नमक की इतनी ज्यादा वैरायटी कहीं कन्फ्यूज न कर दें

चिकित्सक द्वारा समीक्षित | द्वारा

अपडेट डेट मई 28, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें
अब शेयर करें

खाना बनाते समय रेसिपी के हिसाब से सारे मसाले डालने के बाद भी अगर नमक की मात्रा में गड़बड़ हो जाए, तो डिश का स्वाद खराब हो जाता है। ऐसे में नमक किसी भी डिश के लिए एक महत्वपूर्ण सामग्री है। वहीं आज जब हम कुकरी बुक्स या इंटरनेट पर किसी डिश की रेसिपी सर्च करते हैं, तो कई बार वहां नमक की अलग-अलग वैरायटी के इस्तेमाल की सलाह दी जाती है। दुनिया भर में कोशर सॉल्ट (Kosher Salt) , कैनिंन सॉल्ट (Canning Salt) और सी सॉल्ट (Sea Salt) आज सबसे ज्यादा प्रचलित हैं। वहीं भारतीय आज भी खाना पकाते समय इस ओर कम ध्यान देते हैं और पास में मौजूद किसी भी नमक का उपयोग स्वाद के हिसाब से कर लेते हैं। इसके पीछे उनका मानना होता है कि सभी नमक ही तो है, तो किसी का भी इस्तेमाल किया जा सकता है। लेकिन असल में ऐसा नहीं है नमक की वैरायटी भी फूड की न्यूट्रिशन वैल्यू और स्वाद के लिए जिम्मेदार होती है।

डिश के हिसाब से चुनें नमक

बेकिंग में आपको छोटी-छोटी बातों का ख्याल रखना पड़ता है। ऐसे में आपको रेसिपी में बताए गई सॉल्ट की वैरायटी का ही इस्तेमाल करना चाहिए। एक्सपर्ट मानते हैं कि सॉल्ट के टेक्सचर अलग-अलग होते हैं। यह पता करना जरूरी है कि कितना कोशर सॉल्ट, टेबल सॉल्ट या सी सॉल्ट के बराबर होगा। ऐसी स्थिति में इन्हें तोलना ही एक अच्छा ऑप्शन हो सकता है।

इसके अलावा कुकिंग के अन्य तरीकों जैसे कि सब्जियों या मीट को रोस्ट करना या किसी डिश की सीजनिंग के लिए कोशर सॉल्ट ही बेहतर है। यह खाने में जल्दी घुल जाता है। शिकागो कैंडल कलनरी स्कूल में शेफ इंस्ट्रक्टर जैक कैम्पबेल कहते हैं कि कोशर सॉल्ट के कण बड़े होते हैं, तो आप कुछ भी रोस्ट करते समय देख सकते हैं कि कहां  नमक की मात्रा अधिक है और कहां कम।

कैम्बल बताते हैं कि टेबल सॉल्ट में मिले होने वाले मिनरल्स भी कुछ डिश का स्वाद खराब कर सकते हैं। वहीं कुछ रॉ मैटेरियल के लिहाज से आयोडीन नमक का इस्तेमाल करने से बचने की जरूरत होती है। इसको देखते हुए कैंबल कहते हैं कि कोशर सॉल्ट कुकिंग के लिए सबसे अच्छा विकल्प है।

यह भी पढ़ें:कैसे बनाएं घर पर टेस्टी और हेल्दी गार्लिक सॉल्ट

क्या होता कोशर सॉल्ट (kosher salt)

यह शीघ्र घुलने वाला सॉल्ट है, इसलिए रेस्टोरेंट में शेफ इस नमक को ज्यादा प्राथमिकता देते हैं। खासकर रोस्टेड आइटम्स में। इस नमक को बनाने में किसी भी प्रकार के केमिकल्स का प्रयोग नहीं किया जाता। यह बड़ी ही आसानी से मुंह में घुल जाता है। इसलिए यह स्वाद में एकदम परफेक्ट टेस्ट देता है। मांस-मछली को पकाते समय भी इसका उपयोग किया जाता है।

यह भी पढ़ें: Bartter Syndrome : बार्टर सिंड्रोम क्या है?

भारत में इस्तेमाल होने वाले नमक

टेबल सॉल्ट (Table salt)

टेबल सॉल्ट में सोडियम की मात्रा अन्य नमकों के तुलना में सबसे अधिक होती है। टेबल सॉल्ट में आयोडीन की भी पर्याप्त मात्रा होती है। ऐसा माना जाता है कि यह हमारे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है। साथ ही अगर नमक का सही मात्रा में सेवन किया जाए, तो यह की स्वास्थ्य लाभ देता है। लेकिन, यदि नमक अधिक मात्रा में खाया जाए, तो यह हमारी हड्डियों पर बुरा असर डालता है। इससे हड्डियों कमजोर होने लगती हैं। आजकल के युवा कई तरह के हड्डी रोगों से जूझ रहे हैं। इसके लिए नमक का अधिक सेवन और फास्ट फूड की लत जिम्मेदार है।

सेंधा नमक (Rock salt)

सेंधा नमक को रॉक सॉल्ट, व्रत का नमक और लाहोरी नमक के नाम से भी जाना जाता है। इस नमक को बिना रिफाईन किए तैयार किया जाता है। हालांकि, इसमें कैल्शियम, पोटेशियम और मैग्नीशियम की मात्रा सादे नमक की तुलना में अधिक होती है। जिन लोगों को हार्ट और किडनी सें संबंधित परेशानियां हैं, उनके लिए यह नमक बहुत फायदेमंद साबित होता है।

यह भी पढ़ें: ज्यादा नमक खाना दे सकता है आपको हार्ट अटैक

काला नमक (Black salt)

काले नमक का खाना सभी के लिए फायदेमंद होता है। इसके ​सेवन से कब्ज, बदहजमी, पेट दर्द, चक्कर आना, उल्टी आना और जी घबराने जैसी समस्याओं से छुटकारा मिल सकता है। गर्मियों में डॉक्टर भी नींबू पानी या फिर छाछ के साथ काले नमक का सेवन करने की सलाह देते हैं। काला नमक यूं तो सेहत के लिए कई मायनों में फायदेमंद है। लेकिन, इसमें फ्लोराइड भी मौजूद होता है इसलिए इसके अधिक सेवन से स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।

लो-सोडियम सॉल्ट (Low sodium Salt)

लो-सोडियम सॉल्ट को पौटेशियम नमक भी कहा जाता है। हालांकि, सादा नमक की तरह इसमें भी सोडियम और पौटेशियम क्लोराइड होते हैं। जिन लोगों को ब्लड प्रेशर की समस्या होती हैं, उन्हें लो सोडियम सॉल्ट का सेवन करना चाहिए। हार्ट और डायबिटीज के रोगियों के लिए भी यह नमक फायदेमंद हो सकता है।

सी सॉल्ट (Sea salt)

यह नमक वाष्पीकरण के जरिए बनाया जाता है। यह भी सादा नमक की तरह नमकीन नहीं होता है। सी सॉल्ट के सेवन की सलाह पेट फूलने, तनाव, सूजन, गैस और कब्ज जैसी समस्याओं के दौरान दी जाती है।

यह भी पढ़ें: आयोडीन की कमी से हो सकती हैं कई स्वास्थ्य समस्याएं

ज्यादा नमक खाने से नुकसान

जरूरत से ज्यादा नमक आपको बीमार भी कर सकता है। ऐसे में जरूरी है कि स्वाद के लिए नमक इस्तेमाल करते हुए आप उसकी वैरायटी और मात्रा का भी ख्याल रखें। जरूरत से ज्यादा नमक का सेवन दिल की समस्याओं का कारण बन सकता है। इसके अलावा ज्यादा नमक का सेवन करने से हाई ब्लड प्रेशर की भी आशंका बनी रहती है। इस बात का भी ख्याल रखें कि अगर कभी खाने में नमक कम लगे, तो अलग से इसके इस्तेमाल से बचना चाहिए। ज्यादा नमक डिहाइड्रेशन की समस्या का भी कारण बन सकता है। साथ ही शरीर में हाइड्रेटेड रखने के लिए पानी पीने के साथ-साथ नमक की मात्रा का ध्यान रखना भी जरूरी होता है। इसके अलावा डायट में जरूरत से ज्यादा नमक शरीर के अंगों में सूजन भी बढ़ा सकता है। शरीर में जरूरत से ज्यादा नमक जाने से पानी भी जमा होने लगता है। इस स्थिति को वॉटर रिटेंशन या फ्लूड रिटेंशन कहा जाता है। इस स्थिति में हाथों, पैरों और चेहरे पर सूजन दिखने लगती है।

बताए गए टिप्स को ध्यान में रखकर आप स्वाद, रेसिपी में जरूरी और हेल्थ कंडीशन के लिहाज से अपने लिए नमक चुनें और टेस्टी फूड के मजे लें।

और पढ़े:

ज्यादा नमक खाना दे सकता है आपको हार्ट अटैक

नमक से दांत साफ करना कितना फायदेमंद है?

प्रेग्नेंसी में इयर इंफेक्शन का कारण और इससे राहत दिलाने वाले घरेलू उपाय

लो बीपी होने पर तुरंत अपनाएं ये प्राथमिक उपचार, जल्द मिलेगा फायदा

हैलो हेल्थ ग्रुप चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार प्रदान नहीं करता है

क्या यह आर्टिकल आपके लिए फायदेमंद था?
happy unhappy"
सूत्र

शायद आपको यह भी अच्छा लगे

खून में सोडियम की कमी को कहते हैं हाइपोनेट्रेमिया ऐसे कर सकते हैं इसको दूर

खून में सोडियम की कमी होना क्या है, खून में सोडियम की कमी होने के कारण, हाइपोनाट्रोमिया का इलाज क्या है, के लक्षण क्या है, low sodium hyponatremia in Hindi.

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Shayali Rekha
हेल्थ टिप्स, स्वस्थ जीवन मार्च 2, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें

हाइपरटेंशन से बचाव के लिए जरूरी है लाइफस्टाइल में ये बदलाव

हाई ब्लड प्रेशर क्या है? हाइपरटेंशन से बचाव कैसे किया जा सकता है? हाइपरटेंशन से बचाव के लिए जानें सही डायट और एक्सरसाइज, hypertension se bachav के लिए अपनाएं ये टिप्स

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Hemakshi J
के द्वारा लिखा गया Hema Dhoulakhandi
हेल्थ सेंटर्स, हाइपरटेंशन दिसम्बर 16, 2019 . 4 मिनट में पढ़ें

Bartter Syndrome : बार्टर सिंड्रोम क्या है?

जानिए बार्टर सिंड्रोम की जानकारी in hindi,निदान और उपचार, बार्टर सिंड्रोम के क्या कारण हैं, लक्षण क्या हैं, घरेलू उपचार, जोखिम फ़ेक्टर, Bartter Syndrome का खतरा, जानिए जरूरी बातें |

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Ankita Mishra
हेल्थ कंडिशन्स, स्वास्थ्य ज्ञान A-Z नवम्बर 28, 2019 . 4 मिनट में पढ़ें

कैसे बनाएं घर पर टेस्टी और हेल्दी गार्लिक सॉल्ट

गार्लिक सॉल्ट को घर पर बनाने की विधि, गार्लिक सॉल्ट के फायदे, किन डिश में इस्तेमाल होता है, Garlic Salt recipe, साधारण नमक से क्यों गार्लिक सॉल्ट है बेहतर

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Govind Kumar
आहार और पोषण, स्वस्थ जीवन अक्टूबर 15, 2019 . 4 मिनट में पढ़ें

Recommended for you

प्रेग्नेंसी में नमक

प्रेगनेंसी में नमक खाने के फायदे और नुकसान

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Shivam Rohatgi
प्रकाशित हुआ अप्रैल 15, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें
विनेगर के नुकसान

एप्पल साइडर विनेगर के नुकसान भी जान लें, सेवन से हो सकती हैं कई शारीरिक परेशानियां

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Satish singh
प्रकाशित हुआ अप्रैल 10, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें
खाने की लत-food addiction

कहीं आपके शरीर के साथ सेहत को भी न बिगाड़ दे खाने की लत

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Satish singh
प्रकाशित हुआ अप्रैल 7, 2020 . 5 मिनट में पढ़ें
अनाज में कीड़े की दवा

अनाज में कीड़े की दवा पहुंचा सकती है कई नुकसान, इन नैचुरल तरीकों से दूर भगाएं कीड़े

चिकित्सक द्वारा समीक्षित Dr. Pranali Patil
के द्वारा लिखा गया Shayali Rekha
प्रकाशित हुआ मार्च 25, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें