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एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर होता है काफी अच्छा, लेकिन ध्यान में रखनी होंगी ये बातें!

एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर होता है काफी अच्छा, लेकिन ध्यान में रखनी होंगी ये बातें!

डायबिटीज मेलेटस के 90% से अधिक मामलों को टाइप 2 डायबिटीज मेलेटस (T2DM) के रूप में क्लासिफाइड किया जाता है। एक ऐसी स्थिति जिसमें शरीर इंसुलिन का ठीक से इस्तेमाल नहीं कर पाता है। आमतौर पर टाइप-2 डायबिटीज ओबेसिटी, लिपिड मेटाबॉलिज्म डिसफंक्शन (Lipid metabolism dysfunction) और हाय ब्लड प्रेशर (High blood pressure) से जुड़ा होता है। ये सभी ऐसे फैक्टर्स हैं जो पेशेंट्स की लाइफ क्वालिटी को प्रभावित कर सकते हैं। टाइप 2 डायबिटीज बीमारियों के एक ग्रुप (हार्ट डिजीज, अल्जाइमर डिजीज, कैंसर, आदि) से संबंधित है, जो फिजिकल इनएक्टिविटी के कारण रिस्क को और बढ़ाते हैं। लेकिन, एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) प्रभावी माना जाता है। दरअसल, नियमित एरोबिक एक्सरसाइज मेटाबॉलिज्म असंतुलन (Metabolism imbalance) और इंसुलिन सेंस्टिविटी में सुधार करता है, जिससे डायबिटीज की कॉम्प्लिकेशन्स जैसे कि किडनी डैमेज (Kidney damage) और हृदय रोग (Heart disease) के रिस्क को कम करता है।

जानते हैं इस आर्टिकल में एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) बेहतर हो इसके लिए हर दिन कितनी देर एक्सरसाइज करनी चाहिए, कौन-सी एंड्यूरेंस एक्सरसाइज (Endurance exercise) करनी चाहिए?

एंड्यूरेंस एक्सरसाइज (Endurance exercise) क्या है?

इन्हें एरोबिक एक्सरसाइज भी कहा जाता है, एंड्यूरेंस एक्सरसाइज में ऐसी एक्टिविटीज शामिल हैं जो आपकी ब्रीदिंग और हार्ट रेट को बढ़ाती हैं जैसे रनिंग, जॉगिंग, स्विमिंग, बाइकिंग और जंपिंग रोप (रस्सी कूदना)। एंड्यूरेंस एक्सरसाइज हार्ट (Heart), लंग्स (Lungs) और सर्क्युलेटरी सिस्टम को हेल्दी रखती हैं और आपकी ओवरऑल फिटनेस में सुधार करती है। नतीजतन, जो लोग रेकमेंडेड रेगुलर फिजिकल एक्टिविटी करते हैं, वे डायबिटीज, हार्ट डिजीज और स्ट्रोक (Stroke) जैसी कई बीमारियों के रिस्क को कम कर सकते हैं। एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) भी बेहतर होता है।

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एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics)

नियमित व्यायाम हेल्दी ग्लूकोज के लेवल को मेंटेन और डायबिटीज मैनेजमेंट (Diabetes management) को आसान बनाने का एक अच्छा तरीका है, क्योंकि एक्सरसाइज इंसुलिन सेंस्टिविटी में सुधार करता है, इंसुलिन रेजिस्टेंस को कम करती है और ब्लड शुगर के लेवल में सुधार करती है। ऑस्ट्रेलेशियन सोसायटी ऑफ इम्यूनोलॉजी (Australasian Society of Immunology) के अनुसार, टाइप 2 डायबिटीज (Type 2 diabetes) वाले लोगों के लिए फिजिकल एक्टिविटी सूजन को कम कर सकती है और बॉडी में फैट को कम कर सकती है। इससे मेटाबॉलिज्म और ब्लड शुगर को सामान्य करता है। अमेरिकन डायबिटीज एसोसिएशन की मानें तो एरोबिक एक्सरसाइज (Aerobic exercise) जैसे रनिंग और साइकिल चलाना सभी तरह के मधुमेह वाले लोगों के लिए हार्ट डिजीज और मॉर्टेलिटी रेट (Mortality rate) के रिस्क को कम करता है। एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) को लेकर कई रिसर्च भी की गई हैं।

एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics)

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क्या कहती है रिसर्च?

कई रैंडमाइज़्ड कंट्रोल्ड ट्रायल्स से पता चलता है कि डायट्री बेहेवियर और फिजिकल एक्टिविटी दोनों एक साथ लाइफस्टाइल में ये मॉडरेट चेंजेस स्पष्ट रूप से ग्लूकोज इन्टॉलरेंस (Glucose intolerance) वाले लोगों में डायबिटीज डेवेलपमेंट के रिस्क को कम करते हैं। कुछ स्टडीज ने 12 महीनों से अधिक में सफल परिणामों की रिपोर्ट की। अमेरिकन कॉलेज ऑफ स्पोर्ट्स मेडिसिन (एसीएसएम) और अमेरिकन डायबिटीज एसोसिएशन (एडीए) संयुक्त रूप से सिफारिश करते हैं कि टाइप 2 डायबिटीज के विकास को रोकने या देरी करने के लिए कम से कम 150 मिनट/सप्ताह मॉडरेट/हाय इंटेंसिटी फिजिकल एक्टिविटी (High intensity activity) की जानी चाहिए।

एक्सरसाइज को एक सरल और इकोनॉमिकल थेराप्यूटिक के रूप में जाना जाता है। एंड्यूरेंस एक्सरसाइज टाइप 2 डायबिटीज में इंसुलिन सेंस्टिविटी (Insulin sensitivity) बढ़ाती है। हालांकि, अब तक किसी भी स्टडी ने एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) की जांच नहीं की है। इसलिए, इस स्टडी ने हाय फैट वाले डायट पर एसटीजेड-इंड्यूस्ड टाइप 2 डायबिटिक्स चूहों (STZ-induced type 2 diabetic rats) में बॉडी वेट, ग्लूकोज और इंसुलिन लेवल, लिपिड प्रोफाइल और एचबीए 1 सी के लेवल पर एंड्यूरेंस ट्रेनिंग एक्सरसाइज के प्रभाव की जांच की। इस अध्ययन में कुल 36 चूहों को शामिल किया गया था।

28 दिनों के बाद सीरम टोटल कोलेस्ट्रॉल (Serum total cholesterol), ट्राइग्लिसराइड, हाय डेंसिटी लिपोप्रोटीन, ग्लाइकोसिलेटेड हीमोग्लोबिन, ग्लूकोज और इंसुलिन लेवल को जांचा गया। इसमें पाया गया कि एंड्यूरेंस ट्रेनिंग ग्रुप में सीरम टीसी और टीजी लेवल में कमी और एचडीएल कोलेस्ट्रॉल लेवल (HDL cholesterol level) में वृद्धि मिली। इसके अलावा, 28 दिनों के एक्सरसाइज के बाद ब्लड शुगर और HbA1c का लेवल कंट्रोल्ड ग्रुप (p <0.05) की तुलना में एंड्यूरेंस ट्रेनिंग ग्रुप में काफी कम था। इन नतीजों से पता चलता है कि एसटीजेड-इंड्यूस्ड टाइप 2 डायबिटिक्स चूहों में एंड्यूरेंस एक्सरसाइज से बॉडी वेट (Body Weight), लिपिड प्रोफाइल, फास्टिंग ब्लड ग्लूकोज (Fasting blood glucose), एचबीए 1 सी और इंसुलिन लेवल प्रभावित हुआ।

एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) प्रभावी हो, इसके लिए कितनी देर एक्सरसाइज करनी चाहिए?

एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) को आप समझ चुके हैं, लेकिन आपको बता दें कि एंड्यूरेंस बिल्ड करने से आपकी रोजमर्रा की कई एक्टिविटीज को करना आसान हो जाता है। यदि आप कुछ समय से फिजिकल इनएक्टिविटी के बाद एक्सरसाइज रूटीन शुरू कर रहे हैं, तो इसमें जल्दबाजी न करें। यदि आप लंबे समय से सक्रिय नहीं हैं, तो समय के साथ धीरे-धीरे एक्सरसाइज पर काम करना जरूरी है।

एक बार में 10-15 मिनट से शुरू करें और फिर धीरे-धीरे इसे बढ़ाएं। अमेरिकन हॉस्पिटल एसोसिएशन (AHA) की सलाह है कि एडल्ट्स को हर सप्ताह कम से कम 150 मिनट (2 1/2 घंटे) मॉडरेट से हाय इंटेंसिटी एक्टिविटी करनी चाहिए। सामान्य फिटनेस और हेल्थ में सुधार के लिए, टाइप 2 डायबिटीज वाले व्यक्तियों को सप्ताह में कम से कम 3-5 दिन व्यायाम करने की सलाह दी जाती है।

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यदि आप कार्डिएक इवेंट (Cardiac event) या स्ट्रोक से रिकवर कर रहे हैं

कुछ लोग हार्ट अटैक पड़ने के बाद एक्सरसाइज करने से डरते हैं। लेकिन नियमित फिजिकल एक्टिविटी आपको एक और हार्ट अटैक पड़ने की संभावना को कम करने में मदद कर सकती है। एएचए ने 2014 में एक स्टेटमेंट पब्लिश किया था कि डॉक्टरों को स्ट्रोक के रोगियों को व्यायाम करना चाहिए क्योंकि इस बात के एविडेंस हैं कि फिजिकल एक्टिविटी और स्ट्रोक के बाद एक्सरसाइज हार्ट की फिटनेस, चलने की क्षमता और अपर आर्म की ताकत में सुधार कर सकते हैं। यदि आपको हार्ट अटैक या स्ट्रोक हुआ है, तो यह सुनिश्चित करने के लिए कि आप एक सुरक्षित, प्रभावी फिजिकल एक्टिविटी प्रोग्राम का पालन कर रहे हैं, कोई भी व्यायाम शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से बात करें।

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इससे पहले कि आप शुरू करें

एक्सरसाइज ट्रेनिंग शुरू करने से पहले अपने प्लान के बारे में अपने डॉक्टर से बात करें। एंड्यूरेंस, या एरोबिक, एक्सरसाइज टाइप 2 डायबिटीज वाले लोगों के लिए बहुत फायदेमंद है। चाहे आप एक बिगिनर या एक एडवांस्ड लेवल के एथलीट हों, एंड्यूरेंस एक्टिविटी करने से हेल्थ और परफॉरमेंस बेनिफिट्स मिलते हैं। एंड्यूरेंस एक्सरसाइज में डिस्टेंस रनिंग, स्विमिंग, साइकिलिंग और तेज चलना या हाईकिंग शामिल है। यह निर्धारित करने के लिए कि क्या आप इस प्रकार की एक्टिविटी करने में सक्षम हैं, इसके बारे में डॉक्टर से सलाह मशवरा जरूर करें।

एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) देखने के लिए जब आप एंड्यूरेंस एक्सरसाइज शुरू करते हैं, तो शुरू के कुछ दिनों में आपको डाइट, एक्सरसाइज प्लान और दवा के साथ एडजस्ट करने में समय लग सकता है। इसलिए, अपने डॉक्टर और डायटीशियन से इस बारे में परामर्श लें।

उम्मीद करते हैं कि आपको एंड्यूरेंस एक्सरसाइज का डायबिटिक्स पर असर (Effect of endurance exercise on diabetics) से संबंधित जरूरी जानकारियां मिल गई होंगी। अधिक जानकारी के लिए एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें। अगर आपके मन में अन्य कोई सवाल हैं तो आप हमारे फेसबुक पेज पर पूछ सकते हैं। हम आपके सभी सवालों के जवाब आपको कमेंट बॉक्स में देने की पूरी कोशिश करेंगे। अपने करीबियों को इस जानकारी से अवगत कराने के लिए आप ये आर्टिकल जरूर शेयर करें।

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Manjari Khare द्वारा लिखित आखिरी अपडेट 08/12/2021 को
Sayali Chaudhari के द्वारा मेडिकली रिव्यूड