के बारे में भी जाना जाएगा जो लंबे समय से आपको हैं।

  • फिजिकल एग्जाम : फिजिकल एग्जाम में अक्सर हड्डियों की विकृति, मांसपेशियों का कार्य और सामान्य की तुलना में क्षतिग्रस्त कंधे में परिवर्तन की जांच शामिल होती है।
  • मूल्यांकन: इसके बाद आपके कंधों का मूल्यांकन किया जायेगा। मूल्यांकन में दोनों कंधों की मूवमेंट का आकलन किया जाएगा। अगर आपको यह संदेह हो कि आपकी हड्डी टूटी हुई है, तो इसकी जांच के लिए देरी न करें। कंधे की मांसपेशियों में चोट को इस तरह से भी जांचा जा सकता है कि आप ग्रेविटी के विपरीत कितना हाथ उठा सकते हैं।
  • बाजू और हाथ में रक्त का प्रवाह और सनसनी का आकलन किया जा सकता है, नसों को महसूस करके दर्द, इनके हिलने या छूने को महसूस किया जा सकता है।
  • आपकी गर्दन को जांचा जा सकता है। यह चीज़ व्यक्ति की उम्र, इंजरी की वजह और लक्षण आदि के आधार पर जांची जाती है। डॉक्टर आपकी छाती के दर्द या साँस लेने में समस्या को भी जांच सकते हैं।

टेस्टस

रोटेटर कफ इंजरी की जांच क्या है?

रोटेटर कफ इंजरी के बारे में अधिक जानने के लिए कई अन्य टेस्ट कराये जा सकते हैं:

टूटी हड्डियों या गठिया आदि के बारे में पता करने के लिए सामान्य X-रे कराया जा सकता है। रोटेटर कफ इंजरी में भी सामान्य X-रे कराया जा सकता है। इनके अलावा MRI और अल्ट्रासोनोग्राफी भी कराई जा सकती है।

उपचार

रोटेटर कफ इंजरी का उपचार क्या है?

रोटेटर कफ इंजरी के उपचार इस प्रकार किया जाता है:

  • आराम
  • नोस्टेरॉइडल एंटी-इंफ्लेमेटरी ड्रग्स(Nonsteroidal anti-inflammatory drugs)(NSAIDs)
  • स्ट्रेंग्थेनिंग और स्ट्रेचिंग एक्सरसाइजेज
  • अल्ट्रासाउंड थेरेपी
  • कॉर्टिकोस्टेरॉइड शॉट (इंजेक्शन)
  • सर्जरी (गंभीर स्थिति में)

सर्जरी

गंभीर स्थितयों में सर्जरी का सहारा भी लिया जा सकता है। कौन सी सर्जरी करनी है यह कई चीज़ों पर निर्भर करता है। रोटेटर कफ इंजरी में यह सर्जरी की जा सकती हैं:

  • अर्थरोस्कोपिक टेंडन रिपेयर: इस प्रक्रियां में सर्जन एक छोटा कैमरा और टूल हड्डी में डालते हैं।
  • ओपन टेंडन रिपेयर : कुछ स्थितियों में ओपन टेंडन रिपेयर एक अच्छा विकल्प है। इस सर्जरी में आपका सर्जन हड्डी को क्षतिग्रस्त टेंडन को फिर से ठीक करने के लिए बड़ा चीरा लगाता है।
  • शोल्डर रिप्लेसमेंट: कई रोटेटर कफ इंजरी में कंधे की रिप्लेसमेंट सर्जरी की आवश्यकता पड़ सकती है।

घरेलू उपचार

रोटेटर कफ इंजरी का घरेलू उपचार क्या है?

ब्रेक लें

जो लोग एथलिट हैं या जो ऐसा काम करते हैं जिसमे कंधों का लगाता उपयोग होता है, ऐसे लोगों को लगातार काम नहीं करना चाहिए बल्कि अपने काम के बीच में समय -समय पर आराम करने के लिए ब्रेक अवश्य लेना चाहिए। इससे आपके कंधे के बोझ कम हो जायेगा।

एक्सरसाइज

नियमित रूप से एक्सरसाइज करें। एक्सरसाइज से कंधे को मजबूती मिलेगी और आपका कन्धा अच्छे से काम कर पायेगा। अपने डॉक्टर से इन एक्सरसाइज के बारे में पूछें।

बर्फ का प्रयोग

अगर कंधे में दर्द है तो प्रभावित जगह पर सूजन को कम करने के लिए बर्फ लगाएं। बर्फ को कपडे में लपेटकर इस जगह पर लगभग दस मिनट तक लगाएं। सीधे बर्फ का इस्तेमाल त्वचा पर न करें। ऐसा करना त्वचा के लिए हानिकारक हो सकता है।

दवाईयों का प्रयोग

कॉर्टिसोन, एक स्टेरॉयड है जिसे प्रभावित स्थान पर इंजेक्शन से लगाने से सूजन कम होती है। दर्द दूर करने के लिए आइबूप्रोफेन या नेप्रोक्सेन सोडियम या एसिटामिनोफेन भी दी जा सकती है लेकिन इन दवाईयों का प्रयोग डॉक्टर की सलाह के बाद ही करना चाहिए।

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। बेहतर जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श करें।

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Anu sharma द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 27/05/2020 को
डॉ. प्रणाली पाटील के द्वारा मेडिकली रिव्यूड
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