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पहली बार बनने वाली मां की ऐसे करें मदद

पहली बार बनने वाली मां की ऐसे करें मदद

नई मां की मदद करने के कई तरीके हैं। जरूरत है कि आपका इस ओर ध्यान जाए। एक महिला के लिए प्रेग्नेंसी का पूरा टाइम पीरियड काफी चुनौतपूर्ण रहता है। इस अवधि के दौरान उसके जीवन में कई उतार- चढ़ाव भी आते हैं। एक पति या पार्टनर के तौर पर आप उसकी परेशानियों का सिर्फ अंदाजा लगा सकते हैं। हकीकत में उनका अहसास शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। बच्चे की देखभाल करने से लेकर अपनी हेल्थ का ध्यान रखना महिलाओं के लिए एक बड़ी चुनौती होती है। पहली प्रेग्नेंसी के मामले में समस्याएं और बढ़ सकती हैं।इस स्थिति में आप अपनी पार्टनर, रिश्तेदार और मित्र की मदद कर सकते हैं। विशेषकर उन मामलों में जब उनकी पहली प्रेग्नेंसी हो। आज हम आपको कुछ ऐसे ही तरीकों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिन्हें अपनाकर आप फर्स्ट टाइम मॉम्स की मदद या नई मां को सपोर्ट कर सकते हैं।

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नई मां को सपोर्ट करने के तरीके

1. नई मां को सपोर्ट: नाइट शिफ्ट करें

यदि आपकी पार्टनर पहली बार मां बनी हैं तो आप रात में जागकर नई मां की मदद कर सकते हैं। रात के वक्त शिशु की देखभाल करना इसका सबसे बेहतर तरीका है क्योंकि रात के वक्त शिशु काफी परेशान करते हैं। इसके अलावा अपने पार्टनर और शिशु के और करीब जाने का यह अच्छा तरीका है। यहां तक कि ये अनमोल पल आपके लिए यादगार बन सकते हैं।

2. शेड्यूल को मैनेज करें

रोजाना की दिनचर्या में और डॉक्टर के पास नियमित अप्वॉइंटमेंट का समय निर्धारित करने में आप अपने पार्टनर की मदद कर सकते हैं। भले ही आपकी पार्टनर को डॉक्टर के पास जाना हो या फिर पार्लर। अपनी पार्टनर के लिए एक टाइमटेबल बनाकर आप इसमें उनकी मदद कर सकते हैं।

3. नई मां को सपोर्ट: चेकलिस्ट बनाना

बैग के लिए एक चेकलिस्ट बनाकर आप अपनी पत्नी के कार्यों को आसान कर सकते हैं। बाहर जाते वक्त आपको इस बात का खास ख्याल रखना होगा कि सभी जरूरी सामान आपके साथ हो। अक्सर ऐसा करते वक्त आपकी पार्टनर कुछ न कुछ भूल ही जाती है। ऐसे में आप एक चेकलिस्ट बनाकर उसकी मदद कर सकते हैं।

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4. फोन करने के बजाय मैसेज करें

यदि आप बाहर हैं और आपको इस बात की सूचना अपनी पत्नि को देनी हैं तो कॉल करने के बजाय उसे मैसेज करना सबसे अच्छा रहेगा। कई बार आपकी पार्टनर शिशु के साथ आराम कर रही होती है ऐसे में यदि आप उन्हें कॉल करेंगे तो उनकी नींद खराब हो सकती है। इसलिए, बेहतर होगा कि सूचना देने के लिए उन्हें मैसेज करें।

5. नई मां को सपोर्ट: बार-बार विजिट न करें

यदि आपके किसी रिश्तेदार या मित्र के यहां डिलिवरी हुई है तो इस मामले में भी आप उनकी मदद कर सकते हैं। कुछ मामलों में पहली बार माता पिता बने कपल्स बार-बार आने वाले विजिटर्स को समय नहीं दे पाते। ऐसे में बेहतर होगा कि आप अपना आना- जाना कम से कम रखें। यदि किसी कारण के चलते जाना भी पड़ता है तो न्यूनतम समय के लिए ही वहां रुकें।

6. नई मां को सपोर्ट: पार्टनर को पर्याप्त समय दें

डिलिवरी से पहले और बाद के कुछ समय तक महिला की बॉडी के हार्मोंस में बदलाव आते हैं। ऐसी स्थिति में उसे पर्याप्त स्पेस दें। इससे वह बेहतर तरीके से अपने आपको समझ पाएगी। साथ ही शिशु की ध्यान रखने में उसे आसानी होगी।

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7. नए पिता का सपोर्ट: पार्टनर को हमेशा प्रोत्साहित करें

पहली प्रेग्नेंसी में महिलाओं को शिशु की देखभाल का अनुभव नहीं होता है। ऐसे में कई बार वो अपने आपको कमतर आंकती हैं। इससे उनका आत्मविश्वास भी गिर सकता है। इस स्थिति को सरल बनाने के लिए हमेशा अपनी पार्टनर को प्रोत्साहित करें। उसे यह अहसास दिलाएं कि वह शिशु की बेहतर तरीके से देखभाल कर रही हैं।

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8. नई मां को सपोर्ट: पार्टनर को हमेशा अहमियत दें

डिलिवरी के बाद अक्सर लोग नई मां की मदद करना भूलकर शिशु को ज्यादा अहमियत देने लगते हैं। कई बार इससे पहली बार मां बनी महिला को भावनात्मक रूप से चोट भी पहुंच सकती है। इससे निपटने के लिए हमेशा अपनी पार्टनर को तरजीह दें। नई मां को सपोर्ट करने के लिए जरूरत पड़ने पर समय-समय पर उसके लिए कुछ खास करते रहें।

नए पिता का सपोर्ट देता है मां को सहारा

समय बहुत बदल चुका है, पहले के समय में भले ही नई माओं को अपने पति का सपोर्ट न मिल पाता हो, लेकिन अब ऐसा बिल्कुल भी नहीं है। न्यू मॉम के साथ ही बच्चे को नए पिता का सपोर्ट भी पूरी तरह से मिलता है। इसकी शुरूआत प्रेग्नेंसी की खबर मिलते ही कर देनी चाहिए। यकीन मानिए पति का सपोर्ट पत्नी को कई मायनों में सकारात्मक ऊर्जा से भर देता है। महिलाओं को प्रेग्नेंसी के समय और प्रेग्नेंसी के बाद में चिंता और डिप्रेशन की समस्या हो जाती है। इन सबके बीच पति का सपोर्ट महिला को बहुत भाता है। बेहतर होगा कि एक पति को समय-समय पर अपनी पत्नी से इस बारे में जानकारी लेनी चाहिए कि उन्हें क्या पसंद आ रहा है और क्या नहीं।

इन सबके अलावा आप बाहर जाते वक्त आप बच्चे के लिए एक बैकअप प्लान के तौर पर एक किट बना सकते हैं। इसमें बच्चे के अतिरिक्त कपड़े, डायपर, वाइप्स, पानी की बोतल, चादर, मौसमी सामान, खिलौने, फर्स्ट ऐड किट जैसे सामान को रख सकते हैं। बाहर घूमने जाते वक्त ऐसा करना आपकी पार्टनर के लिए मददगार साबित होगा। इन टिप्स को अपनाकर आप नई मां को सपोर्ट कर सकते हैं। नई मां को सपोर्ट करने के लिए आपको बहुत ज्यादा प्लानिंग करने की जरूरत नहीं है। बस आपको कुछ बातों का ध्यान रखना होगा। ऐसा करने से आप न सिर्फ अच्छे पिता की जिम्मेदारी निभाते हैं, बल्कि आप अच्छे पति की भी जिम्मेदारी निभाते हैं।

उम्मीद करते हैं कि आपको इस आर्टिकल की जानकारी पसंद आई होगी और आपको नई मां को सपोर्ट से जुड़ी सभी जरूरी जानकारियां मिल गई होंगी। अगर आपके मन में अन्य कोई सवाल हैं तो आप हमारे फेसबुक पेज पर पूछ सकते हैं। हम आपके सभी सवालों के जवाब आपको कमेंट बॉक्स में देने की पूरी कोशिश करेंगे। अपने करीबियों को इस जानकारी से अवगत कराने के लिए आप ये आर्टिकल जरूर शेयर करें। अगर फिर भी आपके मन में कोई सवाल हो तो आप अपनी फैमिली के किसी सदस्य से भी जानकारी ले सकते हैं जो पहले सपोर्टिव पति और पिता बन चुके हो।

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अपने पीरियड सायकल को ट्रैक करना, अपने सबसे फर्टाइल डे के बारे में पता लगाना और कंसीव करने के चांस को बढ़ाना या बर्थ कंट्रोल के लिए अप्लाय करना।

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सूत्र

10 things moms can do while breastfeeding https://www.womenshealth.gov/its-only-natural/fitting-breastfeeding-your-life/10-things-moms-can-do-while-breastfeeding Accessed on 10/12/2019

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3 ways to help your partner now that she’s a new momhttps://www.ncbi.nlm.nih.gov/books/NBK304191/ Accessed on 10/12/2019

 

लेखक की तस्वीर
Sunil Kumar द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 29/07/2020 को
Dr Sharayu Maknikar के द्वारा एक्स्पर्टली रिव्यूड
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