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होने वाले हैं जुड़वां बच्चे तो रखें इन बातों का ध्यान

होने वाले हैं जुड़वां बच्चे तो रखें इन बातों का ध्यान

प्रेग्नेंसी के दौरान गर्भवती महिला का खासा ध्यान रखना होता है। इसके अलावा प्रेग्नेंसी के दौरान महिला के शरीर में भी बहुत बदलाव आते हैं। यह सब बदलाव जीवन में नए अनुभव लाते हैं। इन बदलावों के आगे गर्भवती महिला को घबराना नहीं चाहिए। जिसे वे अपने शरीर से सींचकर दुनिया में लाने वाली हैं। यदि किसी महिला के गर्भ में जुड़वां बच्चे पल रहे हो तो महिला को अपनी देखभाल करना और जरूरी हो जाता है। साथ ही उन्हें अपने स्वास्थ्य संबंधी किसी भी परेशानी के होने पर अपने डॉक्टर से जाकर मिलना चाहिए ताकि गर्भावस्था में परेशानी ज्यादा न बढ़े।

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ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल ऐसे करें

1. ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल- भारी वजन उठाने से परहेज करें

ट्विन्स प्रेग्नेंसी में देखभाल करते वक्त इस बात का ध्यान रखें कि गर्भ में जुड़वां बच्चे पलने से गर्भवती महिला का वजन सामान्य से अधिक बढ़ा होता है। इसलिए महिला को गर्भावस्था के दौरान बहुत सावधानियां बरतनी पड़ती हैं। जैसे कि महिला को भारी वजन उठाने से परहेज रखना, क्योंकि इससे उनके पेट पर दबाव पड़ता है। इससे महिलाओं को गर्भाशय में दर्द हो सकता है। साथ ही इससे शिशु के गर्भ में नीचे आने का खतरा बढ़ जाता है। ऐसा होने पर गर्भवती महिला को ब्लीडिंग शुरू हो सकती है। इतना ही नहीं इससे मिसकैरिज होने की भी खतरा होता है।

और पढ़ें: जुड़वां बच्चों को दूध पिलाना होगा आसान, फॉलो करें ये टिप्स

2. ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल- प्रेग्नेंसी में अपने आहार का ध्यान रखें

ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल करते वक्त इस बात का विशेष ध्यान रखें कि आहार में पोषक तत्वों की पर्याप्त मात्रा होना चाहिए। क्योंकि गर्भ में दो शिशु पल रहे होते हैं। महिला के गर्भ में शिशु का विकास गर्भवती महिला के आहार के माध्यम से लिए जाने वाले न्यूट्रिशन से होता है। गर्भावस्था में स्वस्थ आहार महिला का स्वास्थ्य ठीक रखने के अलावा गर्भ में पल रहे शिशु को स्वस्थ रखता है। इसीलिए कहा जाता है कि स्वस्थ मां के शरीर में ही स्वस्थ शिशु का घर होता है। अतः गर्भवती महिला को संतुलित, पौष्टिक और सभी मिनरल्स से भरपूर आहार का सेवन करना चाहिए।

और पढ़ें: मां की ज्यादा उम्र भी हो सकती है मिसकैरिज (गर्भपात) का एक कारण

3.ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल-डेयरी प्रोडक्ट्स का सेवन करें

ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल में इस बात का विशेष ध्यान रखें कि जिन महिलाओं के गर्भ में जुड़वां बच्चे पल रहे हो उन्हें अपने शरीर का ध्यान रखना बहुत जरूरी होता है। इसके लिए जरूरी होता है कि वे ज्यादा-से-ज्यादा मात्रा में कैल्शियम और प्रोटीन से भरपूर चीजों का सेवन करें। इससे शिशु की हड्डियों को मजबूती मिलेगी। इसके लिए आपको दूध, पनीर आदि डेयरी प्रोडक्ट्स का सेवन करना चाहिए। इससे गर्भवती महिला के शरीर में स्फूर्ति बनी रहती है।

4. ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल- सेक्स करते समय सावधानी बरतें:

गर्भ में एक शिशु के पलने पर डॉक्टर सेक्स के समय अतिरिक्त सावधानी बरतने को कहते हैं। अब यदि गर्भ में जुड़वां बच्चे हो तो डॉक्टर से समझकर सेक्स का डिसीजन लेना चाहिए। सेक्स करना है या नहीं यह हर महिला की स्थिति पर निर्भर करता है। जुड़वां बच्चे होने पर गर्भाशय का अकार बढ़ जाता है। सेक्स करते समय गर्भाशय से टकराव होने पर शिशु को चोट पहुंचने का खतरा रहता है। अगर सेक्स करते भी हैं तो सेक्स पुजिशन का ख्याल रखें। इसके लिए आप आपने गायनेकोलॉजिस्ट से संपर्क कर सकती हैं।

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5. ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल- किसी तरह का खिंचाव न आने दें

गर्भवती महिला के लिए प्रेग्नेंसी के नौ महीने बहुत महत्वपूर्ण होते हैं। इस दौरान उन्हें कोई ऐसा काम नहीं करना चाहिए जिससे उनके पेट पर किसी तरह का खिंचाव आए या दबाव पड़े। क्योंकि गर्भ में जुड़वां बच्चे होने के कारण पेट पर किसी तरह के दबाव पड़ने से परेशानी हो सकती है। गर्भावस्था के दौरान गर्भवती महिला को पैरों पर भार रखकर बहुत देर तक नहीं बैठना चाहिए। इससे भी पेट पर खिंचाव पड़ता है।

6. ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल- जुड़वां बच्चे की कंडिशन जानने के लिए डॉक्टर से करवाते रहें जांच

अधिकतर मामलों में गर्भ में जुड़वां बच्चों के पलने पर सिजेरियन बर्थ की चांस अधिक होते हैं। कुछ मामलों में जुड़वां बच्चे नॉर्मल डिलिवरी से भी जन्म लेते हैं। ऐसे में आपको शिशु की स्थिति को समझने के लिए और बर्थ कंडिशन को जानने के लिए डॉक्टर से जांच करवाते रहना चाहिए। ऐसा देखा गया है कि गर्भ में जुड़वां बच्चे के होने पर बर्थ कॉम्प्लिकेशन ज्यादा होती हैं। साथ ही गर्भवती महिला को पेट दर्द, ब्लीडिंग या ज्यादा उल्टी आदि की भी शिकायत होती है।

गर्भ में जुड़वां बच्चे पल रहा हो तो महिला को अपनी देखभाल करना और जरूरी हो जाता है। गर्भावस्था में आहार का ध्यान रखें। जुड़वां बच्चे के बर्थ कंडिशन को जानने के लिए डॉक्टर से जांच करवाते रहना चाहिए।

जुड़वां बच्चे पैदा होने के बाद भी कुछ चीजों का ध्यान रखना चाहिए। जानते हैं उनके बारे में।

ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल- बच्चों को एक साथ सुलाएं

ट्विन्स प्रेग्नेंसी में देखभाल करते समय महिलाओं को लगता है कि बच्चों को अलग सुलाना चाहिए। अलग सुलाने से बच्चा डिस्टर्ब नहीं होगा, लेकिन आपको ऐसा नहीं करना चाहिए। ट्विन्स की देखभाल करते समय ये बात ध्यान रखें कि बच्चों को अलग न करें। बच्चे अगर एक साथ सोएंगे तो उन्हें एक-दूसरे को देखकर सोने की आदत हो जाएगी। जब एक बच्चा रात में रोएगा तो दूसरे बच्चे को कुछ समय बाद आवाज में सोने की आदत हो जाएगी। ये तरीका पूरी तरह से काम आएगा या नहीं, इस बारे में एक जैसी राय नहीं है।

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ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल- अलग-अलग डिजाइन का सामान खरीदें

ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल करते समय अगर आपको ऐसा लगता है कि जुड़वां बच्चों को एक जैसी चीजें पसंद आएंगी तो ये बात बिलकुल सही नहीं है। ये जरूरी नहीं है कि जुड़वां बच्चों को एक जैसी चीज ही पसंद आए। कुछ बच्चों को खिलौने पसंद नहीं आते हैं तो कुछ को चॉकलेट। इस बारें में माता-पिता को अपनी राय नहीं बननी चाहिए। साथ ही जानकारी के अभाव में माता-पिता बच्चों के लिए दो चीजें लाकर अधिक पैसे खर्च कर देते हैं। जब बच्चा बड़ा होगा तो आप ये बात खुद महसूस करेंगे कि दोनों बच्चों की पसंद अलग है। हो सकता है कि एक बच्चे को ग्रीन कलर पसंद है तो वहीं दूसरे बच्चे को पिंक कलर। इसलिए ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल करते वक्त इस बात का विशेष ध्यान रखें।

ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल करते वक्त ये टिप्स आएंगी बहुत काम

  • ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल करते वक्त हमेशा अपने साथ ट्रेवल कोट रखें। जब भी आप एक बेबी के साथ बिजी हो तो दूसरे बच्चे को ट्रेवल कोट में रख सकती हैं। अगर दोनों बच्चे साथ में पॉटी कर देंगे तो उसे आसानी से साफ किया जा सकता है।
  • जब भी दोनों बच्चों को साथ में नहलाएं तो पास में ही टॉवेल, नैपीज और कपड़े रखें।
  • बच्चों को एक ही समय में ब्रेस्टफीड कराया जा सकता है। हो सकता है कि इसमें थोड़ा ज्यादा समय लगे, लेकिन कुछ ही समय बाद जब दोनों बच्चे सो जाएंगे तो मां को भी एक साथ आराम मिल जाएगा। ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल करते समय इस बात का विशेष ध्यान रखें।
  • आप एक ही बैग में नैपीज, वाइप्स, स्नैक्स और पानी रखें। अगर बैग पहले से तैयार होगा तो जब भी घर से बाहर निकलेंगे तो तैयारी करने में ज्यादा टाइम नहीं लगेगा।
  • न्यूबॉर्न ट्विन्स को बाथिंग शीट की हेल्प से एक साथ ही नहलाएं। आप चाहे तो किसी और की भी मदद ले सकती हैं।
  • दिनभर जुड़वां बच्चों को किस चीज की जरूरत पड़ती है, इसकी लिस्ट तैयार करें। ऐसा करने से चीजों को ढूंढने में ज्यादा समय नहीं लगेगा। इस तरह ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल करने से आपको ज्यादा परेशान होने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

इस तरह आप ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल कर सकती हैं। हम उम्मीद करते हैं कि ट्विन प्रेग्नेंसी में देखभाल कैसे करें? इस विषय पर लिखा गया आर्टिकल आपको पसंद आया होगा। इस बारे में अधिक जानकारी के लिए डॉक्टर से संपर्क करें। हैलो हेल्थ ग्रुप किसी प्रकार की चिकित्सा सलाह, निदान और उपचार प्रदान नहीं करता।

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Nikhil Kumar द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 05/08/2020 को
डॉ. प्रणाली पाटील के द्वारा मेडिकली रिव्यूड
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