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फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग: पुरुषों को जरूर जानना चाहिए इनके बारे में

फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग: पुरुषों को जरूर जानना चाहिए इनके बारे में

पुरुषों में इनफर्टिलिटी और कम स्पर्म काउंट के लिए चिंता और तनाव मुख्य वजह है। एक अध्ययन के मुताबिक दुनिया भर में शादी-शुदा कपल्स में डिप्रेशन और अन्य मानसिक समस्याओं का सबसे बड़ा कारण इनफर्टिलिटी है। आज जबकि मेडिकल क्षेत्र काफी विकसित हो चुका है। इसलिए इसके कई इलाज उपलब्ध हैं। जिनकी मदद से पुरुष और महिलाओं में फर्टिलिटी को बढ़ाया जा सकता है। अंग्रेजी के कहावत ‘प्रीकॉशन इज बेटर दैन क्योर’ को ध्यान में रखते हुए इस समस्या को पहले भी रोका जा सकता है। जिसमें फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग बहुत काम आएंगे। हालांकि फर्टिलिटी योगासन बांझपन के लिए सबसे कम, लेकिन प्रभावी प्राकृतिक उपचार में से एक है।

हैलो स्वास्थ्य के इस आर्टिकल में आप पढ़ेंगे उन योगासन के बारे में जिन्हें फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योगासन माना जाता है।

सेलिब्रिटी योगा ट्रेनर सूर्या नारायण सिंह (मुंबई) के कई फिल्म स्टार्स को योगा की ट्रेनिंग देते हैं और मुंबई में रहते हैं, ‘वे फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योगासन के बाबत बताते हैं कि, ‘कुछ ऐसे योगासन हैं जो बॉडी में ब्लड सर्क्युलेशन में सुधार करते हैं। इससे स्ट्रेस दूर होता है साथ ही प्रोस्टेट ग्लैंड और ओवरी से रिलेटेड प्रॉब्लम्स भी दूर होती हैं। इससे पुरुषों और महिलाओं दोनों की फर्टिलिटी बढ़ाने में मदद मिलती है। ‘ आइए जानते हैं फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग कैसे मददगार होते हैं?

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फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग कैसे कर सकते हैं मदद?

योग ब्लड सर्क्युलेशन और शरीर की टोनिंग में सुधार करता है। योग आपको तनाव से राहत देता है। तनाव को बांझपन का प्रमुख मनोवैज्ञानिक कारण माना जाता है। कार्डियोवैस्कुलर एक्सरसाइज और ध्यान पूर्ण मानसिक स्वास्थ्य में सुधार करता है। इसमें शुक्राणु गतिशीलता और उत्पादन शामिल है। फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योगासन में कुछ पोज न केवल ब्लड सर्क्युलेशन को बेहतर बनाने में मदद करते हैं, बल्कि शरीर के रसायनों को संतुलित भी करते हैं जिससे स्पर्म काउंट बढ़ता है। फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग को कामेच्छा बढ़ाने के लिए भी जाना जाता है। 

फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग:

1. योग से फर्टिलिटी में सुधार :  फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योगासन में शामिल है सर्वांगासन (शोल्डर स्टैंड)

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सर्वांगासन को शोल्डर स्टैंड भी कहा जाता है। जैसा कि नाम से स्पष्ट है इसमें शरीर के सभी अंगों का व्यायाम शामिल होता है। सर्वांगासन शरीर मे थायरॉइड ग्रंथियों को उत्तेजित करता है और शरीर को मजबूत करता है। इसलिए इसे फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग में शामिल किया गया है। 

इस फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योगासन को कैसे करें?

एक चटाई पर पीठ के बल पैरों को एक साथ मिला कर लेटें। पंजों को जमीन पर हथेलियों की तरफ से टिकाइए। अब बाहें शरीर के समानांतर तान कर रखें। दोनों पैरों को धीरे-धीरे ऊपर उठाएं। तलवों को आकाश की ओर ऊपर करके जांघों तथा टांगों को सीधी रखें। सांस बाहर करें और टांगों को चेहरे की तरफ झुकाइए। याद रखें कि इस दौरान जांघ, घुटना और टांग बिल्कुल सीधी हो। हाथ से कमर की हड्डी को पकड़े रहें। अब पीठ को थोड़ा और ऊपर उठाएं।

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2. हलासन को शामिल किया जाता है फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योगासन की लिस्ट में 

इस फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग में शरीर की मुद्रा ‘हल’ के जैसी होती है। इसलिए इसे हलासन कहा जाता है। यह पेल्विक क्षेत्र में ब्लड सर्क्युलेशन  और फर्टिलिटी पावर को बढ़ाता है। इससे महिलाओं के गर्भाशय के विकार, मासिक धर्म आदि की समस्याएं दूर होती हैं। हलासन से हर्निया, डायबिटीज रोग, किडनी, पेट की समस्याओं में भी बहुत लाभदायक होता है।

इस फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग को कैसे करें?

सपाट जमीन पर एक चटाई या कंबल बिछाकर पीठ के बल लेट जाएं। बाहें शरीर के समानांतर सीधी फैलाएं। हथेलियां जमीन से सटी हुई होनी चाहिए। अब सांस लेकर हथेलियों से जमीन को दबाते हुए दोनों टांगों की एड़ियों व पंजों को मिलते हुए टांगों को सीधी ऊपर उठाइए। पहले टांगों को सीधी रेखा में आकाश की ओर कीजिए। फिर कोहनियों को जमीन पर टिकाते हुए कमर पकड़कर कमर उठाते हुए टांगों को चेहरे की ओर झुकाते हुए पीठ भी उठाते जाएं। अब बाहों को मोड़कर हथेलियों को तकिए की तरह सिर के नीचे रखें। ध्यान रखें कि सांस की गति सामान्य हो।

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3. योग से फर्टिलिटी में सुधार : धनुरासन भी आता है फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग में 

इस फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग में में शरीर को धनुष के आकार में मोड़ने के कारण इसे धनुरासन कहा जाता है। यह प्रजनन अंगों में ब्लड के संचालन को बढ़ाने में मदद करता है। साथ ही पुरुषों में यौन स्वास्थ्य को अच्छा रखता है। यह इरेक्टाइल डिसफंक्शन और प्रीमैच्योर एजेक्युलेशन को ठीक करने में भी मदद करता है, जिससे पुरुषों में फर्टिलिटी बढ़ती है। इसी कारण इसे फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग में से एक माना जाता है। आप इस बारे में अधिक जानकारी के लिए एक्सपर्ट से संपर्क कर सकते हैं। 

इस फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग को कैसे करें?

चटाई पर पेट के बल लेट जाएं। टांगों को घुटनों से मोड़कर कमर से ऊपरी हिस्से को उठाते हुए हाथों से दोनों पैरों को पकड़ें। पैरों को पकड़ते समय हाथों की उंगलियां एक तरफ होनी चाहिए।

पहले पांव को बाहर की ओर खोलते हुए, सांस बाहर निकालकर अपने घुटनों को ऊपर उठाएं। अब सांस खींचकर छाती को उठाएं। अब पूरी ताकत से छाती और पैरों को उठाकर धनुष की आकृति में कर लें। कुछ देर बाद सांस छोड़ें और आसन से बाहर आ जाएं।

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4. कुम्भकासन को किया जाता है शामिल फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग में

यह आसन शरीर के ऊपरी हिस्से को मजबूत करता है और यौन क्षमता को भी बढ़ाता है। यह सेक्शुअल हेल्थ को सुधारकर फर्टिलिटी पावर बढ़ाने में मदद करता है।

इस फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग को कैसे करें?

सबसे पहले चटाई पर पेट के बल लेट जाएं। हाथों को कंधों के बगल में रखें और शरीर को फर्श से ऊपर ले जाए। शरीर के ऊपरी हिस्सों, नितंबों और पैरों को एक सीध में फर्श पर लाएं। 15-30 सेकेंड के लिए इस कुम्भकासन में रहें और धीरे-धीरे नीचे लाएं।

5. योग से फर्टिलिटी में सुधार : फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग में आता है ‘पादहस्तासन’

इस फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग में हाथों से पांवों को झुककर पकड़ा जाता है, इसलिए इसे ‘पादहस्तासन’ कहा जाता है। यह आसन रीढ़, कूल्हों और पैरों को फैलाता है। यह मस्तिष्क में ब्लड सर्क्युलेशन को बढ़ाता है और शरीर में संतुलन लाता है। इससे गैस की परेशानी , कब्ज आदि की समस्या  भी दूर होती है। आप इस बारे में अधिक जानकारी के लिए डॉक्टर से संपर्क कर सकते हैं। 

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इस फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग को कैसे करें?

जमीन पर चटाई बिछाकर उस पर बैठ जाएं। दोनों पांवों को एड़ियों से मिलाकर तानिए और कमर से झुककर हाथों को आगे ताने हुए पैरों के अंगूठों को पकड़िए। अब खड़े हो जाएं। हाथों को ऊपर तानिए। हथेलियों को सामने की ओर खुली रखिए। आपकी उंगलियां एक-दूसरे से लगी हों। रेचक करते हुए सामने की ओर झुकें। दोनों हाथों से पैरों के अंगूठों को पकड़ें। इसे दुहराते रहें। जब अभ्यास हो जाए तो सिर को दोनों बाहों के बीच से घुटनों की तरफ झुकाते हुए नाक घुटने से लगाइए। 20-30 सेकंड तक आसन में रहें और सामान्य सांसें लें। फिर धीरे-धीरे सांस लेते हुए आसन से बाहर आएं और धीरे-धीरे सामान्य अवस्था मे खड़े हों।

हम उम्मीद करते हैं कि यह आर्टिकल आपको पसंद आया होगा। इसमें फर्टिलिटी बढ़ाने वाले योग की जो जानकारी दी गई है वो महिला और पुरुषों दोनो के लिए उपयोगी है, लेकिन किसी भी आसान को शुरू करने से पहले योगा एक्सपर्ट से सलाह करना सही होगा।अगर आपके मन में कोई प्रश्न है तो हैलो स्वास्थ्य के फेसबुक पेज में आप कमेंट बॉक्स में प्रश्न पूछ सकते हैं।

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डिस्क्लेमर

हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।

Yoga Can Improve Assisted Reproduction Technology Outcomes in Couples With Infertility – https://pubmed.ncbi.nlm.nih.gov/29112941/ /accessed/17/November/2019/12:45

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Follow The Fertility Diet? – https://www.health.harvard.edu/diseases-and-conditions/follow-fertility-diet /accessed/17/November/2019/12:45

The psychological impact of infertility and its treatment – https://www.health.harvard.edu/newsletter_article/The-psychological-impact-of-infertility-and-its-treatment /accessed/17/November/2019/12:45

Current Version

28/10/2020

Nikhil Kumar द्वारा लिखित

के द्वारा मेडिकली रिव्यूड Dr Sharayu Maknikar

Updated by: Bhawana Awasthi


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Dr Sharayu Maknikar


Nikhil Kumar द्वारा लिखित · अपडेटेड 28/10/2020

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