लॉकडाउन में आप भी तो नहीं पी रहे ज्यादा चाय और कॉफी, कितने बड़े हैं नुकसान?

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Update Date मई 27, 2020 . 4 मिनट में पढ़ें
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भारत में लॉकडाउन को आज 51 दिन हो गए हैं। लोग अपने घर से सिर्फ जरूरी काम के होने पर ही बाहर जा सकते हैं। दिनभर घर में पड़े रहने से सबका शेड्यूल काफी बिगड़ गया है। घर बैठे लोग ज्यादा खाना खाने लगे हैं, जिस वजह से बढ़ता वजन उनकी एक परेशानी बना हुआ है। इसके अलावा लोग चाय और कॉफी का सेवन भी अत्यधिक मात्रा में कर रहे हैं।

चाय और कॉफी: दोनों में ही होता है कैफीन

चाय और कॉफी दोनों में कैफीन पाया जाता, जो एक नशे की तरह काम करता है। बहुत सारे लोगों को तो चाय और कॉफी की इस तरह आदत होती है कि उनके दिन की शुरुआत यदि इससे नहीं हुई तो उनके लिए पूरा दिन खराब हो जाता है। चाय और कॉफी की लत जिसे एक बार लग जाए उसके लिए इससे पीछा छुड़ाना बहुत ही मुश्किल होता है। घर बैठे लोगों में यह चाय और कॉफी की लत बुरा रूप लेती नजर आ रही है। कैफीन इनटेक को लेकर हमेशा कंट्रोवर्सी रहती है। कुछ लोगों का मानना है कि हमारे स्वास्थ्य के लिए कैफीन कई तरह से फायदेमंद होती है। वहीं कुछ लोग इसे स्वास्थ्य का दुश्मन मानते हैं। इस लेख में आज हम आपको बताएंगे कि कैफीन का इनटेक आपके लिए कितना फायदेमंद है या नहीं…

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90 प्रतिशत लोग अपने दिन की शुरुआत चाय और कॉफी से करते हैं

आपको जानकर हैरानी होगी, एक रिसर्च के अनुसार लगभग 90 प्रतिशत लोग अपने दिन की शुरुआत एक कप चाय या फिर कॉफी के साथ करते हैं। चाय और कॉफी को लेकर सबकी अपनी अपनी पसंद है। दिनभर काम करने के लिए हमें एनर्जी की जरूत होती है। उस लिहाज से देखें तो हमें दिनभर में कैफीन की जरूत पड़ती है। लेकिन लोग इसका अत्यधिक मात्रा में सेवन करने लगते हैं। यही कारण है कि यह हमारे स्वास्थ्य पर बुरा असर करने लगती है। चाय और कॉफी में कैफीन की मात्रा की तुलना करें तो कॉफी में ज्यादा कैफीन होता है।

कॉफी कैसे काम करती है?

कैफीन केंद्रीय तंत्रिका तंत्र के लिए उत्तेजक की तरह काम करती है। इसका सबसे प्रसिद्ध स्रोत कॉफी बीन है। इसके अलावा कैफीन कोको बीन्स, चाय और कोला जैसे पेय पदार्थ में भी पाया जाता है। आमतौर पर कैफीन युक्त ड्रिंक्स का उपयोग उनींदापन को रोकने और प्रदर्शन में सुधार करने के लिए किया जाता है। कॉफी का सेवन इसमें मौजूद कैफीन रक्तप्रवाह (ब्लडस्ट्रीम) में अवशोषित हो जाती है। लिवर द्वारा चयापचय होने के बाद, यह कई कंपाउंड्स में डिवाइड हो जाती है, जो विभिन्न अंगों को प्रभावित करते हैं। मुख्य रूप से कॉफी ब्रेन को प्रभावित करता है। कैफीन ब्रेन में एडेनोसाइन के प्रभाव को अवरुद्ध करता है जिससे शरीर में ऊर्जा का स्तर बढ़ता है।

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चाय और कॉफी: कैफीन के दुष्परिणाम

जब भी दफ्तर में काम करके थकान महसूस होती है एक प्याली चाय या एक कप कॉफी आपको एनर्जेटिक महसूस कराने के लिए काफी होता है। लेकिन क्या आप जानते हैं यह आपकी हेल्थ पर कितना बुरा असर डालती है। यदि आप अपनी रोजमर्रा की जिंदगी में कैफीन इनटेक कम कर दें तो आप अपनी जिंदगी से स्ट्रेस को दूर कर सकते हैं। इस बात में कोई दो राय नहीं है कि कैफीन हमे ऊर्जा प्रदान करता है, लेकिन साथ ही यह ऐसे हॉर्मोन को उत्तेजित करता है जिससे कई मेंटल प्रोब्लम्स और हृदय संबंधित परेशानी होने का खतरा रहता है। चाय और कॉफी का सेवन करने से कई लोगों में एंग्जायटी की परेशानी बढ़ जाती है।

  • कैफीन का सेवन अनिद्रा का कारण बन सकता है। खासतौर पर यदि आप इसे सोने से पहले लेते हैं।
  • कैफीन का सेवन करने से बेट वेटिंग (बिस्तर गीला करना) की समस्या हो सकती है।
  • कैफीन हड्डियों के निर्माण की प्रक्रिया (ऑसिफिकेशन) में बाधा डालती है, जिसके कारण फ्रैक्चर हो सकता है।

चाय और कॉफी: लोगों के बीच कैफीन के लोकप्रिय होने के पीछे क्या कारण हैं?

लोगों के बीच कैफीन निम्नलिखित कारणों से सबसे ज्यादा लोकप्रिय है:

  • कैफीन रक्त में एड्रेनालाईन के स्तर को बढ़ाकर शरीर में ऊर्जा का उत्पादन करता है। इससे फिजिकल पर्फोमेंस बेहतर होती है। बता दें, एड्रेनालाईन हॉर्मोन शारीरिक परिश्रम के लिए तैयार करने में मदद करता है।
  • सीमित मात्रा में कैफीन शरीर में वसा को तोड़ने और उसे ईंधन के रूप में उपयोग करने में मदद करता है। इस कारण भी बहुत सारे लोग कैफीन का सेवन करते हैं।
  • सीमित मात्रा में कैफीन का सेवन ध्यान केंद्रित करने और मानसिक सतर्कता में सुधार करने में मदद करता है।

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चाय और कॉफी: अत्यधिक कैफीन युक्त पेय पदार्थों का सेवन करने से होने वाले नकारात्मक प्रभाव

  • माइग्रेन (Migraine)
  • अनिद्रा (Insomnia)
  • घबराहट (Nervousness)
  • चिड़चिड़ापन (Irritability)
  • बेचैनी (Restlessness)
  • लगातार यूरिन आना (Frequent urination)
  • यूरिन को कंट्रोल न कर पाना (Inability to control urination)
  • पेट खराब (Stomach upset)
  • तेजी से दिल धड़कना (Fast heartbeat)
  • मसल्स ट्रेमर्स (Muscle tremors)

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चाय और कॉफी की जगह आप इन ड्रिंक्स को भी मेंटल अवेरनेस और मूड अपलिफ्टमेंट के लिए डायट में शामिल कर सकते हैं:

पानी: हर मौसम में पानी पीना सबसे बेस्ट ऑप्शन होता है। यदि आप सादा पानी पीकर बोरियत महसूस करते हैं तो आप निम्नलिखित फ्लेवर्स का इस्तेमाल भी कर सकते हैं:

  • डार्क चॉकलेट (Dark chocolate)
  • सेब के सिरके को पानी में मिलाकर पिएं (Apple Cider Vinegar mixed in water)
  • मोका टी आपको दिनभर तरोताजा रखने के साथ शरीर को ऊर्जा प्रदान करती है (Mocha tea is very refreshing and gives a lot of energy to the body)
  • व्हीटग्रास जूस बहुत हेल्दी ऑप्शन है। ये आपको रिफ्रेश भी रखता है। (Wheatgrass juice is extremely healthy and refreshing)
  • ताजे सेब का जूस (Fresh Apple juice)
  • गर्मी के इस मौसम में आप बेल का शरबत, कोकम शरबत या आम पन्ना भी पी सकते हैं। ये ड्रिंक्स रिफ्रेश रखने के साथ दिमाग को स्फूर्ति देने का काम करते हैं।
  • चाय और कॉफी की लत को छुड़ाने के लिए आप हर्बल टी का सहारा भी ले सकते हैं।

हैलो स्वास्थ्य किसी भी तरह की मेडिकल सलाह नहीं दे रहा है। अगर आपको किसी भी तरह की समस्या हो तो आप अपने डॉक्टर से जरूर पूछ लें।

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