Hepatitis C: हेपेटाइटिस सी क्या है?

चिकित्सक द्वारा समीक्षित | द्वारा

अपडेट डेट सितम्बर 14, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें
अब शेयर करें

परिचय

हेपेटाइटिस सी (Hepatitis C) क्या है?

हेपेटाइटिस सी (Hepatitis C) लिवर में होने वाला एक संक्रामक रोग है जो हेपेटाइटिस सी वायरस यानी एचसीवी (HCV) के कारण होता है। आमतौर पर इसके लक्षण बहुत धीमी गति के साथ विकास करते हैं जिसकी वजह से इसके उपचार में अक्सर देरी हो जाती है। इसका संक्रमण शरीर में संक्रमित खून और तरल पदार्थ के जरिए फैलता जाता है। हेपेटाइटिस सी एक रक्त संक्रमित बीमारी है, जो एक ही सुई से इंजेक्शन लगाने, टैटू बनवाने, एक्यूपंचर करवाने, दूषित टूथब्रश का इस्तेमाल करने, लंबी डायलसिस, संक्रमित खून चढ़ाने और एक ही ब्लेड से दाढ़ी बनाने जैसे अन्य कारणों से भी आसानी से फैल सकता है। हेपेटाइटिस सी दो प्रकार का होता है, जिसमें जीनो टाइप-1 और जीनो टाइप-3 शामिल हैभारत में लगभग 70 फीसद मरीज हेपेटाइटिस सी के जीनो टाइप-3 से पीड़ित पाए जाते हैं। कुछ ऐसे भी मामले देखें गए हैं जिनमें रोगी का उपचार या सर्जरी करने वाले चिकित्सक और पैरामेडिकल स्टाफ भी इसकी चपेट में आ जाते हैं।

हेपेटाइटिस सी के स्टेज को समझें 

हेपेटाइटिस सी संक्रमण कई अलग-अलग तरीकों से लोगों को प्रभावित कर सकता है और जिसके कई अलग-अलग चरण होते हैं:

  • इंक्यूबेशन पीरियडः इंक्यूबेशन पीरियड हेपेटाइटिस सी के शुरूआती संक्रमण के चरण को कहा जाता है। यह चरण 14 से 80 दिनों तक बना रह सकता है। हाालंकि, यह चरण 45 दिनों तक कम से कम चलता है।
  • अक्यूट हेपेटाइटिस सीः अक्यूट हेपेटाइटिस सी इसके संक्रमण के तेजी से विकास होने का दौर होता है। यह एक अल्पकालिक बीमारी है जिसका वायरस शरीर में प्रवेश करने के बाद पहले 6 महीनों तक रहता है। आमतौर पर 6 महीनों के बाद यह उचित देखभाल और उपचार या कभी-कभी अपने आप भी ठीक हो जाता है।
  • क्रोनिक हेपेटाइटिस सीः अगर 6 महीने के बाद किसी के शरीर में हेपेटाइटिस सी के संक्रमण बने रहते हैं, तो उस स्टेज को क्रोनिक हेपेटाइटिस सी कहा जाता है। इसके कारण लिवर कैंसर या सिरोसिस जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं जन्म ले सकती हैं।
  • सिरोसिसः सिरोसिस की स्थिति में लिवर में सूजन की समस्या हो जाती है। जो समय के साथ-साथ लिवर की स्वस्थ कोशिकाओं को नुकसान पहुंचाती है। हालांकि, इसकी समस्या होने में आमतौर पर लगभग 20 से 30 साल लग जाते हैं। लेकिन, अगर आप शराब पीते हैं या आपको एचआईवी की समस्या है, तो इसकी समस्या तेजी से लिवर को नुकसान पहुंचाना शुरू कर देती है।
  • लिवर कैंसरः सिरोसिस के चरण के दौरान अगर उचित उपचार न मिले तो यह अगले चरण में लिवर कैंसर बन सकता है।

कितना सामान्य है हेपेटाइटिस सी?

आंकड़ो के मुताबिक, दुनिया भर में हेपेटाइटिस सी से पीड़ित लोगों की संख्या 20 से 30 करोड़ के करीब है। इसे काला पीलिया के नाम से भी जाना जाता है। यह मुख्य रूप से लिवर के स्वास्थ्य पर हमला करता है जिससे लिवर ‎कमजोर हो जाता है, और एक समय के बाद, लिवर पूरी तरह से कार्य करना बंद कर सकता है। हेपेटाइटिस सी पूरी तरह से मानव जनित रोग है। अन्य संक्रमण या वारयल फ्लू की तरह यह किसी जानवर या पक्षी के कारण नहीं फैलता है।

और पढ़ें : ब्रेन स्ट्रोक कम करने के लिए बेस्ट फूड्स

लक्षण

हेपेटाइटिस सी के लक्षण क्या हैं?

अगर आपका हेपेटाइटिस सी का संक्रमण शुरूआती चरण में है, तो आपमें निम्नलिखित लक्षणों के संकेत देखें जा सकते हैंः

आमतौर पर देखा जाए तो हेपेटाइटिस सी के शुरूआती चरण 80 फीसदी लोगों तक ही रह कर ठीक हो जाते हैं। हालांकि, विश्व स्वास्थ्य संगठन के आंकड़ों के मुताबिक विश्व स्तर पर, अनुमानित 71 मिलियन लोगों को क्रोनिक हेपेटाइटिस सी वायरस संक्रमण की समस्या है।

इसके सभी लक्षण ऊपर नहीं बताएं गए हैं। अगर इससे जुड़े किसी भी संभावित लक्षणों के बारे में आपका कोई सवाल है, तो कृपया अपने डॉक्टर से बात करें।

मुझे डॉक्टर को कब दिखाना चाहिए?

ऊपर बताए गए निम्न में से कोई भी लक्षण अगर 2 दिनों से लेकर 12 हफ्ते से अधिक समय तक के लिए बनें रहते हैं, तो जल्द से जल्द अपने डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

और पढ़ें : बदबूदार जूता सूंघाने या CPR देने से पहले, जरूर जानें मिर्गी से जुड़े मिथक

कारण

हेपेटाइटिस सी के क्या कारण हैं?

एक बात ध्यान रखें कि हेपेटाइटिस सी एक मानव जनित संक्रमण है। जो दूषित जीवनशैली के कारण एक व्यक्ति में फैलता है और उससे अन्य व्यक्तिों में फैलना शुरू करता है। निम्न स्थितियों के कारण किसी भी व्यक्ति में हेपेटाइटिस सी के संक्रमण फैल सकते हैंः

  • एक ही इंजेक्शन या सुइयों का इस्तेमाल कई लोगों में करना। स्वास्थ्य के लिहाज से एक इंजेक्शन का इस्तेमाल सिर्फ एक बार और एक ही व्यक्ति में किया जाना है। एक बार के इस्तेमाल के बाद सुरक्षित तरीके से उसका निपटारा किया जाना चाहिए।
  • एसटीडी यानि सेक्शुअल ट्रांसमिटेड डिसीज, या एचआईवी संक्रमित साथी के साथ शारीरिक संबंध बनाना
  • एक से अधिक साथी के साथ शारीरिक संबंध बनाना
  • हेपेटाइटिस सी से संक्रमित मां के द्वारा जन्मे बच्चे में भी इसका संक्रमण फैल सकता है
  • एक ही टूथब्रश, रेजर ब्लेड और नाखून कतरनी जैसी व्यक्तिगत वस्तुओं को साझा करना
  • असुरक्षित तरीके से शरीर पर टैटू बनवाना
  • इसके निम्न तरह की व्यक्तिगत गतिविधियां इसके संक्रमण को नहीं फैलाती हैं, जिनमें शामिल हैंः
  • संक्रमित मां का शिशु को ब्रेस्टफीडिंग कराना
  • संक्रमित व्यक्ति के आस-पास रहना
  • संक्रमित व्यक्ति का खांसना
  • संक्रमित व्यक्ति से गले मिलना
  • संक्रमित व्यक्ति का हाथ पकड़ना

और पढ़ें : मिर्गी का उपचारः किसी शख्स को मिर्गी का दौरा आए, तो क्या करें और क्या न करें?

जोखिम

कैसी स्थितियां हेपेटाइटिस सी के जोखिम को बढ़ा सकती हैं?

निम्नलिखित स्थितियां इसके जोखिम को बढ़ा सकती हैंः

  • संक्रमित व्यक्ति द्वारा खून प्राप्त करना
  • संक्रमित व्यक्ति के लिए इस्तेमाल की गई इंजेक्शन को खुले हवा में रखना। क्योंकि, सुई पर लगा खून का धब्बा बहुत छोटा होता है, जिसे सामान्य आंखों से नहीं देखा जा सकता है। वहीं, हेपेटाइटिस सी संक्रमण उस खून के धब्बे में हजारों कणों में हो सकते हैं, जो हवा के संपर्क में आते ही बहुत तेजी से फैल सकता है और अन्य लोगों में इसके जोखिम को बढ़ा सकता है।
  • अपको पहले कभी हेपेटाइटिस सी की समस्या रही हो

इसके अलावा कुछ कारण भी हेपेटाइटिस सी के जोखिम को बढ़ा सकती हैंः

  • 1945 और 1965 के बीच जन्में व्यक्ति
  • 1992 से पहले अंग प्रत्यारोपण प्राप्त किया गया हो या खून प्राप्त किया हो
  • एचआईवी होना

और पढ़ें : मेडिकल स्टोर से दवा खरीदने से पहले जान लें जुकाम और फ्लू के प्रकार

उपचार

यहां प्रदान की गई जानकारी को किसी भी मेडिकल सलाह के रूप ना समझें। अधिक जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से परामर्श करें।

हेपेटाइटिस सी का निदान कैसे किया जाता है?

एचसीवी संक्रमण का 2 चरणों में निदान किया जा सकता है:

  • पहला, सीरोलॉजिकल टेस्ट के साथ एंटी-एचसीवी एंटीबॉडी के लिए टेस्ट करना। इससे उन लोगों की पहचान की जाती है जो वायरस से संक्रमित हो गए हैं।
  • दूसरा, अगर पहले टेस्ट में व्यक्ति संक्रमित पाया जाता है, तो एचसीवी राइबोन्यूक्लिक एसिड (आरएनए) के लिए एक न्यूक्लिक एसिड टेस्ट किया जाता है। जिससे इसके संक्रमण का स्टेज पता लगाया जाता है।

लिवर बायोप्सी

अगर किसी व्यक्ति में क्रोनिक एचसीवी संक्रमण के लक्षण पाए जाते हैं, तो उनके लिवर की जांच की जाती है और सिरोसिस की जांच की जाती है। इसके लिए लिवर बायोप्सी की मदद ली जाती है।

हेपेटाइटिस सी का इलाज कैसे होता है?

एंटीवायरल दवाओं

अगर इसके संक्रमण शुरूआती चरणों में होते हैं, तो एंटीवायरल दवाओं के जरिए इसका उपचार किया जा सकता है। हालांकि, इन दवाओं का सेवन रोगी को हफ्ते भर से लेकर सालों तक भी करना पड़ सकता है।

लिवर ट्रांसप्लांट

मामले अधिक गंभीर होने पर आपके डॉक्टर लिवर ट्रांसप्लांट के लिए परामर्श कर सकते हैं।

और पढ़ें : ब्रेस्ट कैंसर टेस्ट कराने से पहले समझें इसके लक्षण

घरेलू उपाय

जीवनशैली में होने वाले बदलाव क्या हैं, जो मुझे हेपेटाइटिस सी को रोकने में मदद कर सकते हैं?

निम्नलिखित जीवनशैली में बदलाव लाने और घरेलू उपायों से आप हेपेटाइटिस सी के खतरे को कम कर सकते हैंः

  • सुरक्षित तरीक से शारीरिक संबंध बनाएं
  • किसी भी तरह के संक्रमण से संक्रमित व्यक्ति के पसीने, सांस की बदबू, खून या उसके शरीर से निकले किसी भी तरह से तरल पदार्थ के संपर्क में आने से बचाव करें।
  • संक्रमण के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत अपने डॉक्टर से परामर्श करें।

हैलो हेल्थ ग्रुप चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार प्रदान नहीं करता है

क्या यह आर्टिकल आपके लिए फायदेमंद था?
happy unhappy
सूत्र

शायद आपको यह भी अच्छा लगे

Quiz: प्रेग्नेंसी में हेपेटाइटिस-बी संक्रमण क्या बच्चे के लिए जोखिम भरा हो सकता है?

जानिए हेपेटाइटिस-बी संक्रमण in Hindi, हेपेटाइटिस-बी संक्रमण क्या है, Hepatitis B के कारण, Hepatitis B के उपचार, प्रेग्नेंसी में हेपेटाइटिस।

के द्वारा लिखा गया Ankita mishra
क्विज फ़रवरी 12, 2020 . 1 मिनट में पढ़ें

किसी को कैंसर, तो किसी को लिवर की समस्या, 2019 में ये रहे सेलिब्रिटी के हेल्थ इश्यू

साल 2019 में सेलिब्रिटी के हेल्थ इश्यू की जानकारी in hindi. इस साल सेलिब्रटी के हेल्थ इश्यू ने जहां एक ओर उनके फैंस को परेशान किया वहीं दूसरी ओर सेलिब्रटी के हौसले से फैंस की हिम्मत भी बढ़ी। celebrities health ssue

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Hemakshi J
के द्वारा लिखा गया Bhawana Awasthi
स्वास्थ्य बुलेटिन, लोकल खबरें दिसम्बर 25, 2019 . 5 मिनट में पढ़ें

जानें लिवर कैंसर और इसके हाेने के कारण क्या हैं?

जानिए क्या है लिवर कैंसर, इसके कारण और प्रकार, Liver Cancer की समस्या से परेशान है तो अपनाएं ये टिस्प और सावधानियां, इससे बचने के लिए ध्यान रखने योग्य बातें

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Bhawana Sharma
लिवर कैंसर, हेल्थ सेंटर्स दिसम्बर 16, 2019 . 4 मिनट में पढ़ें

जानिए किस तरह पड़ता है टैटू का हेल्थ पर असर

टैटू का हेल्थ पर असर पड़ता है या नहीं? टैटू बनाने का असर आपकी सेहत पर कैसे पड़ता है? टैटू से आपको स्कीन इंफेक्शन के अलवा स्कीन रैशेस पड़ सकते हैं।

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr Sharayu Maknikar
के द्वारा लिखा गया Dr. Pranali Patil
हेल्थ सेंटर्स, एलर्जी नवम्बर 26, 2019 . 4 मिनट में पढ़ें

Recommended for you

हेपेटाइटिस के बारे में वीडियो - VIDEO ABOUT HEPATITIS WITH EXPERT

हेपेटाइटिस क्या है, कैसे करें इससे बचाव, जानें एक्सपर्ट के साथ

के द्वारा लिखा गया Sanket Pevekar
प्रकाशित हुआ जुलाई 24, 2020 . 1 मिनट में पढ़ें
बरसात में होने वाली बीमारियां

सबका ध्यान कोरोना पर ऐसे में कोहराम न मचा दें बरसात में होने वाली बीमारियां

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Shikha Patel
प्रकाशित हुआ जून 23, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें
Cifran CTH सिफ्रान सीटीएच

Cifran CTH : सिफ्रान सीटीएच क्या है? जानिए इसके उपयोग और साइड इफेक्ट्स

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Shayali Rekha
प्रकाशित हुआ जून 15, 2020 . 6 मिनट में पढ़ें
Pinched nerve-नस दबना (पिंच्ड नर्व)

Pinched nerve : नस दबना (पिंच्ड नर्व) क्या है?

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pooja Daphal
के द्वारा लिखा गया Anoop Singh
प्रकाशित हुआ अप्रैल 10, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें