home

What are your concerns?

close
Inaccurate
Hard to understand
Other

लिंक कॉपी करें

रात में स्तनपान कराने के अपनाएं 8 आसान टिप्स

रात में स्तनपान कराने के अपनाएं 8 आसान टिप्स

वैसे तो अपने शिशु को स्तनपान कराने का अनुभव हर मां के लिए काफी सुखद होता है। लेकिन, कई माताओं के लिए समस्या तब होती है, जब उन्हें दिनभर की थकान के बाद रात में शिशु को स्तनपान कराने के लिए कई बार उठना पड़ता है। क्योंकि,नन्हें से शिशु में यह समझ नहीं होती है कि क्या दिन है और क्या रात है। सिर्फ उसे इतना पता होता है कि जब भूख लगे, तब दूध चाहिए। ऐसे में नींद न पूरी होने के कारण कई बार मां की सेहत पर भी असर पड़ता है। ​दिन के समय में शिशु को स्तनपान करना आसान है लेकिन, मुश्किल रात में आती है। इसलिए हम आपके लिए लाएं है कुछ ऐसे टिप्स, जिससे रात को शिशु को स्तनपान कराना आपके लिए आसान को जाएगा और आपको ज्यादा बार उठना भी नहीं पड़ेगा, जैसे​ कि-

और पढ़ें : Echocardiogram Test : इकोकार्डियोग्राम टेस्ट क्या है?

1. सोने से पहले दूध पिलाएं

रात में स्तनपान बार-बार न कराना पड़े या रात के समय आपका शिशु खाली पेट होने की वजह से न रोए, इसके लिए शिशु को सुलाने से पहले रात में स्तनपान जरूर कराएं। अगर आप बच्चे के सोने के दो से तीन घंटे बाद सोने का विचार कर रहीं हैं, तो खुद के सोने से पहले भी एक बार बच्चे को दूध पिला सकती हैं। इससे बच्चे का पेट भरा रहेगा और वो गहरी नींद में आधी रात तक के लिए सो सकता है। साथ ही, आपको भी रात में कम बार उठना पड़ेगा। आमतौर पर एक बार में पिया गया दूध पचाने में बच्चे को कम से कम दो से तीन घंटे का समय लगता है। अगर रात में सोने से पहले ही बच्चे को रात में स्तनपान करा देंगी, तो आपको ऐसे में मुश्किल से दो या तीन बार ही अपने बच्चे को रात में ब्रेस्टफीडिंग करानी पड़ेगी।

2. आरामदायक अवस्था अपनाएं

रात में अपने बच्चे को सुलाते समय और खुद भी सोते समय इस बात पर भी ध्यान दें कि किस तरह की अवस्था में आप बच्चे को आराम से लेटे हुए दूध पिला सकतीं है। रात में उसी तरह की पुजिशन में सोएं जिसमें आप आसानी से बच्चे को दूध पिला सकती हैं। हालांकि, ध्यान रखें कि आपकी वो पुजिशन आपके लिए और आपके बच्चे के लिए आरामदायक होनी चाहिए।

और पढ़ें : Jaundice : क्या होता है पीलिया ? जाने इसके कारण लक्षण और उपाय

3. बच्चे को अपने पास सुलाएं

रात में सोते समय बच्चे को अपने पास ही सुलाएं। जन्म के लगभग 6 महीने तक बच्चे को सिर्फ मां का ही दूध पिलाना चाहिए। इसलिए जब तक बच्चे सिर्फ मां का ही दूध पिता है, तब तक हमेशा रात में सोते समय बच्चे को अपने ही साथ सुलाएं। हालांकि, बच्चे के थोड़े बड़े होने पर आप उसे अपने ही साथ सुलाएं सकती हैं, लेकिन थोड़ी दूरी बनाकर सोएं, ताकि रात में सोते समय बच्चे के हाथ-पैर न दबें।

4. लाइट बंद रखें

रात में स्तनपान कराने के लिए आपको बार-बार न उठना पड़े इसके लिए आपको ध्यान रखना चाहिए कि रात में आपके शिशु अच्छी नींद मिलनी चाहिए। इसके लिए जरूरी है कि आप जब भी बच्चे को रात में स्तनपान करवाएं, तो लाइट्स बंद रखें। रात में स्तनपान के दौरान लाइट्स बंद रखने के कारण बच्चा दूध पीने के बाद फिर से सो जाएगा।

और पढ़ें : HIV test: जानें क्या है एचआईवी टेस्ट?

5. आरामदायक कपड़े पहनें

शिशु को रात में स्तनपान कराते समय आपको कोई दिक्कत न हो, इसलिए सोते समय हमेशा नर्सिंग क्लॉथ ही पहनें या ऐसे कपड़े पहने ​जिसमें रात में स्तनपान कराने में आपको दिक्क्त न आए। ढ़ीले कपड़े में आपको भी अच्छी नींद आएगी। साथ ही, नर्सिंग क्लॉथ के तौर पर आपको मार्केट में कई तरह के विकल्प आसानी से मिल सकते हैं। आप चाहें तो नर्सिंग ब्रा या नर्सिंग मैक्सी भी रात में सोते समय पहन सकती हैं। पर ध्यान रखें कि नर्सिंग क्लॉथ अच्छी क्वालिटी और कॉटन के फैब्रिक का होना चाहिए। क्योंकि ब्रेस्टफीडिंग के समय में स्तनों से ब्रेस्ट मिल्क लीक होता रहता है, जिनका सूखना भी जरूरी होता है। अगर यह नहीं सूखेंगे, तो इसके कारण स्तनों में खुजली या किसी तरह के इंफेक्शन होने का खतरा बना रह सकता है।

6. कुछ सामान अपने पास रखें

रात में सोने से पहले अपने बिस्तर के पास आपको दो तौलिए, दूध, डायपर, पानी की बोतल और कुछ खाने की चीजें अपने पास रखनी चाहिए। इसके अलावा आप चाहें तो अपने बेड के सिरहाने एक टेबल लगाकर उनपर ये सारी चीजें रखें। बेड से टेबल की दूरी का भी ध्यान रखें। इन्हें उतनी ही दूरी पर रखें जितनी दूर तर आपके हाथों की पहुंच बन सके। इसके अलावा आप एक किताब भी रख सकती हैं। अगर रात में स्तनपान के बाद आपको नींद नहीं आती है, तो बुक पढ़ने से आपको भी जल्दी नींद आ सकती है। साथ ही, अगर जरूरत की सारी चीजें आपके पास ही होंगी, तो रात में स्तनपान के दौरान आपको बेड से उठना भी नहीं पड़ेगा।

और पढ़ें : ऑफिस में अपने सीनियर से व्यवहार कैसा होना चाहिए?

7. घड़ी को दूर रखें

जब भी रात में बच्चे को स्तनपान करवाएं, तो बार-बार समय का अनुमान न लगाएं। समय का अनुमान लगाने से आपकी चिंता भी बढ़ सकती है। मनोवैज्ञानिकों के मुताबिक रात में दूध पिलाने के दौरान बार-बार समय देखना मां की परेशानियों को बढ़ा सकती है। इसलिए रात में जब भी बच्चे को दूध पिलाएं, तो सकारात्मक सोच रखें। इस बात की चिंता न करें कि कुछ ही घंटों में आपका शिशु जाग जाएगा और आपको उसे रात में स्तनपान करावाने के जरूरत होगी। हालांकि, शुरूआती के कुछ दिनों में अपने बच्चे के रात में सोने और जागने के समय को किसी कैलेंडर पर नोट करें। रात में जागने के कितने समय तक बच्चा जागता है इस समय को भी नोट करें।

और पढ़ें : स्तनपान करवाने से महिलाओं में घट जाता है ओवेरियन कैंसर का खतरा

8. छोटी-छोटी झपकी लें

रात में एक लंबी नींद लेने की बजाए कोशिश करें कि दिन के समय में थोड़ी-थोड़ी देर के लिए झपकी लेते रहें। इससे रात में आपको ज्यादा नींद नहीं आएगी और दिन के समय में आपको थकावट भी महसूस नहीं होगी।

आप चाहें तो इन कामों में अपने घर के बड़े सदस्यों जैसे कि अपनी मां, दादी या नानी की भी मदद ले सकती हैं। साथ ही बच्चे के डायपर बदलने जैसे कामों में आप पति के साथ भी बांट सकती हैं।

हैलो स्वास्थ्य किसी भी तरह की मेडिकल सलाह नहीं दे रहा है। अगर आपको किसी भी तरह की समस्या हो रही है, तो आप अपने डॉक्टर से जरूर पूछ लें।

हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।

सूत्र

10 breastfeeding tips to get you through the night. https://www.todaysparent.com/baby/breastfeeding/breastfeeding-tips-to-get-you-through-the-night/. Accessed on 3 January, 2020.

Breastfeeding FAQs: Sleep – Yours and Your Baby’s. https://kidshealth.org/en/parents/breastfeed-sleep.html. Accessed on 3 January, 2020.

Sleeping Through the Night. https://www.whattoexpect.com/first-year/sleeping-through-the-night.aspx. Accessed on 3 January, 2020.

Should You Sleep in a Nursing Bra If You’re Breastfeeding?. https://www.verywellfamily.com/do-i-have-to-sleep-in-a-nursing-bra-when-breastfeeding-431832. Accessed on 3 January, 2020.

Breastfeeding a Baby at Night. https://parenting.firstcry.com/articles/breastfeeding-a-baby-at-night-benefits-tips-more/. Accessed on 3 January, 2020.

लेखक की तस्वीर
Ankita mishra द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 13/04/2021 को
Dr. Pooja Bhardwaj के द्वारा एक्स्पर्टली रिव्यूड