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प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स का इस्तेमाल है फायदेमंद या नुकसानदायक?

प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स का इस्तेमाल है फायदेमंद या नुकसानदायक?

बीस से तीस साल की उम्र में कम ही लोग अपने खानपान पर ध्यान देते हैं और वो सभी चीजें खाते हैं, जो उनकी पसंदीदा होती हैं। कभी ज्यादा तीखा खाना तो कभी एक बार में बहुत सी मिठाई। जैसे ही कोई महिला प्रेग्नेंट होती है, उसके मन में खानपान को लेकर एक नहीं बल्कि कई सवाल पैदा हो जाते हैं। प्रेग्नेंसी में ये खाएं या वो खाएं जैसी स्थिति हमेशा ही बनी रहती हैं। बीमारियों से बचने के लिए हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाना बहुत जरूरी है। हेल्दी लाइफस्टाइल में हेल्दी डायट भी शामिल होती है।हम आपको इस बारे में सिर्फ इतना ही कहना चाहेंगे कि प्रेग्नेंसी कोई बीमारी नहीं होती है। प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स (Artificial sweeteners in pregnancy) को लेकर भी महिलाओं के मन में बहुत से सवाल रहते हैं। आज हम आपको इस आर्टिकल के माध्यम से प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स (Artificial sweeteners in pregnancy) के बारे में अहम जानकारी देंगे और इससे संबंधित सेफ्टी के बारे में भी बताएंगे।

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प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स (Artificial sweeteners in pregnancy)

आर्टिफिशियल स्वीटर्नस (Artificial sweeteners) ऐसे इंग्रीडिएंट्स हैं, जो खाने में मिठास बढ़ाने का काम करते हैं। स्वीटर्नस का इस्तेमाल सॉफ्ट ड्रिंक्स, डेजर्ट्स, कैंडीस, पेस्ट्री आदि में किया जाता है। आर्टिफिशियल स्वीटर्नस न्यूट्रिटिव और नॉन न्यूट्रिटिव यानी बिना कैलोरी के होते हैं। न्यूट्रीटिव स्वीटनर जैसे कि टेबल शुगर को एम्पटी कैलोरी के नाम से भी जाना जाता है। इनमें कुछ मात्रा में विटामिन के साथ ही मिनरल्स भी होते हैं। अगर इनका सीमित मात्रा में सेवन किया जाए, तो इन्हें सुरक्षित माना जा सकता है। इनका सेवन करने से वेट यानी वजन नहीं बढ़ता है। न्यूट्रीटिव स्वीटनर्स में सुक्रोज (Sucrose), डेक्ट्रोस, हनी, कॉर्न शुगर, फ्रक्टोज (Fructose) और मेल्टोज आदि शामिल होते हैं। प्रेग्नेंसी के दौरान नॉन न्यूट्रीटिव स्वीटर्नस का इस्तेमाल करने से फायदा पहुंचता है या फिर नहीं, इस विषय में कम ही जानकारी उपलब्ध है। यहां हम आपको कुछ नॉन न्यूट्रीटिव स्वीटनर्स या प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स के बारे में जानकारी देने जा रहे हैं, जिनको प्रेग्नेंसी के दौरान सुरक्षित माना जाता है।

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रेबाउडियोसाइड ए: स्टीविया (Stevia)

यह एक न्यू और कॉमन स्वीटनर है, जिसका इस्तेमाल सॉफ्ट ड्रिंक्स और जूस में किया जाता है। एफडीए (FDA) गर्भावस्था के दौरान स्टीविया (Stevia) को सुरक्षित मानता है। यानी आप प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स (Artificial sweeteners in pregnancy) के रूप में स्टीविया का इस्तेमाल कर सकते हैं। आप इसे टेबल शुगर की जगह इस्तेमाल कर सकते हैं। आप चाहे तो इसके इस्तेमाल के पहले डॉक्टर से जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

सुनेट (Sunett)

इस स्वीटनर का इस्तेमाल बेक्ड फूड्स, फ्रोजन डेजर्ट्स, शुगर फ्री जिलेटिन, पुडिंग और विभिन्न प्रकार के बेवरेज में किया जा सकता है। एसीसल्फेम पोटेशियम ( Acesulfame Potassium) यानी सुनेट को मॉडरेशन में उपयोग करने के लिए सुरक्षित माना गया है। आप इसे भी प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स (Artificial sweeteners in pregnancy) के रूप में इस्तेमाल कर सकती हैं।

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न्यूट्रास्वीट (NutraSweet)

न्यूट्रास्वीट (NutraSweet) का इस्तेमाल सॉफ्ट ड्रिंक्स, चूइंग गम, डेयरी प्रोडक्ट (Dairy products) के साथ ही अन्य फूड्स और दवाओं में इसका इस्तेमाल किया जाता है। एफडीए के अनुसार न्यूट्रास्वीट का प्रेग्नेंसी में इस्तेमाल सुरक्षित माना जाता है। डॉक्टर से परामर्श करने के बाद आप सीमित मात्रा में इसका सेवन कर सकती हैं। पीकेयू यानी रेयर मेटाबॉलिक डिसऑर्डर (a rare metabolic disorder) होने पर एस्पार्टेम या न्यूट्रास्वीट का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

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सुक्रालोज या स्प्लेंडा (Sucralose)

सुक्रालोज सामान्य टेबल शुगर से बना एक जीरो-कैलोरी स्वीटनर है। इसे प्रेग्नेंसी के दौरान सुरक्षित माना जाता है। स्टडी के दौरान ये बात सामने आई है कि प्रेग्नेंसी के दौरान इस्तेमाल किए जाने पर न ही कोई दुष्प्रभाव दिखता है और न ही भ्रूण को कोई नुकसान पहुंचता है। डॉक्टर से इस बारे में जानकारी लें। हैलो हेल्थ किसी भी प्रकार की चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार उपलब्ध नहीं कराता है।

प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स : इन आर्टिफिशियल स्वीटनर्स से बनाएं दूरी!

ऊपर हमने आपको प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स (Artificial sweeteners in pregnancy) के बारे में जानकारी दी, जो पूरी तरह से सुरक्षित होते हैं। अब हम आपको ऐसे आर्टिफिशियल स्वीटनर्स के बारे में जानकारी देने जा रहे हैं, जिनका इस्तेमाल प्रेग्नेंसी के दौरान करने से बचना चाहिए।

प्रेग्नेंसी में न इस्तेमाल करें सैकरीन

सैकरीन को आम लोगों के इस्तेमाल करने के लिए सुरक्षित माना जाता है। वहीं प्रेग्नेंसी के दौरान इसके सेवन से बचने की सलाह दी जाती है। सैकरीन को लेकर स्टडी के दौरान कुछ बातें सामने आई हैं, जो इस ओर इशारा करती हैं कि गर्भावस्था के दौरान इसका इस्तेमाल न किया जाए, तो बेहतर रहेगा। अधिक जानकारी के लिए डॉक्टर से संपर्क करें। हैलो हेल्थ किसी भी प्रकार की चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार उपलब्ध नहीं कराता है।

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प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स साइक्लामेट (Cyclamate) का न करें इस्तेमाल!

साइक्लामेट का सेवन प्रेग्नेंसी में करना चाहिए या फिर नहीं, इस बारे में अभी भी स्टडी जारी है। यानी ये प्रेग्नेंसी के दौरान सुरक्षित है या फिर नहीं इस बारे में अभी जानकारी नहीं है। अगर आप प्रेग्नेंट हैं और साथ ही आर्टिफिशियल स्वीटनर्स को अपनी डायट में एड करना चाहती हैं, तो इस बारे में डॉक्टर से राय जरूर लें। आपको रोजाना कितना स्वीटर्नस लेना चाहिए, इस बारे में भी जानकारी जरूर रखें।

शुगर सब्स्टिटूट या आर्टिफिशियल स्वीटनर्स का इस्तेमाल उन लोगों के लिए बेहतरीन विकल्प है, जो अपनी डायट में ग्लूकोज को रिप्लेस करना चाहते हैं। टाइप 1 डायबिटीज और टाइप 2 डायबिटी के पेशेंट्स की डायट में, ड्रिंक्स में या पेय पदार्थों में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स का इस्तेमाल किया जाना प्रचलित हो चुका है। अगर आप डायबिटीज की पेशेंट हैं और साथ ही प्रेग्नेंट भी हैं, तो अपने डॉक्टर से आर्टिफिशियल स्वीटनर्स के बारे में जानकारी जरूर लें। बिना जानकारी के किसी भी प्रोडक्ट का इस्तेमाल न करें वरना ये आपके लिए परेशानी भी खड़ी कर सकता है। आप इस संबंध में डॉक्टर या फिर एक्सपर्ट से अधिक जानकारी ले सकते हैं। प्रेग्नेंसी के दौरान डायट के साथ ही न्यूट्रीशन का ध्यान रखना बहुत जरूरी होता है।

हैलो हेल्थ किसी भी प्रकार की चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार उपलब्ध नहीं कराता है। इस आर्टिकल में हमने आपको प्रेग्नेंसी में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स (Artificial sweeteners in pregnancy) या गर्भावस्था में आर्टिफिशियल स्वीटनर्स (Artificial sweeteners) के बारे में जानकारी दी है। उम्मीद है आपको हैलो हेल्थ की दी हुई जानकारियां पसंद आई होंगी। अगर आपको इस संबंध में अधिक जानकारी चाहिए, तो हमसे जरूर पूछें। हम आपके सवालों के जवाब मेडिकल एक्स्पर्ट्स द्वारा दिलाने की कोशिश करेंगे।

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Bhawana Awasthi द्वारा लिखित आखिरी अपडेट कुछ दिन पहले को
डॉ. हेमाक्षी जत्तानी के द्वारा मेडिकली रिव्यूड