Bone health: सर्दियों में बोन हेल्थ (हड्डियों) का कैसे रखें ख्याल?

चिकित्सक द्वारा समीक्षित | द्वारा

अपडेट डेट January 21, 2021 . 5 मिनट में पढ़ें
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हमसभी शरीर के ऊपरी हिस्से जैसे त्वचा और बालों की उचित देखभाल करते हैं, लेकिन क्या आपने कभी अपने बोन हेल्थ (हड्डियों की देखभाल) पर ध्यान दिया है? हैलो स्वास्थ्य की टीम ने दिल्ली की रहने वाली 54 वर्षीय रेशमा सचदेवा से बात की और उनसे जानने की कोशिश की कि क्या उन्हें सर्दियों के सीजन में बोन हेल्थ (Bone health) से जुड़ी परेशानी भी होती है, तो रेशमा कहती हैं ‘जैसे ही ठंड शुरू होती है, मुझे हड्डियों में दर्द के साथ-साथ जोड़ों में दर्द की भी तकलीफ शुरू हो जाती है।’ वहीं बिहार के रहने वाले 42 वर्षीय रूपेश कुमार से बोन हेल्थ के बारे में पूछा तो उनका रीएक्शन भी पीड़ादायक ही मिला। रूपेश कहते हैं ‘मैं अपने हेल्थ का ध्यान तो अच्छी तरह से रखता हूं, लेकिन ठंड की दस्तक मुझे परेशानी में डाल देती है। मुझे अक्सर मेरी बॉडी अकड़ी हुई सी महसूस होती है, जिससे मुझे तकलीफ होती है।’ रेशमा जी और रूपेश जी तो सर्दियों के सीजन में बोन हेल्थ में परेशानी होने से तकलीफ में रहते हैं। वैसे ऐसा नहीं है कि बोन हेल्थ बिगड़ने से सिर्फ वही परेशान हों, बल्कि ऐसे कई लोग हैं, जिनकी शिकायत यही रहती है कि सर्दियों के मौसम में हड्डियों और जोड़ों का दर्द उन्हें अत्यधिक सताता है। इस आर्टिकल में खास्तौर से बोन हेल्थ (Bone health) यानी हड्डियों को कैसे सर्दियों के मौसम में स्वस्थ्य रखा जाए? और साथ ही जानेंगे इससे जुड़े कई अन्य महत्वपूर्ण बातें।

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क्यों होती है सर्दियों में हड्डियों से जुड़ी परेशानी?

ठंड के मौसम में शरीर को सामान्य दिनों की तुलना में ऑक्सिजन की मात्रा कम मिलती है, जिससे रेस्पिरेटरी डिजीज का खतरा बढ़ सकता है। ऐसा नहीं है कि यह परेशानी सिर्फ यहीं तक सिमित हो, बल्कि हड्डियों से संबंधित तकलीफें भी बढ़ जाती है। दरअसल ऑक्सिजन लेवल की कमी नर्वस सिस्टम पर नेगेटिव प्रभाव डालती है, जिसका असर हड्डियों पर पड़ता है। ऐसी स्थिति में हड्डियों में दर्द या जोड़ों में दर्द परेशानी बढ़ जाती है।

सर्दियों के सीजन में बोन हेल्थ (Bone health) यानी हड्डियों का कैसे रखें ख्याल?

बोन हेल्थ को हेल्दी बनाये रखने के लिए निम्नलिखित उपाय किए जा सकते हैं। इन उपायों में शामिल है:

1. सुबह की धूप है जरूरी (Morning Sunlight)-

बोन हेल्थ (Bone health)

कहते हैं दिन की शुरुआत अगर अच्छी ही, तो पूरा दिन अच्छा जाता है और आप अच्छा महसूस भी करते हैं। और अगर सर्दियों के सीजन में बोन हेल्थ को स्ट्रॉन्ग बनाना हो, तो सुबह की धूप है सबसे ज्यादा जरूरी। दरअसल जब त्वचा सूर्य की किरणों के संपर्क में आती है, तो बॉडी को विटामिन डी मिलता है। वहीं सर्दियों के मौसम में ठंड और मौसम में आई नमी स्किन के साथ-साथ बोन पर भी नेगेटिव प्रभाव डालते है। ठंड ज्यादा होने की वजह से घर से बाहर निकलना भी पसंद नहीं करते हैं, जो हड्डियों के लिए नुकसानदायक होता है। इसलिए ठंड के मौसम में रोजाना सुबह की धूप में कुछ देर वक्त जरूर बिताएं और बोन प्रॉब्लम को दूर रखें।

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2. मालिश से बनायें हड्डियों को मजबूत (Body Massage)-

बोन हेल्थ (Bone health)

उम्र बढ़ने के साथ-साथ हड्डियां ठंड से ज्यादा प्रभावित होने लगती हैं। इसलिए सर्दियों के मौसम में हल्के गर्म तेल से बॉडी मसाज जरूर करें या करवाएं। मसाज से हड्डियों को गर्माहट मिलती है, जिससे सिकुड़ी हुई नसों को ठीक किया जाता है। यही नहीं मालिश से बॉडी रिलैक्स होती है और मांसपेशियां भी मजबूत होती हैं।

3. मॉर्निंग वॉक है हेल्दी बोन का सीक्रेट (Morning walk)-

बोन हेल्थ (Bone health)

मॉर्निंग वॉक खुद को फिट रखने के लिए हर मौसम में किया जा सकता है। वहीं सर्दियों में सुबह की सैर ज्यादा लाभकारी मानी जाती है। इससे बॉडी को गर्माहट मिलती है और आप ठंड में भी फिजिकली एक्टिव रहते हैं। मॉर्निंग वॉक से मेंटल हेल्थ को भी फिट रखने में सहायता मिलती है। रेग्यूलर वॉकिंग से वजन भी संतुलित रहता है। कभी-कभी वजन ज्यादा होने की वजह से भी हड्डियों में दर्द की समस्या हो सकती है।

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4. गुनगुने पानी से स्नान करें (Lukewarm water bath)-

बोन हेल्थ (Bone health)

सर्दियों के मौसम में हड्डियों या जोड़ों की परेशानी को दूर करने के लिए गुनगुने पानी से स्नान करें। अगर आप स्नान नहीं करने की इच्छा होने पर आप गुनगुने पानी से पैर धोएं।

5. सर्दियों में ऑक्सिजन लेवल हो सकता है डाउन (Oxygen level)-

बोन हेल्थ (Bone health)

ठंड के मौसम में रक्त धमनियां (Blood arteries) सिकुड़ जाती हैं और जब ऐसी स्थिति होती है, तो ब्लड सर्क्युलेशन बॉडी में बेहतर तरीके से नहीं होता है। जैसा की हमसभी जानते हैं कि जब शरीर में खून, पानी या ऑक्सिजन की बैलेंस मात्रा नहीं पहुंचने से शारीरिक परेशानी शुरू हो सकती है। इसलिए यह हमेशा ध्यान रखें कि अगर शरीर में ऑक्सिजन लेवल की कमी आती है, तो नर्वस सिस्टम पर इसका नेगेटिव प्रभाव पड़ता है, जिसका असर हड्डियों पर पड़ता है और दर्द होने की भी संभावना हो सकती है। इसलिए ब्रीदिंग तकनीक पर ध्यान दें और हड्डियों या जोड़ों की तकलीफ से बचें।

6. हेल्दी बोन के लिए विटामिन्स है जरूरी (Vitamins)-

बोन हेल्थ (Bone health)

अगर आपको हड्डी या जोड़ों की समस्या (Joints pain) रहती है, तो उन्हें विटामिन-डी, विटामिन-के और विटामिन-सी का सेवन अवश्य करना चाहिए। ध्यान रखें अगर शरीर में विटामिन-डी की कमी होती है, तो ऑस्टियोपोरोसिस (Osteoporosis) का खतरा बना रहता है। वहीं अगर ये समस्या लंबे वक्त तक बनी रहे तो हड्डियों से जुड़ी तकलीफ बढ़ सकती है। विटामिन-डी, विटामिन-के और विटामिन-सी हड्डियों में कैल्शियम को एब्सॉर्ब करने में मददगार होते हैं और कार्टिलेज के निर्माण में भी सहायक होते हैं। इसलिए हड्डियों को स्ट्रॉन्ग बनाने के लिए मछली, अंडे का योल्क, दूध, पनीर, ब्रोकली, पालक, गोभी, संतरे, नींबू, स्ट्रॉबेरी और कीवी का सेवन करें।

7. कैफीन के सेवन से बचें (Caffeine)-

बोन हेल्थ (Bone health)

कैफीन युक्त पेय पदार्थों का सेवन कम से कम करें। दरअसल कैफीन कैल्शियम को एब्सॉर्ब करने का कार्य करता है, जिससे शरीर में कैल्शियम की कमी हो सकती है। चाय या कॉफी जैसे पेय पदार्थों के अलावा फिजी ड्रिंक्स से भी दूरी बनायें।

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8. हड्डियों की मजबूती के लिए कैल्शियम है जरूरी (Calcium)-

बोन हेल्थ की बात करें और कैल्शियम इसमें शामिल ना करें, तो ऐसा कैसे हो सकता है। दरअसल मजबूत हड्डियों का राज छिपा होता है कैल्शियम में। इसलिए अपने डायट दूध, दही, ब्रोकली, पनीर, फलियां, ड्राय फ्रूट्स, सी-फूड और हरी पत्तेदार सब्जियां का सेवन अवश्य करें। इनके सेवन से हड्डियों को सट्रॉन्ग बनाने के साथ-साथ जॉइंट्स प्रॉब्लम भी दूर हो सकती है।

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जोड़ों या हड्डियों से संबंधित परेशानियों से बचने के लिए इन निम्नलिखित बातों का भी रखें ध्यान। जैसे:

अगर आप कंप्यूटर पर काम करते हैं या लगातार बैठकर काम करते हैं, तो इससे भी जोड़ों में दर्द (Joints pain) की तकलीफ हो सकती है। इसलिए लगातार ना बैठें और बीच-बीच में गैप लें और वॉक करें। बैठने के दौरान गर्दन और कंधे को झुकाकर ना बैठें और अपने पॉश्चर पर ध्यान दें।

एक रिसर्च के मुताबिक तंबाकू का सेवन हड्डियों को कमजोर बना सकता है। तंबाकू की वजह से ऑस्टियोपोरोसिस का खतरा बढ़ सकता है।

एल्कोहॉल के सेवन से बचें। एल्कोहॉल के कारण भी हड्डियां कमजोर हो सकती हैं, और आपकी तकलीफ बढ़ सकती है।

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बोन हेल्थ की तकलीफ ना हो गंभीर, इसलिए डॉक्टर से कब करें कंसल्ट?

  • दर्द बढ़ने पर या ज्यादा वक्त तक दर्द होने पर।
  • बिना किसी चोट के भी हड्डियों या जोड़ों में दर्द होना।
  • जॉइंट पेन से बैक पेन की तकलीफ शुरू होना।
  • दर्द की वजह से बुखार आना।
  • सामान्य से ज्यादा वजन कम होना।
  • जोड़ों में दर्द या सूजन आना।

इन परेशानियों के अलावा अगर कोई और तकलीफ महसूस होती है, तो जल्द से जल्द डॉक्टर से संपर्क करें।

अगर आप सर्दियों के सीजन में बोन हेल्थ से जुड़े किसी तरह की कोई परेशानी महसूस कर रहें हैं या इससे जुड़ा आपका कोई सवाल है, तो आप हमें हमारे फेसबुक पेज पर पूछ सकते हैं या आप अपने विशेषज्ञों से जरूर समझें।

हैलो हेल्थ ग्रुप चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार प्रदान नहीं करता है

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