home

हम इसे कैसे बेहतर बना सकते हैं?

close
chevron
इस आर्टिकल में गलत जानकारी दी हुई है.
chevron

हमें बताएं, क्या गलती थी.

wanring-icon
ध्यान रखें कि यदि ये आपके लिए असुविधाजनक है, तो आपको ये जानकारी देने की जरूरत नहीं। माय ओपिनियन पर क्लिक करें और वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखें।
chevron
इस आर्टिकल में जरूरी जानकारी नहीं है.
chevron

हमें बताएं, क्या उपलब्ध नहीं है.

wanring-icon
ध्यान रखें कि यदि ये आपके लिए असुविधाजनक है, तो आपको ये जानकारी देने की जरूरत नहीं। माय ओपिनियन पर क्लिक करें और वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखें।
chevron
हम्म्म... मेरा एक सवाल है
chevron

हम निजी हेल्थ सलाह, निदान और इलाज नहीं दे सकते, पर हम आपकी सलाह जरूर जानना चाहेंगे। कृपया बॉक्स में लिखें।

wanring-icon
यदि आप कोई मेडिकल एमरजेंसी से जूझ रहे हैं, तो तुरंत लोकल एमरजेंसी सर्विस को कॉल करें या पास के एमरजेंसी रूम और केयर सेंटर जाएं।

लिंक कॉपी करें

शरीर में हो जाए पानी की कमी, तो काम आती है ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी

शरीर में हो जाए पानी की कमी, तो काम आती है ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी

बिना पानी के धरती की कल्पना करना या फिर जीवन के बारे में सोचना गलत होगा। साफ पानी का सेवन शरीर की अच्छी सेहत के लिए बहुत जरूरी होता है। अगर किसी बीमारी के कारण शरीर में पानी की कमी हो जाती है, तो डिहायड्रेशन (Dehydration) का सामना करना पड़ सकता है। कॉलरा की बीमारी के कारण शरीर में पानी की कमी हो सकती है। अगर ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS) दी जाए, तो कॉलरा यानी हैजा के पेशेंट को काफी हद तक ठीक किया जा सकता है। अगर हैजा के पेशेंट को रिहायड्रेशन थेरिपी न दी जाए, तो चार में से एक पेशेंट की मौत भी हो सकती है। आज इस आर्टिकल के माध्यम से हम आपको ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS) के बारे में जानकारी देंगे।

और पढ़ें: Dehydration: डिहाइड्रेशन क्या है?

ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS)

ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी

ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS) के लिए ओरल रिहायड्रेशन सॉल्ट की जरूरत पड़ती है। साथ ही इलेक्ट्रोलाइट्स भी शरीर के लिए जरूरी होते हैं। शरीर में पानी की कमी होने पर अगर फ़्लूइड या पानी का सेवन न किया जाए, तो हालत गंभीर होने के चांसेज रहते हैं। ओआरएस घोल में शरीर के उपयोगी इलेक्ट्रोलाइट मौजूद होते हैं, जो डिहायड्रेशन से बचाने का काम करते हैं। ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS) देने के लिए जानिए डब्लूएचओ और यूनीसेफ के अनुसार किस फॉर्मुले का इस्तेमाल किया जाता है।

रिड्यूस ऑस्मोलैरिटी ओआरएस

  • सोडियम क्लोराइड -2.6 ग्राम/ लीटर
  • ग्लूकोज, एनहायड्रस -13.5 ग्राम/ लीटर
  • पोटेशियम क्लोराइड – 1.5 ग्राम/ लीटर
  • ट्राइसोडियम साइट्रेट, डाइहाइड्रेट -2.9 ग्राम/ लीटर
  • सोडियम -75 मोल/लीटर
  • क्लोराइड – 65 मोल/लीटर
  • ग्लूकोज, एनहायड्रस – 75 मोल/लीटर
  • पोटैशियम – 20 मोल/लीटर
  • सिट्रेट – 10 मोल/लीटर

कुल ऑस्मोलेरिटी – 245

दी गई जानकारी किसी भी चिकित्सा सलाह का विकल्प नहीं है। ज्यादा जानकारी के लिए बेहतर होगा की आप अपने चिकित्सक से संपर्क करें।

और पढ़ें: जरूरत से ज्यादा पानी पीना भी है खतरनाक! खड़ी हो सकती है ये जानलेवा समस्या!

ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS) की कब पड़ती है जरूरत?

ओरल रिहायड्रेशन सॉल्युशन (ORS) का इस्तेमाल डिहाड्रेशन की समस्या (Dehydration problem) को कम करने के लिए किया जाता है। दस्त या फिर डायरिया के कारण (Due to diarrhea) होने वाली समस्या को ठीक करने के लिए और शरीर में पानी की कमी को पूरा करने के लिए ओरल रिहायड्रेशन सॉल्युशन की जरूरत पड़ती है। ओआरएस में शरीर की जरूरत के मुताबिक इंग्रीडिएंट्स का इस्तेमाल किया जाता है। यानी शरीर की जरूरत के मुताबिक ही इसमें तत्वों का अनुपात होता है। उबले हुए पानी में इलेक्ट्रोलाइट (Electrolyte) को डाला जाता है। बॉडी के प्रॉपर वर्क करने के लिए इलेक्ट्रोलाइट यानी नमक की जरूरत पड़ती है। ओरल रिहायड्रेशन सॉल्युशन में कार्बोहायड्रेट यानी शुगर का इस्तेमाल किया जा सकता है।

दस्त या फिर डायरिया के शुरू होते ही ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS) की जरूरत पड़ती है। अगर शरीर में पानी की कमी हो जाए, तो ऐसे में ओआरएस घोल की अधिक जरूरत पड़ती है। अगर यात्रा के दौरान अनकॉम्प्लीकेटेड डायरिया हो जाए, तो बिना ओआरएस (ORS) घोल के खुद को साफ पानी, सूप या फिर डायल्यूटेड जूस की हेल्प से खुद को हायड्रेट किया जा सकता है। बच्चों में डायरिया के कारण पानी की कमी तेजी से होती है, ऐसे में ओआरएस घोल की जरूरत पड़ती है। ओरआरएस घोल तब पीना चाहिए जब प्यास लगे और साथ ही यूरिन का रंग (Color of urine) पीले से नॉर्मल हो जाए। जानिए बच्चों को कितना ओआरएस घोल दिया जा सकता है।

  • दो साल के बच्चों के लिए – 50-100 एमएल (डायरिया के प्रत्येक एपिसोड के बाद)
  • दो से 9 साल के बच्चों के लिए – 100-200 एमएल (डायरिया के प्रत्येक एपिसोड के बाद)
  • दस साल से अधिक के बच्चे के लिए – दिन में करीब दो लीटर (जरूरत के मुताबिक)

दी गई जानकारी किसी भी चिकित्सा सलाह का विकल्प नहीं है। ज्यादा जानकारी के लिए बेहतर होगा की आप अपने चिकित्सक से संपर्क करें। बच्चों को डायरिया की समस्या होने पर तुरंत डॉक्टर को दिखाएं और ट्रीटमेंट कराएं।

और पढ़ें:खाना खाते समय पानी पीना चाहिए या नहीं?

ओरल रिहायड्रेशन सॉल्युशन ( Oral rehydration solutions) कैसे बनाएं?

ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS) देने के लिए आपको कुछ बेसिक बातों की जानकारी होना जरूरी है। अगर घर में किसी सदस्य या फिर बच्चों को डायरिया (Diarrhea in children) या फिर डिहायड्रेशन की समस्या हो गई है, तो ऐसे में कमर्शियल रूप से उपलब्ध रिहायड्रेशन सॉल्ट का इस्तेमाल करना चाहिए। ऐसे में होममेड ओआरएस का इस्तेमाल करने की सलाह नहीं दी जाती है। घर में बने ओआरएस घोल को लेने की सलाह तभी दी जाती है जब किन्हीं कारणों से कर्मिशयल रिहायड्रेशन सॉल्ट नहीं मिल पाते हैं। ऐसा इसलिए भी जरूरी है क्योंकि शरीर में पानी की कमी को पूरा करने के लिए निश्चित मात्रा में इलेक्ट्रोलाइट की जरूरत पड़ती है।

घर में आप जब भी ओआरएस तैयार कर रहे हों, हमेशा उबले या फिर ट्रीटेड वॉटर का ही इस्तेमाल करें। आपको कैमिस्ट शॉप में आसानी से ओआरएस पैकेट मिल जाएंगे। आपको इसे दिए गए निर्देशानुसार ही तैयार करना चाहिए। अगर आप एक बार ओआरएस तैयार कर लेते हैं, तो उसे 12 घंटे के अंदर ही खत्म कर दें। अगर आप घोल को फ्रिज में रख रहे हैं, तो ये घोल 24 घंटे तक भी सही रहता है। आप चाहे तो इसके बारे में अधिक जानकारी डॉक्टर से प्राप्त कर सकते हैं। डॉक्टर से ये जरूर पूछें कि बच्चे को कब-कब इस घोल को देने की जरूरत होती है।

और पढ़ें: गर्म पानी के साथ शहद और नींबू लेने से बढ़ती है इम्युनिटी, जानें इसके फायदे

शरीर में न होने दें पानी की कमी

पानी न सिर्फ शरीर की प्यास बुझाता है बल्कि बॉडी टेम्परेचर को मेंटेन करने का काम करता है। शरीर में अगर सही मात्रा में पानी न पहुंचने पर कब्ज की समस्या (Constipation problem) हो सकती है। पानी शरीर के विषैले पदार्थों को शरीर से बाहर करता है और पिंपल (Pimple), पथरी और कुछ कैंसर के खतरे को भी कम करता है। अब आप समझ ही गए होंगे कि अगर आपको हैजा या डायरिया जैसी बीमारी का सामना करना पड़ता है तो सबसे पहले ओआरएस का घोल लें। सही मात्रा में इसका सेवन आपको बड़े खतरे से बचाने का काम करता है। जब शरीर में पानी की कमी हो जाए, तो बेहतर होगा कि व्यायाम और किसी भी तरह की फिजिकल एक्टिविटी न करें क्योंकि शरीर में ऊर्जा कम हो जाती है। डायरिया के दौरान बच्चों को खास देखभाल की जरूरत होती है।

अगर बच्चा डायरिया के दौरान ओआरएस घोल न पी रहा हो, तो आपको तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। शरीर में पानी की कमी मौत का कारण भी बन सकती है। बच्चों में दस्त लगने पर अक्सर घर में ही ट्रीटमेंट दिया जाता है लेकिन बच्चे के सही से पानी न पीने पर स्थिति बिगड़ भी सकती है, ऐसे में डॉक्टर से परामर्श कर बच्चे का ट्रीटमेंट कराएं।

हैलो हेल्थ किसी भी प्रकार की चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार उपलब्ध नहीं कराता। इस आर्टिकल में हमने आपको ओआरएस के साथ रिहायड्रेशन थेरिपी (Rehydration Therapy With ORS) के संबंध में जानकारी दी है। उम्मीद है आपको हैलो हेल्थ की दी हुई जानकारियां पसंद आई होंगी। अगर आपको इस संबंध में अधिक जानकारी चाहिए, तो हमसे जरूर पूछें। हम आपके सवालों के जवाब मेडिकल एक्सर्ट्स द्वारा दिलाने की कोशिश करेंगे।

डायरिया की अधिक जानकारी के लिए देखें वीडियो –

हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।

लेखक की तस्वीर badge
Bhawana Awasthi द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 4 weeks ago को
डॉ. हेमाक्षी जत्तानी के द्वारा मेडिकली रिव्यूड
x