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बच्चों की लार से इंफेक्शन का होता है खतरा, ऐसे समझें इसके लक्षण

बच्चों की लार से इंफेक्शन का होता है खतरा, ऐसे समझें इसके लक्षण

बच्चों की लार बहना एक सामान्य स्थिति होती है, खासतौर से जब उनके दांत आने वाले हों। अधिकतर मामलों में लार बहना किसी गंभीर स्थिति का संकेत नहीं होता है। लेकिन बच्चे के मुंह से अत्यधिक लार बहने के कारण त्वचा पर जलन उत्पन्न हो सकती है जिसकी वजह से बेबी ड्रूल या इंफेक्शन होने का खतरा बढ़ जाता है।

बच्चों की लार से कई बार इंफेक्शन हो सकता है जिसे रोकना मुश्किल हो जाता है। बच्चों की लार से इंफेक्शन फैलने पर उसे दिक्कत हो सकती है। लेकिन इसमें घबराने की कोई बात नहीं है क्योंकि आप अपने शिशु की इस समस्या को घर बैठें ही कई घरेलू उपायों और कुछ टिप्स की मदद से ठीक कर सकते हैं।

इस लेख में हम आपको बताएंगे कि बच्चों की लार से इंफेक्शन कैसे और क्यों होता है और साथ ही उसका इलाज व रोकथाम क्या है। इसके अलावा यदि स्थिति गंभीर हो जाती है तो उसकी कैसे पहचान करें और डॉक्टर से कब सलाह लें।

बेबी में ड्रूल रैश क्या है?

लार बहना दांत आने का एक सामान्य लक्षण हो सकता है, लेकिन कई बच्चों में लार बिना दांतों के आने पर भी उत्पन्न हो सकती है।

लगातार लार बहने की वजह से बच्चों में इंफेक्शन होने के कारण ठोड़ी, गले और यहां तक कि छाती पर लाल रंग के निशान बनने लगते हैं। इन रैशज को बेबी ड्रूल कहा जाता है जिसकी वजह से शिशु को दिक्क्तों का सामना करना पड़ सकता है।

बच्चों की लार से इंफेक्शन मुंह और गालों के पास पाया जाता है और साथ ही कुछ मामलों में इसे शिशु के गले और छाती पर भी देखा जा सकता है। यह अत्यधिक लार बहने का नतीजा होता है जिसकी वजह से शिशु की त्वचा गीली रहती है।

बेबी में ड्रूल रैश आमतौर पर लाल रंग के सपाट या हल्के से उभरे हुए चकत्ते की तरह दिखते हैं। कुछ मामलों में इन रैशज पर दरारे भी देखी जा सकती हैं। बच्चों की लार से इंफेक्शन का मुख्य कारण अत्यधिक लार बहना होता है लेकिन लार बहने के पीछे भी कुछ कारण छुपे होते हैं। बच्चों में लार बहना भले ही एक सामान्य स्थिति हो लेकिन कुछ विशेष कारणों की वजह से अत्यधिक लार बहने जैसी असामान्य स्थिति उत्पन्न हो सकती है।

नीचे बताया गया है कि बच्चों की लार से इंफेक्शन क्यों होता है और इसके क्या मुख्य कारण हो सकते हैं जिन्हें आप रोक सकते हैं।

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बेबी में ड्रूल रैश क्यों होता है?

शिशु की त्वचा बेहद कोमल होती है और इस पर रैशेज होने का खतरा अधिक रहता है। हीट रैश, एक्जिमा और त्वचा के चकत्ते बच्चों को आसानी से प्रभावित कर सकते हैं। इन्हीं के कारण बच्चों में लार से इंफेक्शन फैलने की स्थिति को पहचान पाना थोड़ा मुश्किल हो जाता है। निम्न ऐसे मुख्य कारण हैं जिनकी वजह से बच्चों के मुंह से लार बहना एक असामान्य स्थिति हो सकता है।

दांत आने पर लार बहना

हम सभी जानते हैं कि बच्चों में लार बहना नए दांत आने का संकेत होता है। जब आपके शिशु के दांत आने लगते हैं तो वह अनियमित रूप से मुंह के अंदर अपने हाथों से दांतों को छूने की कोशिश करते हैं। इसके परिणामस्वरूप लार मुंह के बार गिरने लगती है जिसकी वजह से गाल, गले और सीने पर इंफेक्शन हो सकता है।

पैसिफायर के कारण लार बहना

बच्चे जब पैसिफायर को चूसते हैं तो उनकी लार मुंह के बाहर गिरने लगती है जिसके कारण उस हिस्से पर बेबी ड्रूल होने लगता है। जब पैसिफायर के कारण लार एक ही जगह पर रूक जाती है और बाहर नहीं निकल पाती तो उस विशेष हिस्से को हवा नहीं मिल पाती है जिसके कारण बच्चों की लार से इंफेक्शन फैलने लगता है।

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खाने वजह से बच्चों में लार बहना

यदि शिशु के मुंह पर अधिक समय के लिए खाना जमा रहता है तो इसके कारण बच्चे के मुंह के आसपास ड्रूल रैश उत्पन्न हो सकता है। इस स्थिति से बचने के लिए बच्चे को खाना खिलाते समय उसका मुंह नियमित रूप से पोछते रहें।

बेबी में ड्रूल रैश से कैसे करें बचाव?

बच्चों की लार से इंफेक्शन को फैलने से रोकना काफी मुश्किल हो सकता है क्योंकि अधिकतर शिशु प्राकृतिक रूप से ही लार निकालते रहते हैं। हालांकि, कुछ घरेलू उपायों की मदद से माता-पिता अपने शिशु की ड्रूल रैश होने की आशंका को कम उन्हें रोकने में मदद कर सकते हैं। बेबी में ड्रूल रैश को रोकने के लिए निम्न बातों का ध्यान रखें :

  • मुंह को कपड़े से साफ करने के लिए कपड़े को पानी में भिगों लें। ऐसा करने से शिशु की त्वचा पर जलन कम होगी।
  • शिशु के चहरे पर लार दिखाई देने पर तुरंत उसे आराम से किसी कपड़े की मदद से साफ करें और रैश को विकसित होने से रोकें। मुलायम व जलन न करने वाले कपड़े का इस्तेमाल करने की कोशिश करें।
  • खाना खिलाने के बाद शिशु के मुंह को किसी गीले कपडे से पोछें। अधिक बल का प्रयोग न लगाएं इससे त्वचा पर जलन होने की आशंका और बढ़ सकती है। कोशिश करें की बच्चे के मुंह को आराम से और किसी मुलायम कपड़े से ही साफ करें।
  • बच्चों में लार से इंफेक्शन को फैलने से रोकने के लिए लार बहने के कारण शिशु के कपड़े गीले होने पर उन्हें तुरंत बदल दें।
  • वॉटरप्रूफ या लार सोखने की क्षमता वाले बिब (छोटा कपड़ा जो बच्चों की छाती पर कपड़ों को गंदा होने से बचाने के लिए लगा दिया जाता है) का इस्तेमाल करें ताकि बच्चों की लार से इंफेक्शन छाती और ठोड़ी तक न फैले।

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बेबी में ड्रूल रैश को कैसे करें ट्रीट?

माता-पिता या बच्चे की देखभाल कर रहा व्यक्ति कुछ आसान से तरीकों की मदद से बच्चों की लार बहने की वजह से होने वाले रैश को रोक सकते हैं। लार से इंफेक्शन होने को रोकने का सबसे बेहतरीन उपाय है शिशु की त्वचा को नियमित रूप से सूखा रखना और रैश को विकसित होने से रोकना।

बच्चों की लार से इंफेक्शन फैलने से रोकने के लिए इन आसान उपायों को अपनाएं :

रोजाना दिन में दो बार शिशु के प्रभावित हिस्से को गुनगुने पानी से धोएं और सूखने के लिए थपथपाएं। क्षतिग्रस्त हुए त्वचा संवेदनशील होती है जिसके कारण कपड़े से सुखाने पर रैश और जलन बढ़ सकती है। इस बात को सुनिश्चित करें कि आपके शिशु की त्वचा पूरी तरह से सूख गई है।

मोटी परत वाले किसी मरहम जैसे पेट्रोलियम जैली को शिशु की प्रभावित त्वचा पर लगाएं। यह लार से इंफेक्शन को फैलने से रोकने में मदद करता है और त्वचा को ठंडक पहुंचता है। इसके अलावा यह मरहम आपके बच्चे को हो रही जलन से भी छुटकारा दिलाएंगे।

शिशु को नहलाते समय हल्की या बिना खुशबु वाला साबुन इस्तेमाल करें। जरूरत पड़ने पर शिशु की रूखी त्वचा पर बिना खुशबु वाला कोई कोमल लोशन लगाएं। लेकिन प्रभावित पर हिस्से पर लोशन लगाने से परहेज करें। त्वचा को सूखा रखें और किसी मरहम की मदद से उसका इलाज करें। आप चाहें तो डॉक्टर की सलाह के बिना हाइड्रोकोर्टिसोन क्रीम का इस्तेमाल कर सकते हैं। हालांकि, क्रीम दिन में कितनी बार और कितने समय के लिए लगानी इसकी जानकारी के लिए डॉक्टर से जरूर सलाह लें।

यदि आपके शिशु की त्वचा पर पहले से ही ड्रूल रैश हैं तो इन्हें विशेष रूप से बढ़ाने वाले कारको को कम करने की तुरंत कोशिश करें। शिशु के कपड़े, चादर, बिब और मुंह साफ करने वाले कपड़ो को धोने के लिए बिना खुशबु वाला डिटर्जेंट या साबुन इस्तेमाल करें। इसके साथ ही अपने कपड़ो को भी उसी डिटर्जेंट में धोने की कोशिश करें। खुशबूदार परफ्यूम और लोशन का भी इस्तेमाल बंद कर दें। इसके कारण शिशु के रैश बड़ सकते हैं।

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यदि आपको लगता है कि आपके शिशु की लार बहने का कारण दांत आना है तो उसे चबाने के लिए कुछ ठंडा दें (लेकिन जमा हुआ जैसे आइस क्रीम और बर्फ न दें)। मार्किट में इसके लिए टीथरिंग रिंग भी उपलब्ध है या आप चाहें तो किसी साफ ठंडे कपड़े का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। ठंडक आपके बच्चे के पीड़ादायी मसूड़ों को सुन्न कर के उन्हें आराम पहुंचाएगी और मुंह के आसपास रैश को कम करने में मदद करेगी।

डॉक्टर को कब दिखाना चाहिए ?

अधिकतर मामलों में ड्रूल रैश के कारण हल्की जलन महसूस होती है जो नियमित रूप से घरेलू उपायों के इस्तेमाल द्वारा ठीक की जा सकती है। हालांकि, निम्न प्रकार के दुर्लभ मामलों में आपको पेडिअट्रिशन से सलाह लेने की आवश्यकता पड़ सकती है :

  • यदि रैश फट गया है, खुदरा है या आपके शिशु को उसकी वजह से दर्द हो रहा है।
  • बच्चों की लार से इंफेक्शन होने के एक सप्ताह तक घरेलू उपचार अपनाने के बाद भी यदि रैश ठीक नहीं हो रहे हों।

डॉक्टर आपको कुछ विशेष प्रकार की क्रीम लगाने की सलाह दे सकते हैं जिनकी मदद से आप अपने शिशु के लार बहने के कारण हुए इंफेक्शन को रोक पाएंगे और असुविधा को ठीक कर सकेंगे।

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हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।

सूत्र
How Best to Treat and Prevent a Drool Rash/ https://www.healthline.com/health/parenting/drool-rash/ accessed on 04/02/2020
 
 
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Drooling in children/https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC2827743/ accessed on 04/02/2020
लेखक की तस्वीर
Dr. Pranali Patil के द्वारा मेडिकल समीक्षा
Shivam Rohatgi द्वारा लिखित
अपडेटेड 02/04/2020
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