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बालों और स्कैल्प की हेल्थ को अनदेखा करना पड़ सकता है आपको महंगा!

बालों और स्कैल्प की हेल्थ को अनदेखा करना पड़ सकता है आपको महंगा!

हम लोग बालों को सुंदर बनाने के लिए न जाने क्या कुछ करते हैं? ये सच है कि बालों को सुंदरता को बनाने रखने के लिए देखभाल की जरूरत पड़ती है लेकिन कम ही लोग स्कैल्प के बारे में सोचते है। बालों और स्कैल्प की देखभाल (Hair and scalp care) बहुत जरूरी होती है। अगर आप स्कैल्प की हेल्थ पर ध्यान नहीं देंगे, तो आपकी बालों की सेहत पर भी बुरा असर पड़ सकता है। स्कैल्प में खुजली (Itching), जलन, लालिमा, सिस्ट, एक्ने संबंधित समस्याएं (Acne related problems) हो सकती हैं। आज इस आर्टिकम के माध्यम से हम आपको बालों और स्कैल्प की देखभाल से संबंधित महत्वूर्ण बातें बताएंगें। जानिए बालों और स्कैल्प की देखभाल (Hair and scalp care) से पहले इनसे संबंधित परेशानियों के बारे में।

बालों और स्कैल्प की देखभाल (Hair and scalp care) क्यों जरूरी है?

हमारे सिर की त्वचा बहुत संवेदनशील होती है। शैम्पू, कंडीशनर या फिर जैल आदि का इस्तेमाल करते समय हमें इस बात का ध्यान भी रखना चाहिए कि स्कैल्प स्किन को किसी तरह की समस्या तो नहीं हो रही है। हम जानते हैं कि आपको स्कैल्प संबंधित परेशानियों के बारे में कम ही जानकारी होगी। स्कैल्प में खुजली, लालपन, जलन, दर्द, मुंहासे, अल्सर, हेयर फॉल आदि की समस्या हो सकती है। स्कैल्प की हेल्थ से हेयर हेल्थ जुड़ी हुई है। आप स्कैल्प की तुलना मिट्टी से कर सकते हैं और बालों की प्लांट्स से। यानी मिट्टी में अगर पोषक तत्व नहीं होंगे, तो पेड़ों की ग्रोथ पर बुरा असर पड़ेगा।

अगर आप स्कैल्प हेल्थ पर ध्यान नहीं देते हैं, तो आपके बाल भी कमजोर होंगे और आसानी से झड़ने लगेंगे। हमारे स्कैल्प में करीब एक लाख फॉलिकल्स होते हैं। एक फॉलिकल से एक बाल निकलता है। फॉलिकल से सीबम (Sebum) या ऑयल प्रोड्यूस होता है, जो स्कैल्प को मॉस्चराइज करने का काम करता है। साथ ही ये स्किन इंफेक्शन से बचाने का काम भी करता है। स्कैल्प से संबंधित समस्याएं जैसे कि डैंड्रफ, सेबोरिएक डर्मेटाइटिस (Seborrheic dermatitis), एटोपिक डर्माटाइटिस (Atopic dermatitis) और सोराइसिस (Psoriasis) आदि समस्याएं संबंधित हैं। इन कारणों से बाल का टूटना, बालों की चमक कम होना, प्रीमैच्योर हेयर लॉस आदि परेशामियां हो सकती हैं।

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ऐसे करें स्कैल्प की देखभाल (Scalp care)

बालों और स्कैल्प की देखभाल

  • स्कैल्प की देखभाल (Scalp care) के लिए आपको कुछ जरूरी बदलाव करने होंगे। आपको हेयर केयर प्रोडक्ट में सल्फेट, एल्कोहॉल या फिर खुशबू वाले उत्पादों से बचना होगा। सल्फेट बालों के नैचुरल ऑयल को समाप्त करता है, जिसके कारण स्कैल्प में खुजली होती है। ज्यादा कैमिकल वाले प्रोडक्ट का इस्तेमाल न करें। आप शैम्पू करते समय स्कैल्प को रगड़ने के बजाय धीरे-धीरे मजास करें ताकि ब्लड सर्कुलेशन बढ़ें।
  • अगर आपके बाल ऑयली हैं, तो हो सकता है कि आप बार-बार शैम्पू करते हो लेकिन इसका उल्टा असर हो सकता है। बार-बार शैम्पू करने से बालों से अधिक ऑयल प्रोड्यूस होता है। जन्हें ड्राई हेयर (Dry hair)की समस्या हो, उन्हें सप्ताह में तीन से चार बार शैम्पू करना चाहिए।

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  • आप स्कैल्प की अच्छी हेल्थ के लिए ओमेगा 3 एस और फिश ऑयल (Omega-3s and fish oils) का इस्तेमाल कर सकते हैं। इस बात का कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है लेकिन कई लोगों ने इस उपाय को कारगर माना है। ओमेगा 3 एस सप्लिमेंट बालों में ग्रोथ के साथ ही स्कैल्प की सूजन को कम करने का काम भी करता है।
  • जब शरीर में रेडिकल्स और एंटीऑक्सीडेंट्स के बीच असंतुलन हो जाता है, तो ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस पैदा होता है। ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस शरीर में कई बीमारियों जैसे कि डायबिटीज, हार्ट डिजीज, कैंसर आदि का कारण बनता है। आपको इस रिएक्शन को रोकने के लिए खाने में अधिक मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट्स लेने चाहिए ताकि हेल्थ कंडीनशंस को रोका जा सके और स्कैल्प हेल्थ पर बुरा असर न पड़े।
  • गट हेल्थ स्किन हेल्थ से कनेक्ट रहती है। आपको खाने में प्रोबायोटिक्स (Probiotics) लेने चाहिए ताकि स्किन माइक्रोबायोम इम्प्रूव हो सके। इससे आपकी स्कैल्प को मजबूती मिलेगी और बालों को भी फायदा पहुंचेगा। इस तरह से आप बालों और स्कैल्प की देखभाल (Hair and scalp care) का पूरा ध्यान रख सकते हैं।

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बालों से संबंधित समस्याएं (Common Hair Problems)

आपको या हम सबको कभी न कभी बालों से संबंधित समस्याओं का सामना करना पड़ता है। आजकल की लाइफ में स्ट्रेस होना आम बात है और स्ट्रेस के कारण बालों पर बुरा असर पड़ता है। बालों की देखभाल के लिए आपको मेंटल हेल्थ पर भी ध्यान देने की जरूरत है। बालों से जुड़ी समस्याओं में आमतौर पर ड्रेंड्रफ, हेयर लॉस, ड्राय हेयर, बालों का दो भागों में टूटना, ऑयली हेयर, फ्रीजी हेयर, डल हेयर, हीट डैमेज्ड हेयर आदि का सामना करना पड़ता है। अगर बालों की देखभाल के लिए उपयुक्त हेयर प्रोडक्ट के साथ ही नैचुरल टिप्स अपनाई जाए, तो बालों की केयर आसानी से की जा सकती है। जानिए हेयर केयर के दौरान किन बातों का ध्यान रखने की जरूरत हैं।

  • हवा में उड़ती धूल और गंदगी डेंड्रफ का कारण बन सकती है। डैंड्रफ (Dandruff) या रूसी के कारण ग्रिसी पैचेस (greasy patches) दिखाई पड़ते हैं। डेंड्रफ ड्राई स्किन या फंगल संक्रमण के कारण हो सकते हैं। आपको एंटी ड्रैंडफ शैम्पू के साथ ही बालों में टी ट्री ऑयल (Tea Tree oil), नारियल तेल (Coconut oil), लेमनग्रास ऑयल (Lemongrass oil) आदि का इस्तेमाल करना चाहिए।
  • स्ट्रेस, हॉर्मोनल चेंज या फिर मेडिकेशन के कारण हेयर लॉस की समस्या हो जाती हैं। ऐसे में हेयर केयर के लिए बालों के झड़ने के कारण के बारे में पता लगाना जरूरी है। खाने में हेल्दी डायट लेने के साथ ही आप एंटी हेयर फॉल शैम्पू का चुनाव करें।

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  • अगर बालों से नैचुरल ऑयल (Natural oil) अधिक निकल रहा है और आप ऑयली बालों से परेशान हो चुके हैं, तो आपको सीबम (Control sebum) कंट्रोल शैम्पू का इस्तेमाल कर सकते हैं।
  • बाल डल तब होते हैं, जब अधिक कैमिकल वाले शैम्पू का इस्तेमाल या फिर स्टाइल के दौरान अधिक हीट यूज होती है। आप मॉस्चराइजिंग शैम्पू का इस्तेमाल कर सकते हैं। साथ ही बालों को हीट से बचाएं।
  • हेयर कंडीशनर (Hair conditioner) का इस्तेमाल जरूर करें। ये न सिर्फ आपके बालों को मुलायम बनाता है बल्कि मॉस्चराइज भी करता है।
  • बालों को क्लींस्ड और मॉस्चराइज करने के बाद क्रीम बेस्ड लोशन का इस्तेमाल जरूर करें। ऐसा करने से ब्रेकेज और ड्रायनेस से छुटकारा मिलता है।
  • गीले बालों को कॉम्ब करने से बचे। गीले बाल आसानी से टूट जाते हैं। अपने बालों के हिसाब से ही ब्रश या कॉम्ब का चुनाव करें।
  • अगर बाल ज्यादा उलझ गए हैं, तो सीरम का इस्तेमाल जरूर करें। ऐसा करके आप बालों को टूटने से रोक सकती हैं।
  • ब्रोकन हेयर (Broken hair) की समस्या दूर नहीं हो रही है, तो आप एक्सपर्ट की मदद से प्रोटीन ट्रीटमेंट ले सकते हैं। ये ट्रीटमेंट महीने में एक बार लिया जा सकता है। इस तरह से आप हेयर एंड स्कैल्प केयर (Hair and scalp care) कर सकते हैं।

कुछ बातों का ध्यान रख आप बालों और स्कैल्प की देखभाल (Hair and scalp care) कर सकते हैं। हम उम्मीद करते हैं कि आपको ये आर्टिकल पसंद आया होगा। आप स्वास्थ्य संबंधी अधिक जानकारी के लिए हैलो स्वास्थ्य की वेबसाइट विजिट कर सकते हैं। अगर आपके मन में कोई प्रश्न है, तो हैलो स्वास्थ्य के फेसबुक पेज में आप कमेंट बॉक्स में प्रश्न पूछ सकते हैं और अन्य लोगों के साथ साझा कर सकते हैं।

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सूत्र

 

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Bhawana Awasthi द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 22/03/2021 को
डॉ. प्रणाली पाटील के द्वारा मेडिकली रिव्यूड