आखिर क्यों मकर संक्रांति पर किया जाता है गुड़ का इस्तेमाल, जानिए गुड़ के फायदे

    आखिर क्यों मकर संक्रांति पर किया जाता है गुड़ का इस्तेमाल, जानिए गुड़ के फायदे

    मकर संक्रांति में गुड़ का सेवन काफी ज्यादा किया जाता है। यह त्योहार आते ही गुड़ की सबसे ज्यादा बिक्री होनी शुरू हो जाती है। गुड़ के फायदे हैं ही इतने कि इसे इस पर्व में काफी खास माना जाता है। आज मकर संक्रांति का पर्व है और इस पर्व में सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाले गुड़ के बारे में विस्तार से बात करेंगे। साथ ही गुड़ के फायदे (Benefits of jaggery) भी जानेंगे।

    कैसे बनता है गुड़?

    गुड़ (Jaggery) अनरिफाइंड शुगर (Sugar) से बनता है। गन्ने के रस को उबालने के बाद जो रॉ मैटीरियल बचता है, उसे जैगरी कहा जाता है। गन्ने के साथ ही गुड़ कोकोनट और खजूर से भी तैयार किया जाता है। शुगर केन यानी गन्ने से बने जैगरी का सबसे अधिक प्रयोग भारत में किया जाता है। ये कहना गलत नहीं होगा कि वाइट शुगर से ज्यादा खाने में उपयोगी गुड़ होता है।

    गुड़ बनाने का प्रोसेस तीन स्टेप में होता है

    एक्सट्रेक्शन (Extraction):

    इस प्रोसेस में गन्ने का रस निकाल के इकट्ठा किया जाता है।

    क्लेरिफिकेशन (Clarification):

    इस प्रोसेस में गन्ने के रस को छानकर साफ किया जाता है। किसी भी तरह की गंदगी इस प्रोसेस के बाद रस में नहीं बचती है।

    कॉन्सेंट्रेशन (Concentration):

    इस प्रोसेस में गन्ने के रस को छानकर एक बड़े कंटेनर में डाला जाता है। फिर गन्ने के रस को देर तक उबाला जाता है।

    जब गन्ने के रस को देर तक उबाला जाता है तो बची हुई गंदगी रस के ऊपर की ओर आ जाती है और नीचे पेस्ट बच जाता है। इस पेस्ट का रंग हल्का भूरा होता है। इसी को जैगरी कहते हैं। जागरी का रंग हल्के भूरे से गहरे भूरे रंग का हो सकता है।

    गुड़ में 100 ग्राम (आधा कप) में

    • कैलोरी: 383
    • सुक्रोज: 65-85 ग्राम
    • फ्रुक्टोज और ग्लूकोज: 10-15 ग्राम
    • प्रोटीन: 0.4 ग्राम
    • वसा: 0.1 ग्राम
    • आयरन: 11 मिलीग्राम
    • मैग्नीशियम: 70-90 मिलीग्राम
    • पोटेशियम: 1050 मिलीग्राम
    • मैंगनीज: 0.2-0.5 मिलीग्राम

    और पढ़ें : मेडिकल स्टोर से दवा खरीदने से पहले जान लें जुकाम और फ्लू में अंतर

    इन नामों से जाना जाता है अन्य देशों में

    वर्ड के 70 प्रतिशत जागेरी का उत्पादन भारत में किया जाता है। कुछ देशों में खजूर से बनने वाले जैगरी की भी बहुत डिमांड होती है।

    • गुड़ (Gur): भारत।
    • ( Panela) : कोलंबिया।
    • पिलोनसिलो (Piloncillo): मेक्सिको।
    • तापा दुलस (Tapa dulce): कोस्टा रिका।
    • नमतन तनोड: थाईलैंड।
    • गुला मेलाका : मलेशिया।
    • कोकुटो: जापान।

    जानिए गुड़ के फायदे (Benefits of Jaggery)

    गुड़ के फायदे (Benefits of jaggery) निम्न हैं।

    गुड़ के फायदे डायजेशन (Digestion) में

    गुड़ खाने का संबंध अच्छे डायजेशन से भी होता है। शुगर खाने से केवल शरीर को कैलोरी मिलती है। कुछ लोगों को खाना खाने के बाद थोड़ा सा गुड़ खाने की आदत होती है। इस आदत को अच्छे डायजेशन से जोड़ कर देखा जा सकता है। जैगरी खाने से डायजेस्टिव एंजाइम एक्टिव होते हैं। इस कारण से गुड़ खाने से डायजेशन सही रहता है। जागरी को नैचुरल स्वीटनर की तरह इस्तेमाल करना बेहतर रहेगा। डिनर लेने के बाद जागरी खाने की आदत डाल लेनी चाहिए। अगर आपको मीठा खाने का शौक है तो मकर संक्रांति में जैगरी खाना आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। गुड़ डाइजेस्टिव एंजाइम को एक्टिवेट करता है और बोवेल मूवमेंट को स्टिम्यूलेट कर कब्ज से राहत दिलाता है।

    गुड़ के फायदे: ब्लड (Blood) को करता है प्यूरीफाई

    जैगरी के महत्व में ब्लड को प्यूरीफाई करना भी शामिल है। गुड़ के उपयोग से खून साफो होता है, अगर रोजाना गुड़ खाया जाए तो ये सेहत के लिए उपयोगी रहता है। क्लीन ब्लड का मतलब है कि ये बॉडी को बीमारियों से सेफ रखता है। ब्लड को प्यूरीफाई करने का काम लिवर और किडनी करते हैं। लेकिन जैगरी की सही मात्रा लेने पर टॉक्सिन ब्लड से अलग हो जाते हैं। अगर ब्लड प्यूरीफाई होगा तो अन्य ऑर्गन आराम से काम कर सकेंगे और उनमे अधिक लोड नहीं होगा।

    गुड़ के फायदे : बॉडी को डीटॉक्स (Detox) करे

    गुड़ के फायदे (Benefits of jaggery) बॉडी को डीटॉक्स करने के लिए भी मिले हैं। गुड़ शरीर को डीटॉक्स करने का भी करता है। इसका नियमित सेवन करने से शरीर के अंदर से हानिकारक टॉक्सिन बाहर निकलते हैं और शरीर डीटॉक्स होने लगता है।

    गुड़ के फायदे : गुड़ खाने से बढ़ती है इम्युनिटी (Immunity)

    गुड़ में एंटीऑक्सीडेंट होते हैं। साथ ही मिनिरल्स जैसे जिंक और सेलेनियम भी पाया जाता है। गुड़ खाने से फ्री रेडिकल डैमेज होने से बच जाता है। साथ ही इंफेक्शन के खिलाफ रजिस्टेंस भी बूस्ट होता है। गुड़ खाने से हीमोग्लोबिन का टोटल काउंट भी बढ़ता है। गुड़ की तासीर गर्म होती है, इसलिए गुड़ को सर्दियों में खाने की सलाह दी जाती है। जैगरी को सही मात्रा में खाना बहुत जरूरी है। मकर संक्रांति में गुड़ से बहुत से पकवान बनाएं जाते हैं। गुड़ की चिक्की लोगों को खूब पसंद आती है।

    पीरियड्स के पेन (Periods Pain) से भी बचाता है गुड़

    गुड़ के फायदे (Benefits of jaggery) पीरियड्स के दौरान भी देखने को मिले हैं। गुड़ खाने से सेहत को फायदा तो होता ही है, साथ ही ये पीरियड्स के दौरान होने वाले दर्द से भी बचाता है। पीरियड्स के दौरान अचानक से पेट में दर्द महसूस होता है। इस दर्द से बचने के लिए गुड़ का उपयोग किया जा सकता है। अगर पीरियड्स के पहले ही मूड स्विंग फील हो रहा है तो गुड़ की कुछ मात्रा खाई जा सकती है। पीएमएस के लक्षण दिखने पर गुड़ खाना सेहत के लिए फायदेमंद रहता है। गुड़ खाने से शरीर में एंड्रोफिंस रिलीज होता है जिस कारण से मूड स्विंग के साथ ही पीरियड्स में भी आराम मिलता है। अगर आपने अब तक गुड़ नहीं खाया है तो इस मकर संक्रांति को जैगरी की चिक्की जरूर खाएं। ऐसा करने से शरीर को जरूर राहत मिलेगी।

    और पढ़ें : फरहान और शिबानी ने ली ‘क्रायोथेरेपी’, जानें क्या हैं इस कोल्ड थेरिपी के फायदे

    एनीमिया (Anemia) में डॉक्टर कर सकता है सजेस्ट

    शरीर में सही मात्रा में आयरन होना बहुत जरूरी होता है। जिन लोगों के शरी में आयरन (Iron) की कमी हो जाती है, उन्हें गुण खाने की सलाह दी जा सकती है। जैगरी में आयरन और फोलेट उचित मात्रा में होता है। गुड़ खाने से शरीर में रेड ब्लड सेल्स की मात्रा मेंटेन रहती है। पीरियड्स के दौरान महिलाओं के शरीर में ब्लड लॉस की समस्या हो जाती है। ब्लड लॉस की पूर्ति करने के लिए थोड़ा सा जैगरी खाने के बाद शामिल कर सकते हैं। जैगरी खाने के बाद शरीर को अचानक से एनर्जी मिल जाती है।

    गुड़ के फायदे : मैग्नीशियम (Magnesium) की उचित मात्रा

    गुड़ में उचित मात्रा में मैग्नीशियम पाया जाता है। मैग्नीशियम की उचित मात्रा होने के कारण गुड़ इंटेस्टाइनल स्ट्रेंथ को मजबूत रखता है। अगर प्रतिदिन 10 ग्राम गुड़ को खाने में या खाने के बाद शामिल किया जाए तो 16 mg मैग्नीशियम का मात्रा शरीर को मिलती है। एक दिन में दस ग्राम गुड़ खाने से प्रतिदिन की 4 प्रतिशत मिनिरल्स की जरूरत पूरी होती है।

    और पढ़ें :अंतरराष्ट्रीय विकलांगता दिवसः स्कूल जाने से कतराते है दिव्यांग बच्चे, जानें कुछ चौकाने वाले आंकड़ें

    गुड़ के फायदे: जॉइंट के दर्द (Join Pain) राहत

    गुड़ के फायदे (Benefits of jaggery) जॉइंट पेन में भी देखने को मिले हैं। अगर आपको ज्वाइंट्स में दर्द की समस्या है तो जैगरी खाने से राहत मिल सकती है। गुड़ के अगर थोड़ी सी मात्रा में अदरक के साथ खाया जाए तो ये जोड़ो के दर्द से राहत दे सकता है। जैगरी को दूध के साथ खाने में बोन्स को ताकत मिलती है और ज्वाइंट्स की प्रॉब्लम से भी राहत मिलती है। जिन लोगों को अर्थराइटिस की समस्या होती है उनके लिए गुड़ खाना फायदेमंद साबित हो सकता है। जैगरी की कितनी मात्रा खानी चाहिए, इस बारे में डॉक्टर से सलाह करना बहुत जरूरी है।

    और पढ़ें: अपनी डायट में शामिल करें ये 7 चीजें, वायरल इंफेक्शन से रहेंगे कोसों दूर

    शुगर प्रॉब्लम (Sugar) है तो ध्यान रखें

    जैगरी में बहुत सारे हेल्थ बेनेफिट्स के साथ ही मीठापन भी होता है जो शुगर पेशेंट (Sugar patients) के लिए सही नहीं होगा। अगर कोई शुगर पेशेंट है तो उसको गुड़ लेने से पहले एक बार डॉक्टर से जरूर पूछ लेना चाहिए। जैगरी खाने से ब्लड में शुगर लेवल बढ़ जाता है। साथ ही किसी भी प्रकार की हेल्थ कंडीशन होने पर भी एक बार डॉक्टर से संपर्क करना सही रहेगा।

    जैगरी की कितनी मात्रा लेनी चाहिए और कितनी नहीं, इस बारे में एक बार डॉक्टर से जानकारी जरूर लें। उम्मीद है इस आर्टिकल में आपको गुड़ के फायदे (Benefits of jaggery) समझ आ गए होंगे। हालांकि, किसी बीमारी में गुड़ की अधिक मात्रा लेने से संभावित नुकसान के बारे में भी डॉक्टर से परामर्श करें।

    हैलो हेल्थ ग्रुप हेल्थ सलाह, निदान और इलाज इत्यादि सेवाएं नहीं देता।

    के द्वारा मेडिकली रिव्यूड

    डॉ. हेमाक्षी जत्तानी

    डेंटिस्ट्री · Consultant Orthodontist


    Bhawana Awasthi द्वारा लिखित · अपडेटेड 11/01/2022

    advertisement
    advertisement
    advertisement
    advertisement