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शरीर के लिए हेल्दी है बासी रोटी, खाने में करें शामिल

शरीर के लिए हेल्दी है बासी रोटी, खाने में करें शामिल

हम लोग अक्सर खाना थोड़ा ज्यादा ही बनाते हैं और फिर कुछ खाना बच भी जाता है। सब्जी या ग्रेवी अक्सर खत्म हो जाती है और बच जाती हैं रोटियां। अगले दिन बासी रोटी (Stale bread) को घर के सदस्या या बच्चें खाने से कतराते हैं। अगर आपके घर में भी ऐसा होता है तो अब थोड़ा सा बदल जाएं क्योंकि आप हेल्दी रोटी को न कह रहे हैं। बासी रोटी के फायदे क्या हैं आज इसे इस आर्टिकल में समझेंगे।

बासी रोटी में कार्बोहाइड्रेड और फाइबर पाया जाता है। ताजी रोटी के मुकाबले बासी रोटी (Stale bread) में अच्छे बैक्टीरिया पाएं जाते हैं। खाना कोई भी हो हम उसे बासी समझ कर फेंक देते हैं। शायद आपने कभी नहीं सोचा होगा कि बासी खाना भी आपकी सेहत के लिए अच्छा हो सकता है। अब जान लीजिए कि बासी रोटी किस तरह से आपके स्वास्थ्य पर असर डालती है…

बासी रोटी बीमारी में है फायदेमंद (Benefits of Stale bread)

डायबटीज के पेशेंट के लिए बासी रोटी की रेसिपि ट्राई करना बढ़ियां आप्शन रहेगा। ये शुगर लेवल (Sugar level) को मेंटेन करता है। आगर आपको बीपी की समस्या है तो भी आप इसे ट्राई कर सकते हैं। साथ ही कैल्शियम की कमी है तो भी आप इसे अपना दोस्त बना सकती है। मेटाबॉलिज्म को रेगुलेट करने में भी बासी रोटी (Stale bread) काम आती है।

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बासी रोटी (Stale bread) से तुरंत मिलती है एनर्जी

अगर कमजोरी लग रही है और भूख भी लगी है तो बासी रोटी आपके लिए बेस्ट ऑप्शन साबित हो सकती है। बासी रोटी में कार्बोहाइड्रेड (Carbohydrate) होती है । शरीर को कार्बोहाइड्रेड से तुरंत एनर्जी मिलती है।

बासी रोटी पाचन तंत्र (Digestive system) के लिए है अच्छा

बासी रोटी पाचन तंत्र को दुरस्त बनाती है। बासी रोटी में फाइबर (Fiber) की प्रचुर मात्रा पाई जाती है। खाने में फाइबर की अधिक मात्रा पाचन में सहायता करती है। बासी रोटी से पेट फूलने की समस्या (Bloating), गैस (Acidity) की समस्या और कब्ज (Constipation) की समस्या से राहत मिल सकती है। इसलिए बासी रोटी के फायदे डायजेस्टिव हेल्थ को स्वस्थ रखने में किये जाते हैं।

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बासी रोटी (Stale bread) से मसल्स होंगी स्ट्रांग

रोटी में पाएं जाने वाले न्यूट्रिएंट्स मसल्स (Muscles) को स्ट्रांग करते हैं। एक्सरसाइज करने वाले लोगों के लिए ये बेहतर विकल्प हो सकता है। इसलिए बासी रोटी के फायदे मसल्स को स्ट्रॉन्ग बनाये रखने में भी है।

बासी रोटी से वजन होता है संतुलित

अगर आप वजन (Weight) संतुलित करने के लिए कई सारे नियम अपना रहें हैं तो आपको बासी रोटी का फॉर्मूला भी अपनाना चाहिए। दरअसल बासी रोटी (Stale bread) में भी आटे के सारे पौष्टिक तत्व जैसे फाइबर की प्रचुर मात्रा उपलब्ध होती है, तो वहीं इन रोटियों में सोडियम (Sodium) की मात्रा कम होती हैं। इसी लिए बासी रोटी अच्छी तरह से डायजेस्ट होती है। इसके सेवन से वजन भी संतुलित रखता है और ब्लड शुगर लेवल भी बैलेंस्ड होता है।

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बासी रोटी का सेवन कैसे करें?

मन में ये भी प्रश्न उठता है कि आखिर बासी रोटी कैसे खाएं? बासी रोटी (Stale bread) से कई प्रकार की रेसिपि बनाई जा सकती है। बासी रोटी में दूध और शक्कर डालकर उसकी खीर बनाई जा सकती है। यदि आपको नमकीन पसंद है तो सब्जी मिलाकर बासी रोटी का पोहा बनाया जा सकता है। अगर कुछ जल्दी बनाना है तो रोटी तवें में सेंक लें । बासी रोटी के पापड़ भी खाने में बहुत स्वादिष्ट लगते हैं। रोटी और मेवे को मिलाकर लड्डू भी तैयार किया जा सकता है। एक बात का ध्यान रखें कि बासी रोटी से मतलब सिर्फ एक दिन पुरानी रोटी से है न कि कई दिन। वैसी बासी रोटी का ही सेवन करें जिसे बने हुए 12 से 15 घंटे हुए हों। इससे ज्यादा देर से बने हुए होने पर रोटी का सेवन न करें।

बासी रोटी रेसिपी (Stale bread recipe):-

1. बासी रोटी से बनायें पोहा

बासी रोटी का पोहा बनाने के लिए आपको किसी खास सामग्री की जरूरत नहीं है। इसके लिए आपको चाहिए कुकिंग ऑयल (Cooking oil) या घी (Ghee), जीरा (Cumin), काला सरसों, प्याज बारीक कटा हुआ, हरी मिर्च कटी हुई, हल्दी पाउडर, नमक (Salt) और अगर आप चाहें तो इसमें नट्स मिलता सकते हैं।

गर्म कढ़ाई या पैन में कुकिंग ऑयल डालें और जब वह गर्म होने लगे तो उसमें घी, जीरा और काला सरसों मिला दें। जब ये सभी करैकल होने लगें तो इसमें कटी हुई प्याज (प्याज का सेवन सेहत के लिए लाभकारी होता है) और मिर्च डाल दें। अब जब प्याज मिलाये भुन जाए तो इसमें रोटी के बिलकुल छोटे-छोटे टुकड़े कर लें और इसमें मिला दें। अब नमक अपने स्वाद अनुसार मिलाकर कुछ देर तक पकाएं और अब रेडी है आपको गर्मागर्म बासी रोटी (Stale bread) का पोहा बनकर तैयार।

2. बासी रोटी से बनायें गुलाब जामुन

बासी रोटी (Stale bread) से गुलाब जामुन बनाना बेहद आसान है। इसके लिए आपको चाहिए बासी रोटी, चीनी, दूध, पानी, इलाइची पाउडर, रिफाइंड ऑयल या घी। इसे बनाने के लिए सबसे पहले बची हुई रोटी को अच्छी तरह से तवा पर सेंक लें। और इसका मिक्सर में पाउडर बना लें। अब दूध और रोटी के पाउडर, इलाइची पाउडर को मिलाकर अच्छी तरह से गूथ लें और इसके गुलाबजामुन का शेप दे दें। अब इसे तल लें। अब पानी और चीनी की चाश्नी बना लें और जब जब यह बन जाए तो तले हुए गुलाब जामुन को चाश्नी में डाल दें। अब सर्व करने के लिए रेडी है बासी रोटी (Stale bread) का गुलाबजामुन।

वैसे तो बासी रोटी शुगर लेवल (Sugar level) को कंट्रोल करता है लेकिन, अगर आपने इससे गुलाबजामुन बनाई है तो डायबिटीज (Diabetes) के पेशेंट को इसका सेवन नहीं करना चाहिए।

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3. बासी रोटी से बनायें सब्जी

अभी तक तो आपने सुना है रोटी के साथ क्या सब्जी बनेगी लेकिन, रोटी से भी सब्जी बनाई जा सकती है। इसके लिए आपको बची हुई रोटी का मिक्सर में पाउडर रेडी करना है। इस पाउडर में थोड़े से उबले हुए आलू (Potato), हरी मिर्च नमक थोड़ा सा बेसन मिलाकर रेडी कर लेना। इसे दही और थोड़े से पानी की मदद से गूथ लें और इसका छोटा-छोटा लड्डू बना लें और इस लड्डू को डीप फ्राई कर लें। अब सब्जी की ग्रेवी जैसे आप बनाते हैं वैसे ही ग्रेवी रेडी कर लें और इसमें रोटी की जो लड्डू बनाई है वो डाल कर थोड़ी देर के लिए पका लें। रेडी है आपका गर्मागर्म हेल्दी और टेस्टी बासी रोटी की सब्जी बनकर तैयार।

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डाइटीशियन एडवाइज

हैलो स्वास्थ्य ने डाइटीशियन शुचि बसंल ने कहा कि बासी खाने का मतलब अगर तीन से चार घंटे तक है तो इसमें परेशानी नहीं है। कच्चा खाना यानी रोटी देर से खराब होती है। आप इसमें पसंद का कुछ भी मिलाकर खा सकते हैं। ये फायदेमंद है। लेकिन याद रखें कि ज्यादा देर तक रखा हुआ खाना न खाएं।

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अगर आप बासी रोटी के खाने से जुड़े किसी तरह के कोई सवाल का जवाब जानना चाहते हैं तो विशेषज्ञों से समझना बेहतर होगा। हैलो हेल्थ ग्रुप किसी भी तरह की मेडिकल एडवाइस, इलाज और जांच की सलाह नहीं देता है।

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सूत्र

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Bhawana Awasthi द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 24/08/2021 को
डॉ. प्रणाली पाटील के द्वारा मेडिकली रिव्यूड