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कोरोना वायरस के 80 प्रतिशत मरीजों को पता भी नहीं चलता, वो कब संक्रमित हुए और कब ठीक हो गए

कोरोना वायरस के 80 प्रतिशत मरीजों को पता भी नहीं चलता, वो कब संक्रमित हुए और कब ठीक हो गए

हर देश में कोरोना वायरस (COVID- 19) के मरीजों की संख्या और स्थिति बिगड़ती जा रही है। चीन के बाद इटली और अमेरिका में कोरोना वायरस के मरीज के आंकड़ों में लगातार बढ़ोतरी होती जा रही है। हर दिन हजारों की संख्या में नए संक्रमित मरीज बढ़ते जा रहे हैं। वहीं, भारत की बात करें तो देश महामारी कोरोना वायरस के संक्रमण के दूसरे स्टेज में है और यहां भी बेशक धीरे-धीरे ही लेकिन कोरोना वायरस के मरीजों की संख्या में इजाफा हो रहा है। इन आंकड़ों के बढ़ने के साथ ही, कई सवाल उठाए जा रहे हैं और लोगों के मन में शंका है कि क्या भारत में कोरोना वायरस के मरीज की जांच करने के लिए पर्याप्त व्यवस्था या लैब मौजूद है या नहीं। इसी तरह के कई सवालों का जवाब देने के लिए आईसीएमआर के महानिदेशक बलराम भार्गव (ICMR DG Balram Bhargava) ने प्रेस वार्ता आयोजित की थी। भार्गव ने यह भी बताया कि, कोरोना वायरस के 80 प्रतिशत मरीजों को इस बीमारी के होने और उससे ठीक होने का भी पता नहीं चलता।

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कोरोना वायरस के मरीज : कोरोना वायरस टेस्ट को लेकर क्या बोले आईसीएमआर के महानिदेशक

आईसीएमआर (इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च) के महानिदेशक, बलराम भार्गव ने प्रेस वार्ता में कहा कि, “हमने मास स्क्रीनिंग थर्मल में जिन लोगों का शारीरिक तापमान ज्यादा था, उन्हें अलग कर दिया था। मगर कोरोना वायरस का जो टेस्ट होता है, वो स्वैब टेस्ट होता है, जिसमें हम आरएनए को एक्स्ट्रैक्ट वायरस को टेस्ट करते हैं। भारत में यह जांच करने के लिए हम लोगों ने क्षमता भी बढ़ाई है।” इस बात का ध्यान रखें कि कोरोना के लक्षणों के दिखते ही तुरंत जांच कराएं और अन्य लोगों की भी सुरक्षा करें।

80 प्रतिशत कोरोना वायरस के मरीज को पता ही नहीं चलता बीमारी का

महानिदेशक भार्गव ने आगे बताया कि, वायरस के संपर्क में आने के 2 दिन से 14 दिन बाद तक इस जांच के वह पोजिटिव आ सकता है। इसका मतलब है कि, अगर किसी व्यक्ति को वायरस के संपर्क में आने के 2 या 3 दिन भी जांच में नेगेटिव रिजल्ट मिलते हैं, तो भी वह 14 दिन तक कभी भी करवाए गए टेस्ट में पोजिटिव पाया जा सकता है। इसके आगे उन्होंने बताया कि, इस बीमारी में 80 प्रतिशत लोगों को हल्का जुकाम और हल्का बुखार होगा और ठीक हो जाएंगे। उन्हें पता भी नहीं चलेगा कि कब इस बीमारी से बीमार हुए और ठीक हो गए। वहीं 20 प्रतिशत मरीजों में सूखी खांसी, जुकाम या तेज बुखार हो सकता है। जिसमें से 5 प्रतिशत को अस्पताल में भर्ती करने की जरूरत पड़ती है। इन 5 प्रतिशत कोरोना वायरस के मरीज को सपोर्टिव ट्रीटमेंट दिया जाता है और कुछ लोगों में इलाज करने के लिए नई दवा का इस्तेमाल किया जाता है। भार्गव ने कहा कि, इससे बचने का सबसे अच्छा तरीका 14 दिनों तक आइसोलेट रहना है।

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भारत एक हफ्ते में 70 हजार कोरोना वायरस के मरीज की जांच कर सकता है

भारत में कोरोना वायरस के मरीज की जांच में कमी और अव्यवस्था को लेकर उठ रहे सवालों का जवाब देते हुए आईसीएमआर के महानिदेशक बलराम भार्गव ने कहा कि, “अभी तक हमने 15 से 17 हजार लोगों की टेस्टिंग कर रखी है और हमारे पास एक दिन में 10 हजार लोगों की कोरोना वायरस की जांच करने की क्षमता है। जिसका मतलब है कि हम एक हफ्ते में 50 से 70 हजार टेस्ट कर सकते हैं और इस क्षमता को और भी बढ़ा सकते हैं। हम हमारे पास 111 लैब हैं जांच के लिए और कई प्राइवेट लैब हमारे साथ रजिस्टर कर रही हैं। उनसे अपील है कि वह कोरोना वायरस की जांच फ्री ऑफ कोस्ट प्रदान करें।” इसके साथ ही उन्होंने बताया कि, हरियाणा के झज्जर में स्थित एम्स बिल्डिंग में मौजूद 800 बेड सिर्फ कोरोना वायरस के मरीजों के लिए इस्तेमाल किए जा रहे हैं। वहीं, केंद्रीय सरकार ने सुझाव दिया था कि, किसी भी प्राइवेट लैब में कोरोना वायरस की जांच की कीमत 4,500 रुपए से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। जिसमें 1500 रुपए सस्पेक्ट मरीज की स्क्रीनिंग की कीमत और अतिरिक्त 3000 रुपए कंफर्मेशन टेस्ट की कीमत होगी।

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कोरोना वायरस अपडेट (latest news on corona)

वर्ल्ड ओ मीटर वेबसाइट के मुताबिक, दुनियाभर में कोरोना वायरस के मरीज की संख्या 3, 39, 710 हो गई है और कोरोना वायरस से मौत का आंकड़ा 15 हजार के पास यानी 14,704 हो चुका है और श्वास तंत्र को नुकसान पहुंचाने वाली इस महामारी के फैलाव को देखते हुए यह आंकड़ा किसी भी समय 15 हजार के पार जा सकता है। अगर नोवेल कोरोना वायरस से ठीक हो चुके मरीजों की बात करें, तो विश्व में डॉक्टर्स द्वारा ऐसे 99 हजार लोगों को इस बीमारी से निजात मिल गई है। इसके अलावा, कुल 2,25,992 मामले सक्रिय है, जिसमें से 2,15,433 लोग की स्थिति नियंत्रण में है, जबकि 10,559 लोगों की हालत नाजुक बनी हुई है।

भारत कोरोना वायरस की स्थिति (How many cases of coronavirus in India?)

भारत के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय (Ministry of health and family welfare) द्वारा 23 मार्च 2020 को सुबह 10.30 बजे जारी जानकारी के मुताबिक मुताबिक, देश में अबतक 415 संक्रमित मरीजों की पहचान की जा चुकी है। जिसमें से 23 लोगों का इलाज या डिस्चार्ज कर दिया गया है। इसके अलावा, 1 मरीज को माइग्रेट कर दिया गया है, जबकि कोरोना वायरस से मौत का आंकड़ा 7 हो गया है। भारतीय एयरपोर्ट पर अबतक कुल 15,17,327 लोगों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है। भारत के राज्यों में कोरोना वायरस के मरीज की संख्या की बात करें, तो देश के 23 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में कोरोना वायरस से संक्रमित मामले पाए जा चुके हैं।

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क्या कोरोना वायरस से हैंड सैनिटाइजर ही बचा सकता है?

लोगों के बीच यह भ्रम फैल गया है कि, कोरोना वायरस से बचाव के लिए सिर्फ सैनिटाइजर का ही इस्तेमाल एकमात्र रास्ता है। लेकिन, यह केवल एक मिथ है। भारतीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने ट्वीट कर जानकारी दी थी, कि कोरोना वायरस से बचने का सबसे प्रभावशाली तरीका साबुन और पानी से अच्छी तरह हाथ धोना है। लेकिन, अगर आपके पास पानी और साबुन उपलब्ध नहीं है, इसलिए आप एल्कोहॉल बेस्ड हैंड सैनिटाइजर का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इसलिए, कोशिश करें कि आप साबुन अथवा लिक्विड सोप और पानी से अच्छी तरह कम से कम 20 सेकेंड तक हाथ धोयें।

हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।

सूत्र

Coronavirus – https://www.who.int/health-topics/coronavirus – Accessed on 23/3/2020

Coronavirus disease (COVID-19) outbreak – https://www.who.int/westernpacific/emergencies/covid-19 – Accessed on 23/3/2020

Coronavirus (COVID-19) – https://www.cdc.gov/coronavirus/2019-ncov/index.html – Accessed on 23/3/2020

Coronavirus (COVID-19) – https://www.nhs.uk/conditions/coronavirus-covid-19/ – Accessed on 23/3/2020

Coronavirus disease 2019 (COVID-19) – Situation Report – 62 – https://www.who.int/docs/default-source/coronaviruse/situation-reports/20200322-sitrep-62-covid-19.pdf?sfvrsn=f7764c46_2 – Accessed on 23/3/2020

Novel Corona Virus – https://www.mohfw.gov.in/ – Accessed on 23/3/2020

Only 5% patients affected by Covid-19 require hospitalisation: ICMR DG – https://www.livemint.com/news/india/only-5-patients-affected-by-covid-19-require-hospitalisation-icmr-dg-11584874708452.html – Accessed on 23/3/2020

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Surender aggarwal द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 03/06/2020 को
डॉ. प्रणाली पाटील के द्वारा मेडिकली रिव्यूड
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