5 फूड्स जो लेबर पेन को एक्साइट करने का काम करते हैं

By Medically reviewed by Dr. Shruthi Shridhar

कई महिलाओं की डिलिवरी डेट करीब आने के बाद भी लेबर पेन समय पर शुरू हो नहीं पाता। ऐसे में डिलिवरी लेट हो जाती है और कॉम्प्लिकेशंस बढ़ने की संभावना रहती है। डॉक्टर्स के मुताबिक ऐसी मुश्किल से बचने के उपाय में कुछ फूड्स महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ये लेबर पेन को इंड्यूस यानी उकसाने का काम करते हैं।

आपके द्वारा खाया जाने वाला भोजन आपके बच्चे के स्वास्थ्य को भी निर्धारित करता है और यह लेबर पेन (प्रसव पीड़ा) को उकसाने में भी मदद कर सकता है। यहां कुछ खाद्य पदार्थ हैं जो प्राकृतिक इंड्यूसर्स के रूप में कार्य करते हैं, लेकिन उचित मार्गदर्शन के लिए स्त्री रोग विशेषज्ञ से परामर्श करने की सलाह दी जाती है।

इन फूड्स की मदद से लेबर पेन जल्दी शुरू हो सकता है:

1) अनानास

अनानास विटामिन, खनिज और एंटीऑक्सिडेंट्स का स्रोत होता है। शिशु के लिए मां का गर्भ घर की तरह होता है और गर्भाशय-ग्रीवा घर के मोटे दरवाजे की तरह जो इसे ढंककर और सुरक्षित रखती है। अनानास में ब्रोमेलैन नामक एक एंजाइम होता है जो गर्भाशय ग्रीवा की दीवारों को सॉफ्ट बनाता है। जो गर्भाशय को कॉन्ट्रैक्ट करने का कारण बनता है और जो लेबर को ट्रिगर करता है। आप अनानास को स्लाइस में काट सकते हैं या अनानास के रस का सेवन कर सकते हैं। इससे प्रसव पीड़ा को उकसाने में मदद मिलती है।

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2) मसालेदार भोजन

मसालेदार भोजन पाचन प्रक्रिया को गति देता है क्योंकि यह गट्स को इरीटेट करता है जो गर्भाशय के ठीक ऊपर स्थित होते हैं, जिससे यह सिकुड़ता है। मसालेदार भोजन प्रोस्टाग्लैंडीन नामक एक विशिष्ट हॉर्मोन को डिस्चार्ज करता है जो मांसपेशियों को नीचे लाता है और लेबर पेन को उत्तेजित करता है।

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3) लहसुन

अपच या डाइजेशन को ठीक करने के लिए लहसुन एक उत्कृष्ट स्रोत है। यह लेबर इंड्यूस करने के लिए सबसे अच्छे उत्प्रेरक के रूप में काम करता है। बेहतर पाचन के लिए हमेशा खाली पेट लहसुन के 2 टुकड़े खाने की सलाह दी जाती है। यह आंतों के बॉवेल मूवमेंट्स को गति देता है, जो मलाशय को साफ करने में मदद करता है। इसके अलावा बॉवेल मूवमेंट्स की बढ़ी हुई गति गर्भाशय को संकुचन की ओर ले जाती है जो प्रसव पीड़ा में लेबर को प्रेरित करती है।

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4) लाल रास्पबेरी के पत्तों की चाय

रासबेरी की पत्तियों में हर्बल गुण होते हैं। जो गर्भाशय की दीवारों को काम करने में मदद करते हैं। जिससे संकुचन होता है। 32 सप्ताह के बाद ही लाल रासबेरी पत्ती की चाय का सेवन करने की सलाह दी जाती है। इसे अपने आहार में शामिल करने से पहले, अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर करें। रासबेरी चाय के अत्यधिक सेवन से डीहाइड्रेशन और दस्त भी हो सकते हैं।

5) फाइबर से समृद्ध फूड्स

कब्ज एक बड़ी समस्या है जो लेबर होने में देरी का कारण बन सकती है। जब आप प्रेग्नेंसी के दौरान कब्ज से पीड़ित होती हैं तो गर्भ में बच्चे के हिलने-डुलने के लिए कोई जगह नहीं बचती। कब्ज से छुटकारा पाने का सबसे अच्छा तरीका उन खाद्य पदार्थों को खाना है जो फाइबर से भरपूर होते हैं। प्रेग्नेंसी के आखिरी हफ्तों के दौरान ड्राई फ्रूट्स, फल और सब्जियां जैसे केला, संतरा, सेब और आम जैसे खाद्य पदार्थ लेबर पेन शुरू करने में मदद कर सकते हैं।

लेबर एक नैचुरल प्रक्रिया है और यह स्वाभाविक रूप से होता है, लेकिन ये फूड्स लेबर प्रक्रिया को थोड़ा पहले शुरू करने में मदद कर सकते हैं। मुस्कुरानाना और तनाव कम लेना भी महत्वपूर्ण है ताकि आपके शिशु के लिए बिना किसी बाधा या प्रसव पीड़ा के आगे बढ़ना आसान हो जाए।

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रिव्यू की तारीख नवम्बर 8, 2019 | आखिरी बार संशोधित किया गया नवम्बर 9, 2019