विश्व के किन देशों को कोरोना वायरस ने नहीं किया प्रभावित? क्या हैं इन देशों के कोविड-19 से बचने के उपाय?

चिकित्सक द्वारा समीक्षित | द्वारा

अपडेट डेट जून 3, 2020 . 10 मिनट में पढ़ें
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चीन के वुहान शहर से शुरू हुआ कोरोना वायरस का प्रकोप आज पूरी दुनिया में फैल गया है। इरान, पाकिस्तान, स्पेन, इटली  जैसे देशों की बात की जाए या फिर भारत, अमेरिका, इंगलैंड जैसे बड़े और शक्तिशाली देशों की बात हो, सभी कोरोना वायरस संक्रमण से बेहाल हुए हैं। इन देशों में लाखों लोग कोविड-19 से संक्रमित हैं और हजारों मरीजों की मृत्यु भी हो चुकी है। ऐसी खबरें तो आप रोज सुनते और पढ़ते होंगे, लेकिन यह खबर आपने नहीं सुनी होगी कि दुनिया में ऐसे भी देश हैं, जहां अभी तक कोरोना नहीं पहुंच पाया है। जी हां, एक नहीं बल्कि दुनिया के कई देश हैं, जिन्हें कोरोना वायरस ने अब तक प्रभावित नहीं किया है। आज हम आपको इन्हीं देशों के बारे में बताएंगे। हम आपको यह भी बताएंगे कि कोविड-19 से बचने के उपाय के रूप में इन देशों ने क्या-क्या कदम उठाए हैं।

कोविड-19 से बचने के उपाय-countries not affected by Coronavirus and reason
कोविड-19 से बचने के उपाय-countries not affected by Coronavirus and reason

उत्तरी कोरिया में कोरोना वायरस संक्रमित एक भी मरीज नहीं

पूरी दुनिया कोविड-19 के संक्रमण से त्रस्त है, लेकिन उत्तरी कोरिया में अब तक कोरोना वायरस से संक्रमित एक भी मरीज नहीं मिला है। उत्तरी कोरिया का कहना है कि उसके यहां अब तक कोविड-19 संक्रमित एक भी मरीज की पुष्टि नहीं हुई है। 

हालांकि दुनिया भर के देशों को उत्तरी कोरिया सरकार की बातों पर जरा भी विश्वास नहीं हो रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि उत्तरी कोरिया की सीमा चीन से मिलती है। ऐसे में यह संभव ही नहीं है कि उत्तरी कोरिया में कोरोना वायरस से एक भी संक्रमित मरीज नहीं होगा।

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उत्तरी कोरिया के कोविड-19 से बचने के उपाय

उत्तर कोरिया में अब तक कोरोना का एक भी मामला सामने नहीं आया है। इसके बाद भी यहां बहुत कड़े नियम लागू कर दिए गए हैं। दूतावास को भी बंद कर दिया गया है। उत्तर कोरिया ने अपनी सीमाएं बंद कर ली और हजारों लोगों को अलग कर दिया। सैकड़ों विदेशियों को घरों में रहने को कहा गया है।

उत्तर कोरिया में सेंट्रल एंटी-एपिडेमिक मुख्यालय के निदेशक पाक म्योंग-सू ने कहा, “हमारे यहां अब तक एक भी व्यक्ति कोरोना वायरस के संक्रमण की चपेट में नहीं आया है, क्योंकि हमने दूसरे देशों की तुलना में कोविड-19 से बचने के बेहतर उपाय किए हैं। ये उपाय हमने पहले से ही करने शुरू कर दिए थे। 

कोविड-19 से बचने के उपाय-countries not affected by Coronavirus and reason
कोरोना संक्रमण पर रोक-Prevent Coronavirus

हमारे यहां विदेश से जितने भी लोग आए, उन सभी लोगों की तलाशी ली गई। लोगों को क्वारंटाइन में रखा गया। हमने उनके सभी सामानों को पूरी तरह से सैनिटाइज किया। इसके साथ ही हमने अपनी सभी जल, थल और वायु मार्ग से लगी सीमाओं को पूरी तरह बंद कर दिया।”

पाक म्योंग-सू ने यह भी कहा कि उत्तरी कोरिया ने कोरोना संक्रमण पर रोक लगाने के लिए बहुत ही कड़े कदम उठाए हैं। जनवरी में जब चीन में कोरोना का संक्रमण तेजी से फैल रहा था, उसी समय उत्तरी कोरिया ने अपनी सीमाएं बंद कर दी थीं। प्योंगयांग आने वाले सैकड़ों विदेशियों को क्वारंटाइन में रख दिया था। यहां तक कि अपने 10 हजार नागरिकों को भी आइसोलेशन में रखा और 500 लोग अब भी क्वारंटाइन में हैं। हमने कोविड-19से बचने के उपाय को पूरी तरह अपनाया है। बड़ी संख्या में डॉक्टरों को कोरोना वायरस से संबंधित ट्रेनिंग दी गई है और स्वास्थ्य संबंधित उपकरणों की पर्याप्त व्यवस्था भी की गई।

सोलोमन आइलैंड अब भी कोरोना संक्रमण से अप्रभावित

सोलोमन आइलैंड एक ऐसा देश है, जहां की आबादी बहुत ही कम है। इस देश में लोग बहुत कम जाना पसंद करते हैं। यही कारण है कि यहां बाहरी देशों से बहुत कम लोग आते-जाते हैं। 

विदेशी नागरिकों के दूर रहने के कारण ही सोलोमन आइलैंड नोवल कोरोना वायरस के प्रकोप से बचा हुआ है। 3 अप्रैल तक की रिपोर्ट के अनुसार, सोलोमन आइलैंड में कोरोना संक्रमित एक भी मरीज नहीं मिला है। 

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सोलोमन आइलैंड के कोविड-19 से बचने के उपाय

सोलोमन आइलैंड की सरकार द्वारा सुरक्षा उपाय करते हुए अपने यहां आने वाले सभी बाहरी लोगों की जांच करने का आदेश जारी किया गया। इसके साथ ही जिन देशों में कोरोना ने हाहाकार मचाया हुआ है, उन देशों के लोगों के सोलोमन आइलैंड आने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है।

कोविड-19 से बचने के उपाय के रूप में 27 मार्च को प्रधानमंत्री मनसेह सोगवारे ने देश की सभी उड़ानों को बंद कर दिया है। होनियारा में आपातकालीन की घोषणा कर दी। केवल चर्च को छोड़कर देश के अधिकांश मनोरंजन स्थानों को बंद कर दिया गया। 31 मार्च को सभी स्कूलों को भी बंद कर दिया गया। 

तजाकिस्तान में कोरोना का कोई असर नहीं

तजाकिस्तान स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, “2 अप्रैल तक देश में कोरोनो वायरस संक्रमण के किसी भी मामले की पुष्टि नहीं हुई है। तजाकिस्तान में रोजाना की तरह स्कूल खुले हुए रहते हैं। गलियों, बाजारों में रोजाना की तरह आम लोगों और व्यापारियों की तरह भीड़ लगी रहती है।” 

उन्होंने यह भी कहा कि दुनिया भर में जिस तरह से कोरोना वायरस ने लोगों को संक्रमित कर रखा है, उससे यहां के नागरिक भी चिंतित हैं और इनके दैनिक जीवन पर भी इसका बहुत असर पड़ रहा है। लोग पहले से ही सचेत होकर खाने-पीने की चीजों के साथ अन्य वस्तुओं को घर में स्टोर कर रहे हैं, ताकि उनको इन सामानों के लिए बाजार कम निकलना पड़े और विपरीत परिस्थितियों में इनको किसी तरह की मुश्किल हालात का सामना न करना पड़े।

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तजाकिस्तान के कोविड-19 से बचने के उपाय

तजाकिस्तान में शहर हो या गांव, सभी जगह लोग मास्क पहन रहे हैं। हालांकि तजाकिस्तान सरकार द्वारा ऐसा कोई आधिकारिक निर्देश नहीं दिया गया है, लेकिन लोग जागरूक होकर अपनी सुरक्षा कर रहे हैं। लोग सामाजिक दूरी अपना रहे हैं। 

तजाकिस्तान मंत्रालय के अनुसार, “1 फरवरी से 2 अप्रैल के बीच विदेश से जितने भी लोग ताजिकिस्तान पहुंचे हैं, उन सभी लोगों को 14 दिनों के लिए क्वारंटाइन में रखा गया है। ऐसे लोगों की संख्या 6,272 है। इनमें से 3,913 लोग 2 अप्रैल तक भी क्वारंटाइन में हैं। इनमें से किसी को भी कोरोना वायरस से संक्रमित नहीं पाया गया।”

कोविड-19 से बचने के उपाय-countries not affected by Coronavirus and reason
कोविड-19 से बचने के उपाय-countries not affected by Coronavirus and reason

दुशांबे में डब्ल्यूएचओ कार्यालय की प्रमुख गैलिना परफिलिएवा ने 1 अप्रैल को कहा कि ताजिकिस्तान ने 700 से अधिक लोगों की जांच की गई और सभी की रिपोर्ट निगेटिव आई थी। सैंपल को दोबोरा जांच के लिए ब्रिटेन और रूस के लैब में भी भेजा गया था, लेकिन वहां से भी परिणाम निगेटिव ही आया।

नाउरू में नहीं है कोविड-19 का कोई मरीज 

नाउरू बहुत ही छोटा देश है। इस देश की आबादी बहुत कम है। यहां विदेश से बहुत कम लोग आते-जाते हैं। एक आंकड़े के अनुसार, नाउरू में एक साल में करीब औसतन 160 पर्यटक ही आते हैं।

इस तथ्यों से आप अंदाजा लगा सकते हैं कि जिस देश में पूरे साल भर में केवल 160 के आसपास पर्यटक ही आते हैं, वहां नोवल कोरोना वायरस के फैलने की संभावना बहुत ही कम होगी। इसके बाद भी इस देश में कोविड-19 से बचने के उपाय को अपनाते हुए यहां कई प्रतिबंध लगा दिए गए हैं।

नाउरू के कोविड-19 से बचने के उपाय

2 मार्च को नाउरू में चीन, दक्षिण कोरिया और इटली से आने वाले लोगों पर प्रतिबंध लगा दिया गया। पांच दिन बाद ईरान से आने वाले पर्यटकों पर भी रोक लगा दी गई। मार्च के मध्य में नाउरू एयरलाइंस ने फिजी, किरिबाती और मार्शल द्वीपों के लिए उड़ानें बंद कर दी। 

कोविड-19 से बचने के उपाय ऑस्ट्रेलिया से आने वाले सभी लोगों को 14 दिनों के लिए होटल में क्वारंटाइन करने का आदेश दिया गया। क्वारंटाइन में रखे गए सभी लोगों की रोज जांच की गई। कुछ लोगों में बुखार के लक्षण दिखने पर उन्हें आइसोलेट भी किया गया। ऑस्ट्रेलिया से आई रिपोर्ट में सभी निगेटिव पाए गए। 

यमन में अब तक नहीं मिला कोविड-19 संक्रमित मरीज

यमन की आबादी 24 मिलियन है। अन्य देशों की तुलना में यहां की स्वास्थ्य सेवाएं भी उत्तम नहीं है, लेकिन इसके बाद भी यमन में अब तक कोरोना संक्रमित मरीज की पुष्टि नहीं हुई है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर यमन में कोरोना ने अपना प्रकोप दिखाया, तो इसका अरब देशों पर काफी दुष्प्रभाव पड़ेगा।

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यमन के कोविड-19 से बचने के उपाय

यमन के संगठन प्रतिनिधि अल्ताफ मुसानी के अनुसार, “विश्व स्वास्थ्य संगठन ने यमन में स्वास्थ्य संबंधित महत्वपूर्ण उपकरणों के साथ-साथ नोवल कोरोना वायरस संक्रमण की जांच के लिए किट की व्यवस्था करा दी है। इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग की टीमों को नोवल कोरोना वायरस से निपटने के लिए प्रशिक्षण भी दिए जा रहे हैं।” 

उन्होंने यह भी कहा कि अभी तक यमन में कोरोना का कोई मामला नहीं आया है, लेकिन हम स्थानीय स्तर पर पूरी तैयारी कर रहे हैं। सरकार पूरी तरह सचेत है और कोरोना वायरस से बचने के उपाय कर रही है।

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कोरोना संक्रमण पर रोक-Prevent Coronavirus

किरिबाती में कोरोना का संक्रमण नहीं

किरिबाती में भी नोवल कोरोना वायरस संक्रमित कोई रोगी नहीं मिला है। ऐसा किरिबाती सरकार की दूरदर्शी सोच के कारण हुआ है। चीन पर प्रकोप दिखाने के बाद जब कोरोना वायरस ने दुनिया भर में अपना विकराल रूप दिखा रहा था, तो उसी समय किरिबाती सरकार ने सावधान होकर चीन के आने वाले सभी वीजा आवेदनों पर रोक लगा दिया। 

सभी पर्यटकों को स्वास्थ्य संबंधित फॉर्म भरने का आदेश दिया गया और कोरोना वायरस संक्रमित देशों से आने वाले पर्यटकों को खुद को क्वारंटाइन में भी रहने को भी कहा गया।

वालिस और फ़्यूचूना में स्वास्थ्य अधिकारियों ने कोरोनो वायरस के प्रसार संबंधित खबर से सावधान होते हुए 5000 मास्क की खरीदारी का आदेश दिया है। स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि किरिबाती के इतिहास में इतनी मात्रा में मास्क की खरीदारी पहले कभी नहीं की गई। ऐसा दुनिया भर में फैले कोरोना वायरस की खबरों को देखते हुए एहतियात के रूप में उठाया गया है।

इसके साथ ही एयरपोर्ट पर यात्रियों की स्क्रीनिंग की जा रही है। कोरोना वायरस संक्रमित देशों को जाने वाली हवाई सेवा भी रद्द कर दी गई है।

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किरिबाती के कोविड-19 से बचने के उपाय

कोविड-19 से बचने के उपाय के रूप में किरिबाती आने वाले सभी पर्यटकों को इन नियमों के पालन करने की सलाह दी गईः-

1.सभी लोगों को श्वसनतंत्र (सांस लेने में परेशानी) से संबंधित गंभीर समस्या वाले रोगी के संपर्क में न आने की सलाह दी गई।

2.ऐसे लोगों को खांसते और छींकते समय सावधानी बरतने की सलाह दी गई। खांसते और छींकते समय टिश्यू का प्रयोग करने के साथ-साथ हाथों को साफ रखने को कहा गया।

3.लोगों को जीवित या मृत जानवरों से दूरी बनाने को बोला गया। पशु बाजार जाने और बिना पका हुआ मांसहारी आहार नहीं खरीदने की सलाह दी गई।

4.नियमित रूप से 20 सेकेंड तक साबुन से हाथों को साफ करने को कहा गया। अगर साबुन उपलब्ध नहीं हो, तो एल्कोहलयुक्त सेनिटाइजर के इस्तेमाल का आदेश दिया गया।

5.बुजुर्ग लोगों के साथ-साथ गंभीर रूप से बीमार लोगों को कहा गया कि वे स्वास्थ्य विशेषज्ञ के साथ ही कोरोना वायरस प्रभावित क्षेत्रों की यात्रा करें।

6.कोविड-19 प्रभावित देशों की यात्रा करने वाले लोगों को बताए गए सभी सुरक्षा उपायों को अपनाने की सलाह दी गई।

7.किसी व्यक्ति को कोरोना वायरस संक्रमण के लक्षण महसूस होने पर उसे अपने परिवार के साथ-साथ स्थानीय अधिकारी को भी जानकारी देने को कहा गया।

8.बीमारी की अवस्था में व्यक्ति को खुद को क्वारंटाइन में रहने की सलाह दी गई।

मार्शल आइलैंड पलाऊ है अब तक कोरोना वायरस संक्रमण से अछूता

पलाऊ एक छोटा देश है। इस देश की आबादी केवल 18,000 है। कोविड-19 को लेकर यहां की सरकार ने यात्रा संबंधी नए नियम बनाए है। यही कारण है कि यहां अब तक कोरोना संक्रमित मरीज नहीं मिला है।

मार्शल आइलैंड पलाऊ के कोविड-19 से बचने के उपाय

कोरोना वायरस से बचने के लिए मार्शल आईलैंड ने हवाई मार्ग से यात्रा करने पर प्रतिबंध लगा दिया है। कोविड-19 से बचने के उपाय के रूप में नए नियम बनाए गए। नियमों के अनुसार, चीन, मकाउ, हांगकांग, जापान, दक्षिण कोरिया, इटली और इरान जैसे देशों से आने वाले यात्रियों को क्वारंटाइन में रखने का आदेश दिया गया। 

इसके साथ ही वैसे लोगों को भी क्वारंटाइन में रहने का आदेश दिया गया, जिन्होंने कोरोना वायरस संक्रमित देशों की यात्रा नहीं की थी। स्थानीय उड़ानों के साथ-साथ सभी अंतर्राष्ट्रीय उड़ानें और बंदरगाहों को भी बंद कर दिया गया।

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कोरोना संक्रमण पर रोक-Prevent Coronavirus

समोआ में भी कोविड-19 का कोई केस नहीं

रिपोर्ट के अनुसार, अब तक नोवल कोरोना वायरस का कोई मरीज समोआ में भी नहीं मिला है। इसके बाद भी इस देश में कोविड-19 से बचने के उपाय के रूप में सभी संदिग्ध लोगों की पूरी जांच की जा रही है। फ्लू के लक्षणों वाले सभी मरीजों की जांच शुरू कर दी गई है। 

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समोआ के कोविड-19 से बचने के उपाय

कोरोना वायरस महामारी को लेकर समोआ सरकार ने 21 मार्च को देश में आपातकाल की घोषणा कर दी। देश की सीमाओं को सील कर दिया गया। इसके साथ ही स्वास्थ्य कर्मचारियों को तैयार रहने का आदेश दिया गया। 

अब तक नोवल कोरोना वायरस से मुक्त है माइक्रोनेशिया 

अब तक माइक्रोनेशिया भी कोविड-19 से बचा हुआ है। यहां की सरकार भी दूसरे देशों की तरह पूरी सावधानी बरत रही है।

माइक्रोनेशिया के कोविड-19 से बचने के उपाय

माइक्रोनेशिया सरकार ने अमेरिका सहित अन्य नोवल कोरोना वायरस महामारी वाले देशों से आने वाले लोगों को देश में घुसने करने पर ही रोक लगा दी है, जिससे अभी तक यहां कोई भी कोरोना संक्रमित मरीज नहीं मिला है। कोविड-19 से बचने के उपाय के रूप में यहां आवाजाही को बंद कर दिया गया है। सभी सार्वजनिक कार्यक्रमों को रद्द कर दिया गया है। लोगों को घर पर रहने को कहा गया है।

अब तक तुर्कमेनिस्तान में कोविड-19 का मरीज नहीं

तुर्कमेनिस्तान सरकार का भी दावा है कि देश में कोविड-19 को कोई मरीज नहीं है। आश्चर्य की बात तो यह है कि दुनिया भर में फैली कोरोना महामारी के बावजूद तुर्कमेनिस्तान में फुटबॉल मैच का आयोजन किया गया था। यह मैच बिना दर्शक के खेला गया था।  

तुर्कमेनिस्तान के कोविड-19 से बचने के उपाय

सुरक्षा उपाय के तहत, तजाकिस्तान सरकार ने मार्च में 35 देशों से आने वाले लोगों को देश में प्रवेश करने पर प्रतिबंध लगा दिया। इसके अलावा अन्य नियम भी लागू कर दिए।

तुवालु अब तक कोरोना वायरस संक्रमण से अछूता

3 अप्रैल 2020 तक तुवालु में कोरोना वायरस के संक्रमण का कोई भी मामला सामने नहीं आया है। 

तुवालु के कोविड-19 से बचने के उपाय

26 मार्च को कार्यवाहक गवर्नर जनरल ने देश में आपातकाल की घोषणा कर दी। कोविड-19 से बचने के उपाय को अपनाते हुए यहां बाहरी देशों से आने वाले सभी लोगों को 14 दिनों तक क्वारंटाइन में रखने का आदेश दिया गया।  

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कोरोना संक्रमण को रोकने का तरीका-prevent corona infection

वनुआवतु में नहीं है कोरोना संक्रमित मरीज

वनुआवतु में 3 अप्रैल 2020 तक कोरोना वायरस का कोई भी मामला सामने नहीं आया है। स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, 22 मार्च को वनुआवतु में कोरोनो वायरस के एक संदिग्ध मामले को देखा गया, लेकिन उसकी जांच रिपोर्ट निगेटिव आई। 

वनुआवतु  के कोविड-19 से बचने के उपाय

इसके बाद 26 मार्च को राष्ट्रपति टालिस ओबेद मूसा ने देश में आपातकाल लागू कर दिया। कोरोना संक्रमित देशों से आने वाले लोगों को क्वारंटाइन में रखने का आदेश दिया गया। कोरोना वायरस के कारण देश भर में लॉकडाउन लगा दिया गया।

कोमोरोस तक नहीं पहुंचा नोवल कोरोना वायरस 

7 अप्रैल तक की रिपोर्ट के अनुसार, कोमोरोस में कोरोना वायरस के मरीज की पुष्टि नहीं हुई है। विशेषज्ञों का कहना है कि जिस तरह से दूसरे अफ्रीकी देशों में कोविड-19 संक्रमित मरीज मिले हैं, उससे यहां भी मिलने की उम्मीद है। सही से जांच करने पर कोरोना वायरस संक्रमित मरीज मिलने की पूरी संभावना है, लेकिन आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, अब तक इस देश में कोरोना वायरस का कोई मरीज नहीं है। 

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कोमोरोस के कोविड-19 से बचने के उपाय

कोरोना वारयस के कारण सरकार ने कई प्रतिबंध लगाने के साथ-साथ देश की सीमाओं को सील कर दिया।

लिसोटो में भी नहीं है नोवल कोरोना संक्रमित मरीज

3 अप्रैल तक लिसोटो में कोरोना संक्रमित मरीज नहीं मिला है। इसका एक मुख्य कारण यह भी है कि देश में कोरोना वायरस की जांच करने की सुविधा उपलब्ध नहीं है। 

लिसोटो के कोविड-19 से बचने के उपाय

कोरोना वायरस के कारण तबाह होती दुनिया से सीख लेकर इस सरकार ने दक्षिण अफ्रीका के साथ मिलने वाली अपने देश की सीमा को बंद कर दिया। कोई मरीज नहीं मिलने के बावजूद देश में 18 मार्च को आपातकाल लगा दिया गया। 

17 अप्रैल तक स्कूल बंद कर दिया गया। पर्यटकों को 14 दिनों तक क्वारंटाइन में रहने को बोला गया। देश के प्रधानमंत्री  थॉमस थाबेन ने लॉकडाउन लागू कर दिया। 

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कोरोना संक्रमण को रोकने का तरीका-prevent corona infection

टोंगा में नोवल कोरोना वायरस का कोई केस नहीं

ताजा रिपोर्ट के अनुसार, 3 अप्रैल तक टोंगा में भी कोई कोरोना वायरस के मरीज की पुष्टि नहीं हुई है।

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टोंगा के कोविड-19 से बचने के उपाय

सुरक्षा उपाय के तहत, इस देश में आने वाले लोगों को क्वारंटाइन करने का आदेश दिया गया। क्रूज शीप और नौकाओं के चलने पर प्रतिबंधित लगा दिया गया। इसके साथ ही 27 मार्च को प्रधानमंत्री पोइवा तुइओनतोआ ने देश में आपातकाल की घोषणा कर दी। आपातकाल 29 अप्रैल से 5 अप्रैल तक रहेगा।

कोविड-19 की ताजा जानकारी
देश: भारत
आंकड़े

1,435,453

कंफर्म केस

917,568

स्वस्थ हुए

32,771

मौत
मैप

ये कुछ ऐसे देश हैं, जो अब तक कोरोना वायरस के मरीज नहीं मिले हैं। ये देश नोवल कोरोना वायरस के संक्रमण से खुद को बचा पाए हैं। इनको छोड़ दिया जाए, तो विश्व भर में करीब 181 देश आज कोविड-19 से सिर्फ संक्रमित ही नहीं हैं, बल्कि यह महामारी इन देशों के हजारों नागरिकों की मृत्यु का कारण भी बन रही है। 

अमेरिका, चीन, इंगलैंड, भारत, स्पेन, इटली आदि अनेक देश कोविड-19 महामारी से त्रस्त हैं। ताजा आंकड़े के अनुसार, संसार में कोरोना वायरस के कारण 13 लाख से अधिक लोग प्रभावित हो चुके हैं और 75 हजार से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। चिंता की बात यह है कि कोविड-19 के इलाज के लिए कोई वैक्सीन और दवा नहीं बनने के कारण सरकारें लोगों का जीवन बचाने में असफल हो रही है।

हर देश कोविड-19 से बचने के उपाय अपना रहा है। सरकारें देश के नागरिकों को विश्व स्वास्थ्य संगठन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दे रही है। लोगों को साबुन से हाथों को नियमित तौर पर साफ रखने के साथ-साथ सेनिटाइज करने को कहा गया है। 

भारत सरकार ने भी लोगों से सामाजिक दूरी का पालन करते हुए कम से कम लोगों से मिलने की सलाह दी है। देश भर में लॉकडाउन लागू करके लोगों को घर के अंदर ही बंद कर दिया गया है, ताकि देश में बीमारी को फैलने से रोका जा सके। 

कोविड-19 से बचने के उपाय-countries not affected by Coronavirus and reason
कोरोना संक्रमण पर रोक-Prevent Coronavirus

आप भी अपना और अपने परिवार के साथ-साथ समाज और देश की सुरक्षा के लिए सरकार के दिशा-निर्देश का पालन करें। विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा बताए गए सुरक्षा उपायों को मानें। ऐसा करने से ही भारत नोवल कोरोना वायरस से संक्रमणमुक्त हो पाएगा।

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